आंध्र प्रदेश: आय से अधिक संपत्ति के मामले में सहायक आयुक्त का निलंबन, गिरफ्तारी के बाद की कार्रवाई

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आंध्र प्रदेश: आय से अधिक संपत्ति के मामले में सहायक आयुक्त का निलंबन, गिरफ्तारी के बाद की कार्रवाई

सारांश

आंध्र प्रदेश में सहायक आयुक्त कालिंगिरी शांति को आय से अधिक संपत्ति के मामले में गिरफ्तार करने के बाद निलंबित किया गया। यह कदम भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो की जांच के परिणामस्वरूप उठाया गया है।

Key Takeaways

  • आय से अधिक संपत्ति के मामले में सहायक आयुक्त का निलंबन।
  • भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो द्वारा की गई छापेमारी।
  • संपत्ति की कुल कीमत लगभग 1.37 करोड़ रुपए
  • पिछले दो वर्षों में दूसरा निलंबन।
  • नए पद के लिए इंतजार कर रही थीं।

विजयवाड़ा, 12 अप्रैल (राष्ट्र प्रेस)। आंध्र प्रदेश सरकार ने आय से अधिक संपत्ति के मामले में गिरफ्तार सहायक आयुक्त कालिंगिरी शांति को निलंबित कर दिया है।

आधिकारिक सूत्रों के अनुसार, निलंबन के आदेश आयुक्त के. रामचंद्रमोहन ने जारी किए हैं।

भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो (एसीबी) ने 7 अप्रैल को शांति को गिरफ्तार किया। इससे पहले उनके कई ठिकानों पर एक साथ छापेमारी की गई थी। जांच में पाया गया कि उनके पास लगभग 1.37 करोड़ रुपए की संपत्ति है, जो उनकी ज्ञात आय से अधिक है।

उसी दिन विजयवाड़ा की एक अदालत ने उन्हें 21 अप्रैल तक न्यायिक हिरासत में भेज दिया। सरकारी नियमों के अनुसार, किसी कर्मचारी को आपराधिक मामले में 48 घंटे से अधिक हिरासत में रहने पर स्वतः निलंबित माना जाता है।

एसीबी अधिकारियों ने ताडेपल्ली, उंडावल्ली और विशाखापत्तनम सहित विभिन्न स्थानों पर करीब 10 घंटे तक तलाशी अभियान चलाया। इस दौरान कई आपत्तिजनक दस्तावेज और संपत्तियों का खुलासा हुआ, जिसमें विशाखापत्तनम में एक फ्लैट, कुंचनपल्ली में जी+2 इमारत, 776 ग्राम सोने के आभूषण, लगभग 3 किलो चांदी, 1.15 लाख रुपए कैश, लगभग 3 लाख रुपए बैंक बैलेंस, एक कार, एक मोटरसाइकिल और इलेक्ट्रॉनिक गैजेट शामिल हैं।

तलाशी के बाद, एसीबी ने शांति के खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत आय से अधिक संपत्ति का मामला दर्ज किया। यह कार्रवाई उस सूचना के आधार पर की गई थी, जिसमें आरोप था कि उन्होंने अपनी ज्ञात आय से अधिक संपत्ति अर्जित की है।

पिछले दो वर्षों में यह दूसरी बार है जब शांति को निलंबित किया गया है। उन्हें 2020 में आंध्र प्रदेश लोक सेवा आयोग के माध्यम से एंडोमेंट्स विभाग में सहायक आयुक्त नियुक्त किया गया था और उन्होंने विशाखापत्तनम व विजयवाड़ा में कार्य किया।

2024 में टीडीपी-नीत गठबंधन सरकार के सत्ता में आने के बाद अनियमितताओं के आरोप में उन्हें निलंबित किया गया था। वह जुलाई 2024 से मार्च 2026 तक निलंबित रहीं।

एंडोमेंट्स विभाग ने उनके खिलाफ विभागीय जांच भी शुरू की थी और उनके चयन प्रक्रिया को लेकर गंभीर आरोपों पर विचार किया गया। पिछले महीने उनका निलंबन हटा था और वह नई पोस्टिंग का इंतज़ार कर रही थीं।

Point of View

तब ऐसी घटनाएँ चिंता का विषय बन जाती हैं।
NationPress
13/04/2026

Frequently Asked Questions

कालिंगिरी शांति को क्यों निलंबित किया गया?
उन्हें आय से अधिक संपत्ति के मामले में गिरफ्तार करने के बाद निलंबित किया गया है।
क्या शांति के खिलाफ पहले भी कार्रवाई हुई है?
हाँ, पिछले दो वर्षों में यह दूसरी बार है जब उन्हें निलंबित किया गया है।
भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो ने क्या कार्रवाई की?
एसीबी ने शांति के ठिकानों पर छापेमारी की और उनके खिलाफ आय से अधिक संपत्ति का मामला दर्ज किया।
क्या शांति की संपत्ति की जांच की गई?
हाँ, उनकी संपत्ति की जांच में 1.37 करोड़ रुपए की संपत्ति पाई गई।
उनका निलंबन कब हटा था?
उनका निलंबन पिछले महीने हटाया गया था।
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