क्या ओडिशा के सुंदरगढ़ में दो पक्षों के बीच तनाव के बाद इंटरनेट सेवाएं रोकी गईं?
सारांश
Key Takeaways
- अफवाहों के कारण तनाव की स्थिति उत्पन्न हो सकती है।
- पुलिस ने स्थिति को नियंत्रित करने के लिए इंटरनेट सेवाएं निलंबित कीं।
- स्थानीय प्रशासन ने शांति बनाए रखने की अपील की है।
सुंदरगढ़, 16 जनवरी (राष्ट्र प्रेस)। ओडिशा के सुंदरगढ़ में बीफ रखने की अफवाहों के चलते दो गुटों के बीच झड़प की स्थिति उत्पन्न हो गई है। भड़काऊ और उत्तेजक संदेशों के प्रसार पर रोक लगाने हेतु पुलिस प्रशासन ने क्षेत्र में इंटरनेट सेवाओं को अस्थायी रूप से निलंबित कर दिया है। इसके साथ ही, सुंदरगढ़ जिले के कलेक्टर ने शुक्रवार को स्कूलों और कॉलेजों को बंद करने की भी घोषणा की।
सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार, सुंदरगढ़ जिले में गुरुवार को उस समय तनाव उत्पन्न हुआ, जब मार्केट में एक मांस की दुकान पर कथित रूप से बीफ बेचने की अफवाह फैल गई। इसके बाद, कुछ स्थानीय युवक मौके पर पहुंचकर बीफ की बिक्री का विरोध करने लगे। देखते ही देखते, दोनों पक्षों के लोग बड़ी संख्या में बाजार में जमा हो गए। उनके बीच की बहस जल्दी ही हिंसक हो गई। आरोप है कि दोनों तरफ से पत्थरबाजी की गई।
इस झड़प के दौरान कई वाहन क्षतिग्रस्त हो गए और कुछ दुकानों में तोड़फोड़ की गई। हथियार लहराने और आगजनी की भी सूचनाएं प्राप्त हुईं। इस पूरी घटना में कम से कम 12 नागरिक और चार पुलिसकर्मी घायल हो गए। हालांकि, पुलिस ने बल का प्रयोग करते हुए दोनों गुटों को तितर-बितर कर झड़प पर नियंत्रण पा लिया।
पश्चिमी रेंज के डीआईजी, पुलिस अधीक्षक, अतिरिक्त जिला मजिस्ट्रेट और सब-कलेक्टर सहित वरिष्ठ अधिकारी मौके पर पहुंचे और शांतिरीजेंट मार्केट क्षेत्र और एक किलोमीटर के दायरे में भारतीय न्याय संहिता (बीएनसी) की धारा 163 लागू कर दी गई। साथ ही, इंटरनेट सेवाएं निलंबित की गईं।
डीआईजी वेस्टर्न रेंज बृजेश राय ने कहा, “रीजेंट मार्केट में मांस बेचने के बारे में कुछ आरोप थे। सूचना मिलने पर, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक और अनुमंडल पुलिस अधिकारी (एसडीपीओ) मौके पर पहुंचे और दोनों समूहों को शांत करने की कोशिश की। जब दोनों समूह आपस में बातचीत कर रहे थे, तभी अचानक पत्थरबाजी शुरू हो गई। पुलिस ने तुरंत कार्रवाई की और स्थिति को नियंत्रित किया।”
जिला प्रशासन और पुलिस ने जनता से शांति