आईएसएल नए कमर्शियल मॉडल पर ह्नामटे: 'क्लबों को मिलेगी ज़िम्मेदारी, खिलाड़ी और फैंस दोनों को होगा फायदा'
सारांश
मुख्य बातें
स्पोर्टिंग क्लब दिल्ली के मिडफील्डर लालरिनलियाना ह्नामटे ने 8 अक्टूबर 2026 को कहा कि इंडियन सुपर लीग (आईएसएल) का नया क्लब-लेड कमर्शियल मॉडल लीग में निवेश और दिलचस्पी दोनों को बढ़ावा दे सकता है। उनके अनुसार, यह बदलाव खिलाड़ियों और फैंस — दोनों के नज़रिए से एक बड़ा और सकारात्मक बदलाव साबित होगा।
नया कमर्शियल ढाँचा क्या है
आईएसएल 2026-27 सीजन एक नए कमर्शियल ढाँचे के साथ शुरू होने जा रहा है। जुलाई 2026 में अखिल भारतीय फुटबॉल महासंघ (एआईएफएफ) और लीग क्लबों के बीच हुए एक समझौते के तहत लीग के व्यावसायिक अधिकार अब क्लबों को सौंपे जाएँगे। हालाँकि, प्रशासनिक और नियामकीय नियंत्रण पहले की ही तरह एआईएफएफ के पास बना रहेगा।
इस व्यवस्था का मुख्य उद्देश्य क्लबों को लीग के वित्तीय और व्यावसायिक विकास में अधिक भागीदार बनाना है। माना जा रहा है कि इससे क्लब अपने राजस्व बढ़ाने, नए प्रायोजक आकर्षित करने और लीग को अधिक पेशेवर रूप से संचालित करने में सक्षम होंगे।
ह्नामटे का नज़रिया
पत्रकारों से बातचीत के दौरान ह्नामटे ने कहा, 'मुझे ज़्यादा तो नहीं पता, लेकिन इससे दिलचस्पी बढ़ेगी क्योंकि क्लब अधिक पैसे खर्च करने और क्लब का बेहतर ध्यान रखने के लिए तैयार होंगे। इसलिए एक फैन और खिलाड़ी के तौर पर यह एक बहुत बड़ा फर्क और बहुत बड़ा बदलाव होगा।'
ह्नामटे पिछले सीजन से पहले चेन्नई एफसी से एससी दिल्ली में शामिल हुए हैं। उनका कहना है कि वे मानसिक और शारीरिक रूप से पूरी तरह तैयार हैं और इस अभियान को लेकर उनका आत्मविश्वास चरम पर है।
एससी दिल्ली की महत्वाकांक्षाएँ
ह्नामटे ने स्पष्ट किया कि एससी दिल्ली इस सीजन केवल प्रतिस्पर्धा करने नहीं, बल्कि आईएसएल खिताब जीतने की नीयत से उतर रही है। उन्होंने कहा, 'यह सीजन सबसे अच्छे सीजन में से एक है। मैं मानसिक और शारीरिक रूप से तैयार हूँ। हम यहाँ सिर्फ मुकाबला करने के लिए नहीं आए हैं, हम लीग जीतने की कोशिश कर रहे हैं।'
उन्होंने टीम की युवा संरचना पर भी जोर दिया। ह्नामटे के अनुसार, 'हमारी टीम बहुत युवा है, लेकिन हम ट्रॉफी जीतने के लिए बहुत उत्साहित हैं। मुझे लगता है कि यह हमारे लिए बहुत अच्छा रहेगा और हमारा सीजन शानदार होगा।' गौरतलब है कि पिछले सीजन में एससी दिल्ली महज दो जीत के साथ तालिका में 12वें स्थान पर रही थी, इसलिए इस बार टीम की कायापलट की परीक्षा भी होगी।
कोच चोर्ज का वर्कलोड पर बयान
एससी दिल्ली के हेड कोच टोमाज चोर्ज ने कहा कि हाल ही में संपन्न हुए अंतरराष्ट्रीय मैचों से क्लब को कोई अतिरिक्त वर्कलोड समस्या नहीं हुई, क्योंकि इस दौरान उनका कोई भी खिलाड़ी भारतीय राष्ट्रीय टीम में शामिल नहीं था।
चोर्ज ने कहा, 'हमारे मामले में कोई समस्या नहीं है। जाहिर है कि दूसरी टीमों को वर्कलोड मैनेज करना होगा, क्योंकि कुछ खिलाड़ी कम समय में बहुत मजबूत विरोधियों के खिलाफ कई मैच खेले हैं।' यह ऐसे समय में प्रासंगिक है जब कई अन्य आईएसएल क्लबों के भारतीय खिलाड़ी हाल ही में ब्राजील जैसी शीर्ष टीमों के खिलाफ फ्रेंडली मैचों में भाग लेकर लौटे हैं।
हालाँकि, कोच ने उन खिलाड़ियों के लिए इस अनुभव की अहमियत भी स्वीकार की जो राष्ट्रीय टीम में खेले। उन्होंने कहा, 'जो खिलाड़ी इन मैचों में खेले, उनके लिए यह निश्चित रूप से एक मूल्यवान अनुभव है।'
आगे क्या
आईएसएल 2026-27 सीजन इस बार पूरी तरह होम-एंड-अवे फॉर्मेट में खेला जाएगा और इसमें एक प्लेऑफ चरण भी शामिल होगा, जिससे मुकाबले और अधिक रोमांचक होने की उम्मीद है। एससी दिल्ली अपने सीजन की शुरुआत बेंगलुरु एफसी के खिलाफ करेगी — और पिछले सीजन के निराशाजनक प्रदर्शन के बाद यह मैच टीम के नए अध्याय की पहली परीक्षा होगी।