क्या गणतंत्र दिवस 2026 पर कर्तव्य पथ पर 10,000 विशेष अतिथि होंगे शामिल?
सारांश
Key Takeaways
- गणतंत्र दिवस परेड में 10,000 विशेष मेहमान शामिल होंगे।
- इसमें विभिन्न क्षेत्रों के उत्कृष्ट व्यक्तियों को आमंत्रित किया गया है।
- पर्यटन स्थलों की यात्रा और मंत्री से बातचीत का अवसर मिलेगा।
- परेड में सांस्कृतिक विविधता का अद्भुत प्रदर्शन होगा।
- इस आयोजन का उद्देश्य जन भागीदारी को बढ़ाना है।
नई दिल्ली, 19 जनवरी (राष्ट्र प्रेस)। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के रेडियो कार्यक्रम 'मन की बात' में भाग लेने वाले लोग, कर्तव्य भवन के निर्माण में लगे श्रमिक, लखपति दीदी और विभिन्न क्षेत्रों से लगभग 10,000 अन्य विशेष मेहमान गणतंत्र दिवस परेड का आनंद लेंगे। इस संबंध में एक अधिकारी ने सोमवार को जानकारी दी।
रक्षा मंत्रालय के अधिकारियों ने बताया कि 26 जनवरी को नई दिल्ली में आयोजित होने वाली 77वीं गणतंत्र दिवस परेड में उन मेहमानों को शामिल किया गया है, जिन्होंने रोजगार और आय सृजन में उत्कृष्ट कार्य किए हैं।
इसमें उत्कृष्ट इनोवेटर, रिसर्चर और स्टार्ट-अप के साथ ही सेल्फ-हेल्प ग्रुप और सरकारी योजनाओं में बेहतरीन प्रदर्शन करने वाले लोग भी शामिल हैं।
गणतंत्र दिवस परेड में यूरोपियन काउंसिल के अध्यक्ष एंटोनियो कोस्टा और यूरोपियन कमीशन की अध्यक्ष उर्सुला वॉन डेर लेयेन मुख्य अतिथि के रूप में शामिल होंगे।
एक आधिकारिक बयान में कहा गया है कि 10,000 विशेष मेहमानों को राष्ट्र निर्माण में उनके योगदान की सराहना करने और राष्ट्रीय महत्व के कार्यक्रमों में 'जन भागीदारी' को बढ़ावा देने के लिए आमंत्रित किया गया है।
इसमें विश्व एथलेटिक पैरा चैंपियनशिप के विजेताओं, प्राकृतिक खेती करने वाले किसानों, और दलहन आत्मनिर्भरता मिशन के तहत सब्सिडी प्राप्त करने वाले किसानों को भी आमंत्रित किया गया है।
इसके अलावा पीएम स्माइल (आजीविका और उद्यम के लिए हाशिए पर पड़े व्यक्तियों के लिए सहायता) योजना के तहत ट्रांसजेंडर और बेघर लोग, इसरो के हालिया मिशनों में उत्कृष्ट योगदान देने वाले वैज्ञानिक और अटल इनोवेशन मिशन के तहत प्रशिक्षित छात्र शामिल होंगे।
गणतंत्र दिवस परेड में रक्षा मंत्रालय के अनुसार, 'वंदे मातरम' के 150 साल, भारत की सैन्य शक्ति और 30 जीवंत झांकियों के माध्यम से सांस्कृतिक विविधता का अद्भुत संगम देखने को मिलेगा।
पिछले वर्ष ऑपरेशन सिंदूर के बाद होने वाली पहली गणतंत्र दिवस परेड में अत्याधुनिक रक्षा प्लेटफार्मों और 29 विमानों का शानदार प्रदर्शन होगा।