मरीना बीच पर आदि अमावस्या — पितरों की मुक्ति के लिए तर्पण

चेन्नई के मरीना बीच पर 12 अगस्त 2026 (बुधवार) को आदि अमावस्या के अवसर पर श्रद्धालुओं ने अपने पूर्वजों की आत्मा की शांति और मोक्ष के लिए विधिवत तर्पण एवं पिंडदान किए — यह तस्वीर राष्ट्र प्रेस की है।

तमिलनाडु के चेन्नई में मरीना बीच पर आदि अमावस्या के दिन हज़ारों श्रद्धालु एकत्र हुए और अपने पितरों की मुक्ति के लिए हिंदू परंपरा के अनुसार तर्पण कर्म संपन्न किए — यह अनुष्ठान 12 अगस्त 2026 को हुआ।

आदि अमावस्या — तमिल कैलेंडर के 'आदि' माह में पड़ने वाली अमावस्या — पर चेन्नई के मरीना बीच पर श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ी और पूर्वजों की आत्मा की शांति के लिए 12 अगस्त 2026 को विशेष धार्मिक कर्मकांड किए गए।

मरीना बीच, चेन्नई में आदि अमावस्या पर श्रद्धालुओं ने समुद्र के किनारे जल तर्पण और पिंडदान जैसे पारंपरिक हिंदू अनुष्ठान संपन्न किए, जो पूर्वजों की आत्मा को मोक्ष दिलाने की प्राचीन परंपरा का हिस्सा हैं।

तमिलनाडु में आदि अमावस्या एक प्रमुख धार्मिक अवसर है, जब लोग अपने दिवंगत पूर्वजों को श्रद्धांजलि देने के लिए समुद्र तटों — विशेषकर चेन्नई के मरीना बीच — पर एकत्र होते हैं और विधिवत अनुष्ठान करते हैं।

12 अगस्त 2026 को चेन्नई के मरीना बीच पर युवा और वृद्ध दोनों पीढ़ियों के श्रद्धालुओं ने आदि अमावस्या पर पितृ तर्पण की सदियों पुरानी परंपरा को जीवित रखते हुए अनुष्ठान संपन्न किए — यह रिपोर्ट राष्ट्र प्रेस की है।

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