ITO पर मिस्ट स्प्रेयर: धूल और प्रदूषण पर नियंत्रण की कोशिश

नई दिल्ली के ITO पर 24 अक्टूबर 2026 (शनिवार) को मिस्ट स्प्रेयर ने धूल और प्रदूषण को नियंत्रित करने के लिए बारीक पानी की बूंदें छोड़ीं। आंकड़ों के अनुसार, उस दिन दिल्ली की वायु गुणवत्ता 'मध्यम' श्रेणी में बनी रही। (फ़ोटो: राष्ट्र प्रेस/दीपक कुमार)

नई दिल्ली में बढ़ते प्रदूषण से निपटने के लिए ITO पर मिस्ट स्प्रेयर तैनात किए गए हैं, जो हवा में महीन पानी की बूंदें छोड़कर धूल कणों (पार्टिकुलेट मैटर) को नीचे बैठाते हैं। 24 अक्टूबर 2026 को दिल्ली की वायु गुणवत्ता सूचकांक 'मध्यम' श्रेणी में दर्ज की गई। (फ़ोटो: राष्ट्र प्रेस/दीपक कुमार)

अक्टूबर 2026 में दिल्ली की वायु गुणवत्ता 'मध्यम' श्रेणी में बनी हुई है। ITO पर तैनात मिस्ट स्प्रेयर प्रदूषण और धूल को फैलने से रोकने के लिए पानी की बारीक बूंदें वातावरण में छोड़ रहे हैं। (फ़ोटो: राष्ट्र प्रेस/दीपक कुमार)

प्रदूषण नियंत्रण उपाय के तहत नई दिल्ली के व्यस्त ITO चौराहे पर मिस्ट स्प्रेयर से पानी की महीन फुहारें छोड़ी जा रही हैं, जिससे हवा में तैरते धूल कण नीचे आ सकें। शनिवार, 24 अक्टूबर 2026 को दिल्ली का AQI 'मध्यम' श्रेणी में रहा। (फ़ोटो: राष्ट्र प्रेस/दीपक कुमार)

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