टाइगर श्रॉफ पर फायरिंग से बॉलीवुड सहमा, पूनम पांडे बोलीं — 'ऐसी मौत नहीं मरना'
सारांश
मुख्य बातें
अभिनेता टाइगर श्रॉफ पर रविवार, 19 अक्टूबर 2026 को मुंबई में हुई फायरिंग की घटना ने फिल्म उद्योग में गहरी बेचैनी पैदा कर दी है। अभिनेत्रियों पूनम पांडे, नीतू चंद्रा, कुनिका सदानंद और उर्वशी रौतेला ने इस हमले पर खुलकर चिंता जताई है और मुंबई की सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल उठाए हैं। गौरतलब है कि मुंबई को देश के सबसे सुरक्षित महानगरों में गिना जाता रहा है, लेकिन हाल की घटनाओं ने इस धारणा को झकझोर दिया है।
पूनम पांडे का बयान: 'डर तो लगता है'
अभिनेत्री पूनम पांडे ने कहा कि घटना की खबर सुनकर वह कुछ देर के लिए पूरी तरह सन्न रह गईं। उन्होंने कहा, 'कल मैं एक दुर्गा पंडाल में थी। जब मीडिया के कुछ दोस्तों ने मुझे इस घटना के बारे में बताया, तो मैं दो मिनट के लिए पूरी तरह सन्न रह गई। आज सुबह से ही मैं उन दो लड़कों के बारे में खबरें देख रही हूं। फुटेज में वे बिल्कुल दुबले-पतले और कम उम्र के लग रहे थे — वे उन गैंगस्टर्स की तरह बिल्कुल नहीं दिख रहे थे जिन्हें हम फिल्मों में देखते हैं।'
पांडे ने कहा कि टाइगर श्रॉफ हमेशा विवादों से दूर रहे हैं और उनकी किसी से दुश्मनी की कोई वजह नहीं दिखती। उन्होंने लॉरेंस बिश्नोई से जुड़े सवाल पर सीधे कहा, 'डर तो लगता है न। ऐसी मौत नहीं मरना चाहते। हमारे इवेंट्स में सुरक्षाकर्मी होते हैं, लेकिन हम हर जगह सुरक्षा लेकर नहीं जाते।' उन्होंने मुंबई पुलिस पर भरोसा जताते हुए दोषियों को सख्त सजा की माँग की।
नीतू चंद्रा का बयान: 'मुझे लगा यह झूठ है'
अभिनेत्री नीतू चंद्रा ने कहा कि शुरुआत में उन्हें इस खबर पर विश्वास ही नहीं हुआ। उनके शब्दों में, 'मुझे लगा कि यह झूठ है, क्योंकि ऐसा हो ही नहीं सकता। मुंबई खासकर बहुत सुरक्षित जगह है — यहीं से मैंने करीब 20 साल पहले अपना करियर शुरू किया था। लेकिन जब पूरी जानकारी मिली, तो बहुत डर लगने लगा।'
चंद्रा ने बाबा सिद्दीकी की हत्या का भी ज़िक्र किया और कहा कि उस घटना के बाद भी मनोरंजन जगत के लोग काफी घबरा गए थे। उन्होंने महाराष्ट्र पुलिस से अपील की कि कलाकारों और आम नागरिकों को दोबारा सुरक्षित महसूस कराया जाए। नीतू ने यह भी सुझाव दिया कि कलाकारों को अब परिवार और बॉडीगार्ड्स के साथ ही बाहर निकलने पर विचार करना चाहिए।
कुनिका सदानंद और उर्वशी रौतेला की अपील
अभिनेत्री कुनिका सदानंद ने बॉलीवुड के लोगों से आह्वान किया कि वे कानून-व्यवस्था के मुद्दे पर चुप न रहें। उन्होंने कहा, 'अब बॉलीवुड के लोगों को जाग जाना चाहिए। जब आप सरकार का समर्थन करते हैं, तो आपको यह भी सोचना चाहिए कि सरकार आपके लिए क्या कर रही है। आम लोग टिकट खरीदकर सिनेमा देखने आते हैं — उनकी सुरक्षा के लिए भी आवाज उठाना जरूरी है।'
अभिनेत्री उर्वशी रौतेला ने कहा कि यह खबर उनके लिए बेहद परेशान करने वाली है। उन्होंने कहा, 'मेरी संवेदनाएं, हिम्मत और प्रार्थनाएं टाइगर और उनके परिवार के साथ हैं। मुझे पूरी उम्मीद है कि प्रशासन इस मामले में बहुत जल्द कार्रवाई करेगा।'
राजनीतिक प्रतिक्रिया
भारतीय जनता पार्टी (BJP) के सांसद मनोज तिवारी ने घटना की कड़ी निंदा करते हुए कहा, 'यह बहुत ही दुखद घटना है। भगवान की कृपा से टाइगर बिल्कुल सुरक्षित हैं, लेकिन फिर भी इसके दोषियों को बख्शा नहीं जाएगा।'
सुरक्षा पर उठते सवाल और आगे की राह
यह ऐसे समय में आया है जब बाबा सिद्दीकी की हत्या के बाद से ही मुंबई में फिल्मी हस्तियों की सुरक्षा पर बहस जारी है। आलोचकों का कहना है कि गैंगस्टर नेटवर्क का बढ़ता दबदबा और खुले में हमले की यह प्रवृत्ति महानगरीय सुरक्षा तंत्र की कमज़ोरियों को उजागर करती है। मुंबई पुलिस ने मामले में कार्रवाई का आश्वासन दिया है। आने वाले दिनों में यह देखना महत्वपूर्ण होगा कि प्रशासन मनोरंजन जगत की हस्तियों की सुरक्षा के लिए क्या ठोस कदम उठाता है।