बेंगलुरु के नंदिनी लेआउट पीजी में आधी रात भड़की आग, जान बचाने को इमारत से कूदीं 30 से अधिक महिलाएं

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बेंगलुरु के नंदिनी लेआउट पीजी में आधी रात भड़की आग, जान बचाने को इमारत से कूदीं 30 से अधिक महिलाएं

सारांश

बेंगलुरु के नंदिनी लेआउट में आधी रात लगी भीषण आग ने 30 से अधिक महिलाओं को इमारत से कूदने पर मजबूर कर दिया। शॉर्ट सर्किट से भड़की यह आग सिर्फ एक हादसा नहीं — यह शहर के पीजी आवासों में बार-बार नज़रअंदाज़ होती सुरक्षा खामियों की एक और चेतावनी है।

Key Takeaways

  • 28 अप्रैल 2026 की रात 12:40 बजे बेंगलुरु के नंदिनी लेआउट स्थित चार मंजिला पीजी इमारत में भीषण आग लगी।
  • शुरुआती जांच में पास की एलईडी बैनर दुकान में शॉर्ट सर्किट को आग का संभावित कारण माना जा रहा है।
  • 30 से अधिक महिला निवासी जान बचाने के लिए इमारत से कूदने को मजबूर हुईं; सीसीटीवी फुटेज वायरल।
  • पुलिस के अनुसार इस घटना में कोई हताहत नहीं; स्थानीय लोगों की तत्परता से बड़ा हादसा टला।
  • दिसंबर 2025 में कुंडलहल्ली पीजी अग्निकांड में एक टेक कर्मचारी की मौत के बाद भी शहर में पीजी सुरक्षा नियमों का पालन सवालों के घेरे में है।
  • पुलिस आग के सटीक कारणों और सुरक्षा मानकों के उल्लंघन की जांच जारी है।

बेंगलुरु के नंदिनी लेआउट इलाके में 28 अप्रैल 2026 की आधी रात एक पेइंग गेस्ट (पीजी) आवास में भीषण आग भड़क उठी, जिससे 30 से अधिक महिला निवासी जान बचाने के लिए इमारत से कूदने को मजबूर हो गईं। घटना के सीसीटीवी फुटेज और वीडियो मंगलवार को सोशल मीडिया पर तेज़ी से वायरल हो गए, जिसने पूरे शहर में हड़कंप मचा दिया।

कैसे लगी आग और कैसे फैली

पुलिस के अनुसार, सोमवार रात करीब 12:40 बजे आग की शुरुआत हुई। शुरुआती जांच में आशंका जताई गई है कि पास की एक एलईडी बैनर दुकान में शॉर्ट सर्किट के कारण आग लगी, जो कुछ ही मिनटों में बगल की चार मंजिला पीजी इमारत तक फैल गई। देखते-देखते पूरी इमारत धुएं और लपटों की चपेट में आ गई।

महिलाओं के पास नहीं था कोई रास्ता

आग की रफ्तार और बाहर निकलने के रास्ते बंद होने के कारण इमारत में रह रही महिलाओं के पास जान बचाने का एकमात्र विकल्प इमारत से कूदना ही बचा। इलाके के सीसीटीवी कैमरों में युवतियों को ऊपरी मंजिलों से कूदते हुए स्पष्ट रूप से देखा गया। वायरल वीडियो में महिलाएं चीखते-चिल्लाते हुए मदद की गुहार लगाती नज़र आ रही हैं।

स्थानीय लोगों की तत्परता से बड़ा हादसा टला

प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, आसपास के लोगों ने दमकल कर्मियों के पहुंचने से पहले ही बचाव अभियान शुरू कर दिया। स्थानीय लोगों की इस तत्परता और समय पर निकासी के कारण एक बड़ी त्रासदी टल गई। पुलिस अधिकारियों ने पुष्टि की है कि इस घटना में किसी के हताहत होने की सूचना नहीं है।

