इलाहाबाद हाईकोर्ट में आज श्री कृष्ण जन्मभूमि और शाही ईदगाह विवाद पर महत्वपूर्ण सुनवाई
सारांश
Key Takeaways
- इलाहाबाद हाईकोर्ट में महत्वपूर्ण सुनवाई आज होगी।
- हिंदू पक्ष ने शाही ईदगाह मस्जिद को अतिक्रमण घोषित करने की मांग की है।
- मामला धार्मिक और ऐतिहासिक दृष्टि से संवेदनशील है।
- लगभग 18 मुकदमे इस विवाद से संबंधित हैं।
- सुनवाई जस्टिस अवनीश सक्सेना की बेंच द्वारा की जाएगी।
प्रयागराज, 10 अप्रैल (राष्ट्र प्रेस)। मथुरा में विवादास्पद श्री कृष्ण जन्मभूमि और शाही ईदगाह मस्जिद के बीच का मामला इलाहाबाद हाईकोर्ट में शुक्रवार को महत्वपूर्ण सुनवाई के लिए प्रस्तुत किया जाएगा। यह सुनवाई दोपहर 2 बजे निर्धारित की गई है, जिसमें मंदिर और मस्जिद के प्रतिनिधि अपनी बातें साझा करेंगे।
वास्तव में, इस मामले में अक्टूबर 2023 से विभिन्न याचिकाओं की सुनवाई जारी है। अब तक इस विवाद से संबंधित लगभग 18 मुकदमे कोर्ट में दायर किए जा चुके हैं। इन याचिकाओं में हिंदू पक्ष ने मांग की है कि शाही ईदगाह मस्जिद को अतिक्रमण घोषित कर दिया जाए और भूमि को मंदिर पक्ष को सौंपा जाए। इसके साथ ही, श्री कृष्ण जन्मभूमि मंदिर के जीर्णोद्धार और स्थायी निषेधाज्ञा की भी मांग की गई है।
इस मामले की सुनवाई जस्टिस अवनीश सक्सेना की एकल बेंच द्वारा की जा रही है। आज की सुनवाई में कई महत्वपूर्ण मुद्दों पर चर्चा की उम्मीद है, जिसमें विभिन्न एप्लीकेशनों का निस्तारण और संशोधित प्रार्थना पत्रों पर जवाब दाखिल करना शामिल है।
हिंदू पक्ष के वकील का कहना है कि आज की सुनवाई अत्यंत महत्वपूर्ण है। उनके अनुसार, केस नंबर 3 में आर्कियोलॉजिकल सर्वे ऑफ इंडिया (एएसआई) भी अपना जवाब प्रस्तुत करेगा। हिंदू पक्ष का दावा है कि 1670 में मुगल बादशाह औरंगजेब ने यहाँ मंदिर को तोड़कर मस्जिद का निर्माण कराया था और भगवान कृष्ण की मूर्ति को आगरा ले जाया गया था।
वकील ने यह भी आरोप लगाया कि मस्जिद पक्ष की ओर से बार-बार नई एप्लीकेशन्स देकर मामले को लंबा खींचने का प्रयास किया जा रहा है, जिससे सुनवाई सही तरीके से आगे नहीं बढ़ पा रही है। उन्होंने न्यायालय से अनुरोध किया है कि इस मामले में एक निश्चित समय-सीमा निर्धारित की जाए ताकि केस की सुनवाई तेजी से हो सके और निर्णय शीघ्र आए।
यह मामला न केवल कानूनी दृष्टि से बल्कि धार्मिक और ऐतिहासिक दृष्टि से भी अत्यंत संवेदनशील माना जाता है, इसलिए सभी पक्ष इस सुनवाई पर ध्यान केंद्रित कर रहे हैं।