वृंदा करात ने चुनाव आयोग से हिमंता बिस्वा सरमा को अयोग्य ठहराने की मांग की
सारांश
Key Takeaways
- वृंदा करात ने हिमंता बिस्वा सरमा को अयोग्य ठहराने की मांग की।
- सरमा पर संविधान के खिलाफ काम करने का आरोप।
- भाजपा की सरकार बनने की संभावना पर सवाल।
बजाली, ६ अप्रैल (राष्ट्र प्रेस)। असम विधानसभा चुनाव का मुकाबला और भी दिलचस्प होता जा रहा है। सत्तारूढ़ दल और विपक्ष एक दूसरे पर बयानबाजी कर रहे हैं। इसी क्रम में, सीपीआई (एम) की नेता वृंदा करात ने चुनाव आयोग से मुख्यमंत्री हिमंता बिस्वा सरमा को अयोग्य घोषित करने की अपील की।
वृंदा करात, जो सीपीआई (एम) की पोलित ब्यूरो की सदस्य हैं, ने मीडिया से बातचीत में कहा, "बजाली सीट पर हमारे उम्मीदवार एक बड़े अंतर से जीत हासिल करेंगे। जिस तरह से हिमंता बिस्वा सरमा संविधान के खिलाफ काम कर रहे हैं, वह न केवल मुसलमानों के खिलाफ है, बल्कि आदिवासियों और दलितों के खिलाफ भी है, जो असम के आम नागरिक हैं। वह उनके सभी अधिकारों को छीन रहे हैं। हाल ही में यह खबर आई है कि हिमंता बिस्वा सरमा ने हमारे देश को लूटा है और उनकी पत्नी के पास तीन पासपोर्ट हैं। दुबई में उनकी दो संपत्तियां हैं और एक संपत्ति अमेरिका में है। हमारे देश के कानून के अनुसार, उम्मीदवारों के नामांकन पत्र में संपत्तियों का उल्लेख होना चाहिए, लेकिन हिमंता बिस्वा सरमा ने कानून और असम की जनता के साथ धोखा किया है। मुख्यमंत्री ने गरीबों को लूटकर संपत्ति बनाई है।"
वृंदा करात ने आगे कहा कि चुनाव आयोग को हिमंता बिस्वा सरमा को अयोग्य घोषित करना चाहिए। वैसे भी इस बार जनता उन्हें चुनाव में अयोग्य ठहराएगी।"
जब हिमंता बिस्वा सरमा ने पासपोर्ट को फर्जी बताया, तो करात ने कहा, "कोई भी अपराधी अपनी गलती नहीं मानता। अगर पासपोर्ट फर्जी हैं, तो विदेश में करोड़ों की संपत्ति और कंपनियां क्या हैं। इसलिए उन्हें कानून के अनुसार अयोग्य ठहराया जाना चाहिए और नैतिकता के आधार पर मुख्यमंत्री को अपने पद से इस्तीफा दे देना चाहिए।"
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के असम दौरे पर वृंदा करात ने कहा, "प्रधानमंत्री जहां भी जाते हैं, वह झूठ की फैक्ट्री लेकर जाते हैं। जब वह उद्योग नहीं चला सकते, तो झूठ की फैक्ट्री चलाते हैं।"
इसके साथ ही करात ने दावा किया कि इस बार असम में भाजपा की सरकार नहीं बनेगी।