बेंगलुरु में पीजी सुरक्षा पर फिर उठे सवाल

यह घटना ऐसे समय में आई है जब बेंगलुरु में पीजी आवासों की सुरक्षा व्यवस्था पहले से ही सवालों के घेरे में है। गौरतलब है कि दिसंबर 2025 में कुंडलहल्ली इलाके के एक पीजी आवास में गैस सिलेंडर विस्फोट से लगी आग में एक 23 वर्षीय टेक कर्मचारी की मौत हो गई थी और तीन अन्य घायल हुए थे। बाद में जांच में सामने आया था कि उस इमारत में कई सुरक्षा नियमों का उल्लंघन किया गया था, जिसके बाद शहर के कई पीजी आवासों पर जुर्माना लगाया गया और कुछ को सील भी किया गया था।

जांच जारी, प्रशासन सतर्क

फिलहाल पुलिस आग लगने के सटीक कारणों और प्रभावित इमारत में सुरक्षा मानकों के पालन की विस्तृत जांच कर रही है। नंदिनी लेआउट की इस घटना ने एक बार फिर बेंगलुरु के तेज़ी से बढ़ते पीजी आवास क्षेत्र में अग्नि सुरक्षा नियमों के सख्त क्रियान्वयन की माँग को सामने ला दिया है।

Point of View

फिर भी सुरक्षा खामियाँ जस की तस हैं। असली सवाल यह है कि क्या प्रशासन केवल हादसों के बाद जागता है, या एक स्थायी निरीक्षण तंत्र बनाने की इच्छाशक्ति भी है। बेंगलुरु में लाखों प्रवासी कामगार और छात्र पीजी आवासों में रहते हैं, जिनमें से अधिकांश में अग्निशमन उपकरण, आपातकालीन निकास और नियमित ऑडिट का अभाव है। बिना बाध्यकारी और नियमित सुरक्षा ऑडिट के, अगली घटना महज़ समय की बात है।
NationPress
28/04/2026

Frequently Asked Questions

बेंगलुरु नंदिनी लेआउट पीजी आग कब और कैसे लगी?
पुलिस के अनुसार, 28 अप्रैल 2026 को रात करीब 12:40 बजे नंदिनी लेआउट स्थित एक पीजी आवास में आग लगी। शुरुआती जांच में पास की एलईडी बैनर दुकान में शॉर्ट सर्किट को संभावित कारण माना जा रहा है, जिससे आग तेज़ी से चार मंजिला पीजी इमारत तक फैल गई।
क्या इस आग में कोई हताहत हुआ?
पुलिस अधिकारियों के अनुसार, इस घटना में किसी के हताहत होने की सूचना नहीं है। स्थानीय लोगों की तत्परता और समय पर निकासी के कारण एक बड़ी त्रासदी टल गई।
महिलाएं इमारत से क्यों कूदीं?
आग की तेज़ रफ्तार और बाहर निकलने के रास्ते बंद होने के कारण 30 से अधिक महिला निवासियों के पास इमारत से कूदने के अलावा कोई विकल्प नहीं बचा। घटना सीसीटीवी कैमरों में कैद हुई और वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो गया।
बेंगलुरु में पीजी आवासों में आग की यह पहली घटना है?
नहीं। दिसंबर 2025 में बेंगलुरु के कुंडलहल्ली इलाके के एक पीजी आवास में गैस सिलेंडर विस्फोट से लगी आग में एक 23 वर्षीय टेक कर्मचारी की मौत हो गई थी और तीन घायल हुए थे। उस घटना के बाद कई पीजी पर जुर्माना और सीलिंग की कार्रवाई हुई थी।
अब आगे क्या होगा — जांच और कार्रवाई?
पुलिस फिलहाल आग के सटीक कारणों और इमारत में सुरक्षा मानकों के पालन की जांच कर रही है। इस घटना ने बेंगलुरु के पीजी आवासों में अग्नि सुरक्षा नियमों के सख्त क्रियान्वयन की माँग को एक बार फिर सामने ला दिया है।
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