अमरावती रोडरेज: मोपेड टक्कर पर विरोध करने पर दो भाइयों पर चाकू से हमला, एक आरोपी गिरफ्तार
सारांश
मुख्य बातें
महाराष्ट्र के अमरावती शहर के फॉरेस्ट कॉलोनी इलाके में 5 अक्टूबर 2026 की रात एक मामूली ट्रैफिक विवाद भयावह रोडरेज में बदल गया, जब गलत दिशा से आ रहे मोटरसाइकिल सवारों ने दो भाइयों पर चाकू से हमला कर दिया। हमले में पीयूष मेश्राम के पेट में चाकू धँसा रह गया और उन्हें गंभीर हालत में आईसीयू में भर्ती कराया गया है। पुलिस ने हत्या की कोशिश का मामला दर्ज कर एक आरोपी क्रिश बनसोड को गिरफ्तार कर लिया है।
घटनाक्रम: कैसे बढ़ा विवाद
थाना फ्रेजरपुरा में दर्ज रिपोर्ट के अनुसार, घटना 5 अक्टूबर की रात करीब 12:15 बजे की है। फिर्यादी स्वप्निल रत्नभोज शिंदे (23 वर्ष), निवासी खुर्शीपार, अपने भाई पीयूष मेश्राम के साथ मोपेड से भंडारा जा रहे थे। फॉरेस्ट कॉलोनी के सामने सड़क पर गलत दिशा से आ रही तीन मोटरसाइकिलों ने उनकी मोपेड को टक्कर मार दी।
टक्कर का विरोध करने पर मोटरसाइकिल सवारों ने झगड़ा शुरू कर दिया और दोनों भाइयों के साथ मारपीट की। विवाद इतना उग्र हुआ कि एक आरोपी ने स्वप्निल शिंदे की बाईं कलाई पर चाकू से वार किया, जबकि दूसरे आरोपी ने पीयूष मेश्राम के पेट पर चाकू से हमला कर दिया। पीयूष के पेट में चाकू धँसा रह गया, जिसके बाद उन्हें तत्काल अस्पताल पहुँचाया गया।
पीड़ितों की स्थिति
पीयूष मेश्राम अभी भी आईसीयू में भर्ती हैं और उनकी हालत नाजुक बताई जा रही है। स्वप्निल शिंदे की कलाई पर आई चोट का भी उपचार जारी है। दोनों को समय पर अस्पताल पहुँचाए जाने से बड़ी अनहोनी टल गई।
सात आरोपी चिह्नित, एक गिरफ्तार
पुलिस जाँच में 7 आरोपियों के नाम सामने आए हैं — सोहम, अंशुल, रामा कैथवास, अथर्व, क्रिश बनसोड, मंजीत और अद्वैत। इनमें से क्रिश बनसोड को गिरफ्तार कर लिया गया है। पुलिस के अनुसार क्रिश पर पहले से ही शरीर के विरुद्ध गंभीर अपराधों के मामले दर्ज हैं।
पुलिस ने शेष फरार आरोपियों को कड़ी चेतावनी दी है कि वे स्वयं कानून के समक्ष उपस्थित हों, अन्यथा उनके विरुद्ध कठोरतम कार्रवाई की जाएगी। साथ ही आरोपियों को पनाह, सहायता या संरक्षण देने वालों पर भी कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
पुलिस टीम की कार्रवाई
यह कार्रवाई पुलिस आयुक्त राकेश ओला, पुलिस उपायुक्त यशवंत सोलंके, परिमंडल-1 और सहायक पुलिस आयुक्त नयन अलुरकर के मार्गदर्शन में वरिष्ठ पुलिस निरीक्षक रविंद्र राजुलवार के नेतृत्व में की गई। टीम में डीबी प्रमुख पीएसआई राहुल महाजन, पीएसआई विश्वजीत सरनाईक, पीएसआई प्रवीण इखार समेत फ्रेजरपुरा पुलिस स्टाफ शामिल रहे।
आगे की स्थिति
यह घटना ऐसे समय में आई है जब महाराष्ट्र के कई शहरों में रोडरेज की घटनाएँ चिंताजनक रूप से बढ़ रही हैं। शेष 6 आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए पुलिस दलों को सक्रिय किया गया है। पीड़ित परिवार को न्याय दिलाने और समाज में भय का माहौल खत्म करने के लिए त्वरित कार्रवाई ज़रूरी है।