अनूपपुर में मालगाड़ी की पिकअप वैन से टक्कर: 25 वर्षीय रवि बर्मन की मौत, 6 घायल
सारांश
मुख्य बातें
मध्य प्रदेश के अनूपपुर जिले में 23 अक्टूबर 2026 की देर रात एक बिना गेट वाली रेलवे क्रॉसिंग पर मालगाड़ी की पिकअप वैन से टक्कर में 25 वर्षीय रवि बर्मन की मौत हो गई और छह अन्य लोग घायल हो गए। घटना चचाई थाना क्षेत्र के संजय नगर डबल स्टोरी के पास हुई, जहाँ अमरकंटक थर्मल पावर प्लांट के लिए कोयला ले जाने वाली एक मालगाड़ी ने सात लोगों से भरी पिकअप वैन को टक्कर मार दी।
हादसे का घटनाक्रम
पुलिस के अनुसार, पिकअप वैन में सवार सातों लोग चकेथी गांव के निवासी थे और डीजे का सामान पहुँचाकर वापस लौट रहे थे। क्रॉसिंग पर न कोई रेलवे गेट था, न गेटकीपर। ट्रेन को आते देख कुछ लोग वाहन से कूद गए, लेकिन रवि बर्मन गाड़ी के अंदर ही फँसे रहे और मौके पर ही उनकी मौत हो गई। टक्कर इतनी भीषण थी कि उनका सिर धड़ से अलग हो गया। बाद में जेसीबी मशीन की मदद से शव को बाहर निकाला गया।
घायलों की स्थिति
पिकअप चालक समेत छह घायलों को अनूपपुर जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया। घायलों की पहचान अर्जुन कोल (17), विकास सिंह (22), शिवम बैगा (18), कन्हैया वर्मा (25), करण कोल (19) और राजेश सिंह (26) के रूप में हुई है। प्रशासन ने बताया कि गंभीर घायलों को बेहतर उपचार के लिए जबलपुर भेजा जाएगा।
रेलवे सुरक्षा पर सवाल
यह हादसा कोयला ढोने वाली रेलवे लाइन पर सुरक्षा इंतज़ामों को लेकर गंभीर सवाल खड़े करता है। पिकअप चालक ने स्पष्ट किया कि क्रॉसिंग पर न गेट था, न कोई चेतावनी व्यवस्था। इसके अलावा, यह भी बताया जा रहा है कि ट्रेन का लोको पायलट इंजन चालू छोड़कर घटनास्थल से भाग गया, जिससे मामले की जाँच और जटिल हो गई है। गौरतलब है कि बिना गेट वाली रेलवे क्रॉसिंगें देश भर में हादसों का बड़ा कारण बनती रही हैं।
प्रशासन की प्रतिक्रिया
अनूपपुर के सब-डिविजनल ऑफिसर ऑफ पुलिस (एसडीओपी) सुजीत कुमार ने बताया कि शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा जाएगा और 'दुर्घटना से मौत' का मामला दर्ज किया जाएगा। उन्होंने कहा, 'जाँच के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी।' जिला प्रशासन, पुलिस, ग्रामीणों और अमरकंटक थर्मल पावर प्लांट के प्रतिनिधियों की बैठक में आश्वासन दिया गया कि नियमों के अनुसार मुआवज़ा दिया जाएगा और क्रॉसिंग पर गेट लगाया जाएगा।
परिवार की माँगें
मृतक रवि बर्मन के परिजनों ने उचित मुआवज़े की माँग करते हुए पावर प्लांट में उनके किसी एक भाई को नौकरी देने की माँग रखी है। यह मामला एक बार फिर यह रेखांकित करता है कि औद्योगिक रेलवे मार्गों पर सुरक्षित क्रॉसिंग सुनिश्चित करना कितना ज़रूरी है।