क्या बांग्लादेश में भूकंप से हुई तबाही पर शेख हसीना ने दुख जताया?

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क्या बांग्लादेश में भूकंप से हुई तबाही पर शेख हसीना ने दुख जताया?

सारांश

बांग्लादेश में आए भूकंप ने भारी तबाही मचाई। पूर्व प्रधानमंत्री शेख हसीना ने घटना पर दुख जताया और सरकार की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाए। जानें इस भयानक आपदा के बाद क्या प्रतिक्रिया आई है।

Key Takeaways

  • भूकंप ने 10 लोगों की जान ले ली है।
  • 200 से अधिक लोग घायल हुए हैं।
  • अवामी लीग ने बयान जारी किया है।
  • पूर्व प्रधानमंत्री शेख हसीना ने सरकार पर सवाल उठाए हैं।
  • भूकंप का केंद्र नरसिंगडी था।

ढाका, 22 नवंबर (राष्ट्र प्रेस)। बांग्लादेश की पूर्व प्रधानमंत्री शेख हसीना ने भूकंप से हुई तबाही पर दुख व्यक्त करते हुए इस प्राकृतिक आपदा में जान गंवाने वालों को सांत्वना दी और अंतरिम सरकार की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाए।

शुक्रवार को बांग्लादेश में 5.7 की तीव्रता वाला भूकंप आया, जिससे भारी तबाही मची। लगभग 10 लोगों की मौत और 200 से अधिक लोग घायल हुए हैं। इस भूकंप ने पूरे देश में हड़कंप मचा दिया है।

दुख की इस घड़ी में अवामी लीग ने अपने सोशल मीडिया पर उनका बयान साझा किया। हसीना ने कहा, "कई जिंदगियां समाप्त हो गईं और सैकड़ों लोग घायल हुए हैं। इस भयानक आपदा ने देश को बहुत नुकसान पहुँचाया है।"

मृतकों के परिजनों को ढांढस बंधाते हुए उन्होंने घायलों के शीघ्र स्वस्थ होने की कामना की।

उन्होंने यूनुस को नुकसान के लिए जिम्मेदार ठहराते हुए कहा, "इस अवैध सरकार की आम लोगों के प्रति कोई जवाबदेही नहीं है, इसलिए इनकी सक्रियता कम नजर आ रही है। ये लोग देश की प्राकृतिक संपत्ति को विदेशियों को सौंप रहे हैं।"

उन्होंने अपने कार्यकाल में प्राकृतिक संसाधनों की सुरक्षा के लिए बनाई गई नीतियों का भी उल्लेख किया, यह बताते हुए कि बांग्लादेश एक आपदा-संवेदनशील क्षेत्र है। इसी को ध्यान में रखते हुए अवामी लीग सरकार ने समावेशी और सतत विकास की नीतियों पर काम किया।

भूकंप का झटका शुक्रवार को सुबह 10:38 बजे महसूस किया गया। बांग्लादेश मौसम विज्ञान विभाग के अनुसार, भूकंप का केंद्र नरसिंगडी का माधबडी था।

भूकंप के बाद ढाका में चार, नरसिंगडी में पांच और नारायणगंज में एक व्यक्ति की मौत हो गई। द ढाका ट्रिब्यून की रिपोर्ट के अनुसार, ढाका में अरमानीटोला में एक बिल्डिंग की छत की रेलिंग गिरने से तीन लोगों की मौत हुई और कई अन्य घायल हुए।

ढाका, नरसिंगडी और गाजीपुर में 200 से अधिक लोग घायल हुए। डायरेक्टरेट जनरल ऑफ हेल्थ सर्विसेज ने 10 घायलों को ढाका मेडिकल कॉलेज हॉस्पिटल (डीएमसीएच) और 10 अन्य को शहीद ताजुद्दीन अहमद मेडिकल कॉलेज हॉस्पिटल में भर्ती कराने की पुष्टि की।

ढाका विश्वविद्यालय के कई छात्र घबराहट में बिल्डिंग से कूदने के कारण गंभीर रूप से घायल हो गए। हड़बड़ी में 10 छात्र घायल हुए, जिनमें से कुछ को अस्पताल में भर्ती कराना पड़ा।

स्थानीय मीडिया के अनुसार, ढाका से मिली रिपोर्टों में बताया गया है कि राजधानी भर की बिल्डिंगों में दरारें आ गई हैं।

निवासियों ने इस अनुभव को पहले महसूस किए गए झटकों से भिन्न बताया, और कई लोगों ने सोशल मीडिया पर अपने घरों में टूटी दीवारें, खराब फर्श और बिखरे हुए फर्नीचर की तस्वीरें और वीडियो साझा किए।

Point of View

यह स्पष्ट है कि बांग्लादेश में आए भूकंप ने एक बार फिर प्राकृतिक आपदाओं की गंभीरता को उजागर किया है। हमें चाहिए कि हम ऐसी घटनाओं के प्रति सतर्क रहें और सरकार की योजनाओं पर नजर रखें। यह राष्ट्रीय समस्या है, जो सभी नागरिकों को प्रभावित करती है।
NationPress
29/11/2025

Frequently Asked Questions

भूकंप की तीव्रता कितनी थी?
भूकंप की तीव्रता 5.7 थी।
भूकंप का केंद्र कहाँ था?
भूकंप का केंद्र नरसिंगडी के माधबडी में था।
कितने लोग घायल हुए हैं?
200 से ज्यादा लोग घायल हुए हैं।
शेख हसीना ने क्या कहा?
उन्होंने इस प्राकृतिक आपदा में जान गंवाने वाले लोगों को सांत्वना दी और सरकार की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाए।
क्या राहत प्रयास किए जा रहे हैं?
राहत प्रयासों में कमी के लिए अंतरिम सरकार को जिम्मेदार ठहराया गया है।
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