केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया ने जनसुनवाई में ग्रामीणों के 238 प्रकरणों का समाधान किया
सारांश
Key Takeaways
- 238 प्रकरणों का त्वरित समाधान
- 1048 आवेदन प्राप्त हुए
- समयबद्ध समाधान सुनिश्चित करने के लिए निर्देश
- जनता के साथ संवाद को मजबूत करना
- सरकार की योजनाओं का लाभ अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाना
अशोकनगर, 3 अप्रैल (राष्ट्र प्रेस)। केंद्रीय मंत्री और गुना के सांसद ज्योतिरादित्य सिंधिया ने अपने संसदीय क्षेत्र के निवासियों की समस्याओं को सुनते हुए 238 प्रकरणों का त्वरित समाधान किया। उन्होंने अधिकारियों को आवश्यक निर्देश भी दिए।
केंद्रीय मंत्री सिंधिया ने अशोकनगर जिले के मुंगावली विधानसभा के पिपराई में आयोजित जनसुनवाई में बड़ी संख्या में उपस्थित क्षेत्रवासियों की समस्याएं सुनीं। इस जनसुनवाई में उन्हें स्थानीय जनता से 1048 आवेदन प्राप्त हुए, जिनमें से 238 प्रकरणों का तात्कालिक निराकरण किया गया। शेष 810 आवेदनों को संबंधित विभागों को प्राथमिकता के साथ निपटारे के लिए भेजा गया है।
उन्होंने स्पष्ट निर्देश दिए कि प्रत्येक आवेदन पर गंभीरता से कार्य करते हुए समयबद्ध समाधान सुनिश्चित किया जाए। जनसुनवाई के दौरान केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया ने तीन घंटे से अधिक समय तक उपस्थित रहकर आवेदकों की समस्याओं को गंभीरता से सुना।
इस अवसर पर दौलत सिंह को मौके पर ही कान की मशीन प्रदान की गई और उसका उपयोग समझाया गया। वहीं ग्राम बर्रा के दिव्यांग गोपाल की समस्या सुनते हुए केंद्रीय मंत्री ने उन्हें आश्वासन दिया कि आगामी दिशा बैठक में उन्हें व्हीलचेयर उपलब्ध कराई जाएगी। इसके अतिरिक्त, चंदा देवी, जिन्हें पिछले तीन वर्षों से प्रधानमंत्री आवास योजना की स्वीकृति नहीं मिल पाई थी, उनका प्रकरण मौके पर ही स्वीकृत किया गया।
एक अन्य व्यक्ति, जो पिछले 10 वर्षों से आवास के लिए प्रयासरत थे, उन्हें भी तुरंत स्वीकृति दिलाई गई। जनसुनवाई में प्राप्त सभी शिकायतों का टोकन प्रणाली के तहत विधिवत पंजीकरण किया गया, जिससे प्रत्येक आवेदक की समस्या का रिकॉर्ड सुरक्षित रहे। साथ ही लंबित प्रकरणों की ऑनलाइन ट्रैकिंग भी सुनिश्चित की गई है, जिससे प्रत्येक आवेदन की प्रगति की नियमित समीक्षा की जाएगी। इस प्रक्रिया से समाधान में पारदर्शिता और जवाबदेही बढ़ेगी।
केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया ने प्रशासनिक अधिकारियों को निर्देशित किया कि हर आवेदन का निपटारा किया जाना चाहिए। जिन मामलों का समाधान संभव नहीं है, उनके कारण स्पष्ट रूप से बताए जाएं। साथ ही केंद्र और राज्य स्तर से संबंधित विषयों को उचित स्तर पर पहुंचाकर उनका निराकरण सुनिश्चित किया जाए।
केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया ने अपने संसदीय क्षेत्र में जन समस्याओं के निदान के लिए पिछले वर्ष जनसुनवाई की यह मुहिम शुरू की थी, जो अब दूसरे चरण में प्रवेश कर चुकी है। उन्होंने कहा कि उनका संकल्प है कि प्रत्येक नागरिक की समस्या सुनी जाए, उसका समाधान हो और शासन की योजनाओं का लाभ अंतिम व्यक्ति तक पहुंचे।
उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि इस प्रकार की नियमित जनसुनवाई से न केवल समस्याओं का समाधान होगा, बल्कि प्रशासन और जनता के बीच विश्वास और संवाद भी मजबूत होगा।