‘धुरंधर 2’ की सफलता में पर्दे के पीछे के नायकों का योगदान: सारा अर्जुन का भावुक संदेश
सारांश
Key Takeaways
- सारा अर्जुन ने पर्दे के पीछे की टीम को सराहा।
- फिल्म ‘धुरंधर 2’ की सफलता में गुमनाम नायकों का योगदान है।
- सारा ने निर्देशक और प्रोड्यूसर्स का धन्यवाद किया।
- हर तकनीकी टीम ने फिल्म की भव्यता में योगदान दिया।
- सिनेमा के असली नायक हमेशा छिपे रहते हैं।
मुंबई, 5 अप्रैल (राष्ट्र प्रेस)। अभिनेत्री सारा अर्जुन ने अपनी हालिया रिलीज फिल्म ‘धुरंधर 2’ की सफलता का श्रेय पर्दे के पीछे काम करने वाली पूरी टीम को देते हुए सोशल मीडिया पर एक भावुक पोस्ट साझा की है। उन्होंने उल्लेख किया कि फिल्म की भव्यता और सफलता केवल कलाकारों की नहीं, बल्कि उन अनगिनत लोगों की मेहनत का परिणाम है जो फ्रेम के बाहर रहकर दिन-रात मेहनत करते हैं।
सारा अर्जुन ने अपने पोस्ट में बताया कि जब वह पहली बार निर्देशक आदित्य धर से मिलीं, तो उनकी आंखों में सिनेमा के प्रति कुछ खास करने की चमक साफ नजर आई। उन्होंने कहा कि फिल्म के हर कदम पर यह एहसास मजबूत होता गया, लेकिन फिल्म पूरी होने के बाद जब उन्होंने पीछे मुड़कर देखा, तो उन्हें फ्रेम के बाहर खड़े उन लोगों की पूरी टीम दिखाई दी, जिन्होंने इस बड़े सपने को हकीकत में बदलने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। यह पोस्ट खासतौर पर ‘धुरंधर’ और ‘धुरंधर 2’ के गुमनाम नायकों को समर्पित है, जिनका योगदान अक्सर पर्दे के पीछे ही रह जाता है।
सारा ने सबसे पहले निर्देशक आदित्य धर और उनकी पूरी डायरेक्शन टीम को धन्यवाद दिया। उन्होंने उन्हें जहाज का कप्तान कहा और बताया कि उन्होंने इस फिल्म को पर्दे पर लाने के लिए दिन-रात मेहनत की। प्रोड्यूसर्स लोकेश धर, ज्योति मैम, जियो स्टूडियोज और बी62 स्टूडियोज की टीम का भी उन्होंने विशेष धन्यवाद किया। सारा ने लिखा कि इन लोगों ने अनेक कठिनाइयों का सामना करते हुए फिल्म को पूरा किया।
यालीना फेम सारा ने डायरेक्टर ऑफ फोटोग्राफी और कैमरा टीम की भी तारीफ की, जिन्होंने हर फ्रेम में फिल्म की भव्यता और आत्मा को कैद किया। कास्टिंग डायरेक्टर मुकेश छाबड़ा और उनकी टीम को धन्यवाद देते हुए सारा ने कहा कि उन्होंने केवल सही चेहरे ही नहीं, बल्कि किरदारों की विशेषताओं को भी पर्दे पर जीवंत किया। कॉस्ट्यूम डिजाइनर स्मृति चौहान, मेकअप डिजाइनर प्रीति शील और उनकी टीमों को भी उन्होंने याद किया। सारा ने उल्लेख किया कि इन्होंने कपड़ों में इतिहास बुना और अभिनेताओं के साथ शानदार कहानियां रचीं।
उन्होंने लिखा, “एक्टर्स को पोस्टर पर चेहरा बनने का मौका मिलता है, लेकिन आप ही सिनेमा की रीढ़ हैं।”
संगीतकार और पूरी म्यूजिक टीम को धन्यवाद देते हुए उन्होंने कहा कि इन्होंने फिल्म में जान फूंक दी। संपादक शिवकुमार पणिक्कर, वीएफएक्स टीम और ओजस गौतम की मेहनत की भी उन्होंने सराहना की। प्रोडक्शन डिजाइन टीम, सेफ्टी और स्टंट क्रू, लाइटिंग, साउंड और स्पॉट टीम को भी सारा ने याद किया। उन्होंने कहा कि ये लोग सेट पर सबसे पहले पहुंचते थे और सबसे आखिर में निकलते थे। अंत में सारा अर्जुन ने उन सभी अनगिनत लोगों का धन्यवाद किया, जिनके नाम पोस्ट में नहीं लिखे गए, लेकिन जिनकी मेहनत के बिना यह फिल्म संभव नहीं थी।