नेमार फीफा वर्ल्ड कप 2026 में 'रिमोट वर्कर': ब्राजील के राष्ट्रपति लूला का तीखा मज़ाक वायरल
सारांश
मुख्य बातें
फीफा वर्ल्ड कप 2026 में ब्राजील के स्टार फॉरवर्ड नेमार की चोट के कारण लगातार गैरमौजूदगी अब राजनीतिक गलियारों तक पहुँच गई है। ब्राजील के राष्ट्रपति लुइज इनासियो लूला डा सिल्वा ने एक सार्वजनिक कार्यक्रम में मज़ाकिया लहजे में कहा, नेमार 'दुनिया के पहले ऐसे खिलाड़ी हैं जिन्हें रिमोट वर्क के लिए बुलाया गया है।' यह टिप्पणी 20 जून 2026 को सोशल मीडिया और ब्राजीलियाई मीडिया में तेज़ी से वायरल हो गई।
मैदान से बाहर क्यों हैं नेमार
34 वर्षीय नेमार को 17 मई को अपने क्लब सैंटोस के लिए खेलते समय पिंडली में ग्रेड-2 चोट लगी थी। इस चोट के चलते वह वर्ल्ड कप के शुरुआती दोनों मैचों — मोरक्को के खिलाफ और हाईती के खिलाफ — में मैदान पर नहीं उतर सके। मेडिकल टीम ने अभी तक उन्हें प्रतिस्पर्धी मैच खेलने की अनुमति नहीं दी है।
ब्राजील के प्रदर्शन पर असर
ग्रुप सी में मोरक्को के खिलाफ ब्राजील का पहला मैच 1-1 से ड्रॉ रहा, जिसमें टीम आक्रमण में वह धार नहीं दिखा सकी जिसके लिए ब्राजीलियाई फुटबॉल को जाना जाता है। आलोचकों का कहना है कि नेमार की अनुपस्थिति में टीम को गोल के मौके कम मिले और खेल की लय बिखरी नज़र आई।
कोच एंसेलोटी का बचाव
ब्राजील के मुख्य कोच कार्लो एंसेलोटी अपने फैसले पर कायम हैं। उनका मानना है कि नेमार महज एक खिलाड़ी नहीं, बल्कि टीम के सबसे अनुभवी और प्रभावशाली सदस्यों में से एक हैं। एंसेलोटी के अनुसार बड़े टूर्नामेंट में नेमार का अनुभव और नेतृत्व टीम के लिए अमूल्य है। हालांकि, आलोचकों का कहना है कि किसी पूरी तरह फिट खिलाड़ी को टीम में शामिल करना ज़्यादा व्यावहारिक होता।
वापसी की उम्मीद
रिपोर्टों के अनुसार, नेमार अब हल्की ट्रेनिंग और टीम के साथ कुछ अभ्यास सत्रों में हिस्सा लेने लगे हैं। उम्मीद जताई जा रही है कि यदि फिटनेस में सुधार जारी रहा तो वह 24 जून को स्कॉटलैंड के खिलाफ ब्राजील के अंतिम ग्रुप मैच में मैदान पर वापस लौट सकते हैं।
नेमार का वर्ल्ड कप रिकॉर्ड
नेमार ब्राजील के लिए सर्वाधिक 79 अंतरराष्ट्रीय गोल करने वाले खिलाड़ी हैं और इस मामले में महान पेले को भी पीछे छोड़ चुके हैं। यह उनका चौथा वर्ल्ड कप है — इससे पहले वह 2014, 2018 और 2022 के विश्व कप में ब्राजील का प्रतिनिधित्व कर चुके हैं और कुल 8 गोल दर्ज कर चुके हैं। गौरतलब है कि 2014 और 2022 दोनों विश्व कपों में चोट ने उनके अभियान को प्रभावित किया था, जिससे यह पैटर्न एक बार फिर दोहराता दिख रहा है।