क्या 'अपनी जड़ों को मत भूलो' कहकर आदित्य धर ने भावुकता जताई?
सारांश
Key Takeaways
- आदित्य धर ने अपने करियर की शुरुआत 'उरी: द सर्जिकल स्ट्राइक' से की।
- उन्होंने कई हिट गाने और फिल्में लिखी हैं।
- उनकी यात्रा संघर्ष और दृढ़ता की कहानी है।
मुंबई, 11 जनवरी (राष्ट्र प्रेस)। दिल्ली से महान सपनों और महत्वाकांक्षाओं के साथ आए आदित्य धर ने आज बॉलीवुड सिनेमा का स्वरूप बदल दिया है। इस निर्देशक ने हिंदी सिनेमा को ऐसी देशभक्ति से भरी फिल्में दी हैं जिन्हें दर्शक कभी नहीं भूल सकते।
आदित्य की फिल्म 'धुरंधर' पिछले एक महीने से बॉक्स ऑफिस पर छाई हुई है और सभी कमाई के रिकॉर्ड तोड़ रही है, लेकिन इस सफलता की नींव उन्होंने सात साल पहले रखी थी, जब उनकी फिल्म 'उरी: द सर्जिकल स्ट्राइक' ने सिनेमाघरों में दस्तक दी थी।
'उरी: द सर्जिकल स्ट्राइक' से आदित्य धर ने बतौर निर्देशक अपने करियर का पहला बड़ा कदम रखा था। अभिनेता ने लंबे समय तक दूसरी फिल्मों की स्क्रिप्टिंग और गाने लिखे, लेकिन पहली बार आज से सात साल पहले उन्होंने 'उरी: द सर्जिकल स्ट्राइक' बनाने का निर्णय लिया। फिल्म निर्माण में कई चुनौतियां आईं, लेकिन आदित्य ने हार नहीं मानी और आज बॉलीवुड पर राज कर रहे हैं।
'उरी: द सर्जिकल स्ट्राइक' से आदित्य का गहरा संबंध है और अब सात साल पूरे होने पर वे काफी भावुक नज़र आ रहे हैं। निर्देशक ने सोशल मीडिया पर अपनी फिल्म को लेकर बहुत कुछ लिखा है।
उन्होंने इंस्टाग्राम पर लिखा, "एक ऐसा दिन जिसने मेरी जिंदगी हमेशा के लिए बदल दी। मेरी पहली फिल्म, 'उरी,' उस दिन रिलीज़ हुई थी। मैंने उस पल का लंबे समय से इंतज़ार किया था। मेरा सपना आखिरकार सच हो गया। मेरा इरादा शुरू से ही स्पष्ट था कि एक ऐसी साहसी, दमदार फिल्म बनाना जो हमारे सिनेमा में एक नए युग की शुरुआत कर सके और एक भारतीय कहानी को अंतरराष्ट्रीय मानकों के अनुरूप प्रस्तुत करना।"
उन्होंने आगे लिखा, "मैं अक्सर खुद को याद दिलाता हूं कि मुझे कभी नहीं भूलना चाहिए कि यह सब कहां से शुरू हुआ था। शुरुआत आपको जमीन से जोड़े रखती है और आगे बढ़ने की ललक बनाए रखती है। फिल्म निर्माण एक कठिन और चुनौतीपूर्ण सफर है, जो संदेह और लंबी रातों से भरा होता है, लेकिन जब दर्शक आते हैं और आपके संघर्ष को अपनाते हैं, तो अचानक सब कुछ सार्थक लगने लगता है।"
आदित्य ने अजय देवगन की फिल्म 'आक्रोश' के लिए डायलॉग्स लिखे थे। उन्होंने फिल्म 'काबुल एक्सप्रेस' के गाने 'काबुल फिजा', 'कह रहा मेरा दिल', 'ये मैं आया कहां हूं' और कई अन्य गाने लिखे हैं। उन्होंने अपनी फिल्म 'धूमधाम', 'आर्टिकल 370', और 'धुरंधर' की स्क्रिप्ट भी खुद लिखी है।