क्या स्वास्थ्य सुरक्षा से राष्ट्रीय सुरक्षा अधिनियम 2025 एक फरवरी से लागू होगा?
सारांश
Key Takeaways
- स्वास्थ्य सुरक्षा से संबंधित राष्ट्रीय सुरक्षा अधिनियम 2025 एक फरवरी 2026 से लागू होगा।
- तंबाकू उत्पादों पर उच्चतम टैक्स लगाया जाएगा।
- टैक्स मशीन की उत्पादन क्षमता के आधार पर वसूला जाएगा।
- तंबाकू उत्पादों पर जीएसटी दरों में बदलाव होगा।
- नई प्रणाली से तंबाकू पर टैक्स में वृद्धि हो सकती है।
नई दिल्ली, 1 जनवरी (राष्ट्र प्रेस)। वित्त मंत्रालय ने एक नोटिफिकेशन जारी किया है, जिसमें कहा गया है कि स्वास्थ्य सुरक्षा से संबंधित राष्ट्रीय सुरक्षा अधिनियम 2025 एक फरवरी 2026 से प्रभावी होगा। इसका मुख्य उद्देश्य स्वास्थ्य और राष्ट्रीय सुरक्षा पर व्यय के लिए अतिरिक्त संसाधनों को जुटाना है। यह बिल पहले ही दोनों सदनों में पास हो चुका है।
इस अधिनियम के तहत गुटखा, पान मसाला और अन्य तंबाकू उत्पादों पर उच्चतम टैक्स लगाया जाएगा। इस अधिनियम की एक विशेषता यह है कि इसमें टैक्स उत्पादन की वास्तविक मात्रा के बजाय मशीन की उत्पादन क्षमता के आधार पर वसूला जाएगा।
नोटिफिकेशन में उल्लेख किया गया है कि इसमें पैकिंग मशीनों से निर्मित और पाउच में पैक किए गए चबाने वाले तंबाकू, जर्दा सुगंधित तंबाकू और गुटखा शामिल हैं, जिन पर मशीन की क्षमता और खुदरा विक्रय मूल्य के आधार पर शुल्क का भुगतान करना आवश्यक है।
आगे बताया गया कि पैकिंग मशीनों की संख्या और क्षमता के आधार पर मासिक देय शुल्क का भुगतान हर महीने की 6 तारीख को करना होगा।
सरकार ने बताया कि तंबाकू उत्पादों पर जीएसटी की दरों का पुनर्गठन करते हुए, अनुसूची VII (28 प्रतिशत) से कुछ वस्तुओं को अनुसूची II (18 प्रतिशत) और अनुसूची III (40 प्रतिशत) में स्थानांतरित किया गया है। अनुसूची VII (28 प्रतिशत स्लैब) को पूरी तरह से हटा दिया गया है।
सरकार ने बताया कि तंबाकू उत्पादों (चबाने वाला तंबाकू, फिल्टर खैनी, जर्दा सुगंधित तंबाकू, गुटखा) के लिए एक नई मूल्यांकन प्रणाली लागू की गई है, जिसके तहत पैकेज पर घोषित खुदरा बिक्री मूल्य (आरएसपी) के आधार पर जीएसटी मूल्य निर्धारित किया जाएगा।
मंत्रालय के अनुसार, स्वास्थ्य सुरक्षा से संबंधित राष्ट्रीय सुरक्षा अधिनियम 2025 लागू होने के साथ ही तंबाकू और उससे जुड़े उत्पादों पर नया टैक्स सिस्टम लागू हो जाएगा। इससे तंबाकू उत्पादों पर कंपनसेशन सेस भी समाप्त हो जाएगा।
नई प्रणाली से तंबाकू और उससे जुड़े उत्पादों पर टैक्स में वृद्धि हो सकती है।