भाजपा अध्यक्ष नितिन नवीन का पश्चिम बंगाल दौरा शुरू, उपचुनाव और नगर निकाय चुनाव से पहले संगठन मजबूती पर जोर
सारांश
मुख्य बातें
भारतीय जनता पार्टी (BJP) के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन ने रविवार, 28 सितंबर 2026 से पश्चिम बंगाल का दो दिवसीय संगठनात्मक दौरा शुरू किया। यह दौरा पूर्वी मिदनापुर की नंदीग्राम और मुर्शिदाबाद की रेजीनगर विधानसभा सीटों पर अगले महीने होने वाले उपचुनावों, तथा नवंबर में राज्य के सात शहरी निकायों के चुनावों से पहले पार्टी को जमीनी स्तर पर मज़बूत करने की दिशा में एक अहम कदम माना जा रहा है।
दौरे का कार्यक्रम और मुख्य बैठकें
नवीन सुबह 10 बजे नेताजी सुभाष चंद्र बोस अंतर्राष्ट्रीय हवाई अड्डे पहुँचे और इसके बाद न्यूटाउन के एक होटल में ठहरे। सुबह 11 बजे वे बिस्वा बांग्ला कन्वेंशन सेंटर पहुँचे, जहाँ पार्टी कार्यकर्ताओं और नेताओं के साथ मिलकर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का रेडियो कार्यक्रम 'मन की बात' सुना।
इसके तुरंत बाद, सुबह 11:30 बजे से दोपहर 2:30 बजे तक पार्टी की कोर कमेटी की विस्तृत बैठक आयोजित की गई। इस बैठक में राज्य भाजपा के वरिष्ठ पदाधिकारी, विभिन्न विभागों के संयोजक, संगठनात्मक जिला अध्यक्ष, सांसद और अन्य प्रमुख प्रतिनिधि शामिल हुए।
सांसदों, विधायकों और कैबिनेट से अलग-अलग संवाद
दोपहर 3 से 4 बजे तक नवीन ने कन्वेंशन सेंटर में पार्टी के सांसदों और विधायकों के साथ अलग-अलग बैठकें कीं। शाम 4:30 से 6 बजे तक राज्य कैबिनेट सदस्यों के साथ विशेष चर्चा का दौर चला। दिन की अंतिम और सबसे महत्त्वपूर्ण बैठक शाम 6 बजे से रात 8 बजे तक पुनः कोर कमेटी के साथ आयोजित की गई, जिसमें मौजूदा राजनीतिक परिस्थितियों के मद्देनज़र राज्य में पार्टी की भावी रणनीति पर गहन विचार-विमर्श किया गया। राज्य समिति के एक सदस्य के अनुसार, अपेक्षा है कि नवीन पश्चिम बंगाल में पार्टी के संगठनात्मक नेटवर्क को सुदृढ़ करने के लिए व्यावहारिक सुझाव देंगे।
'सेवा ही संगठन': दूसरे दिन का कार्यक्रम
भाजपा की आधिकारिक प्रेस विज्ञप्ति के अनुसार, दौरे के दूसरे दिन सोमवार, 29 सितंबर को नवीन सुबह 10:30 बजे पानीहाटी, सोदेपुर के लोक संस्कृति भवन में 'आंगन का मिलन' सेवा कार्यक्रम का नेतृत्व करेंगे। इस कार्यक्रम के माध्यम से वे भाजपा के देशव्यापी 'सेवा संकल्प अभियान' के तहत सामुदायिक स्वयंसेवकों, सेवा कर्मियों और स्थानीय नागरिकों से सीधे संवाद करेंगे। यह पहल पार्टी की 'सेवा ही संगठन' की विचारधारा को ज़मीन पर उतारने की कोशिश का हिस्सा है।
राजनीतिक संदर्भ और आगे की राह
गौरतलब है कि पश्चिम बंगाल भाजपा के लिए संगठनात्मक रूप से चुनौतीपूर्ण राज्य रहा है। यह दौरा ऐसे समय में आया है जब पार्टी नंदीग्राम और रेजीनगर उपचुनावों के लिए मनोबल और संगठनात्मक तैयारी को एक साथ साधने की कोशिश कर रही है। सात शहरी निकाय चुनावों के नज़दीक आते ही स्थानीय कार्यकर्ताओं के साथ सीधा संवाद और केंद्रीय नेतृत्व की उपस्थिति पार्टी की चुनावी तैयारियों को नई दिशा दे सकती है। अब सबकी निगाहें इस बात पर होंगी कि इस दौरे से निकलने वाली रणनीति ज़मीनी स्तर पर कितनी प्रभावी साबित होती है।