बीआरएस आगामी चुनावों में वापसी के लिए केटी रामाराव का पदयात्रा अभियान

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बीआरएस आगामी चुनावों में वापसी के लिए केटी रामाराव का पदयात्रा अभियान

सारांश

केटी रामाराव ने तेलंगाना में आगामी चुनावों के लिए अपनी पार्टी बीआरएस को मजबूत करने की रणनीति के तहत जनहित पर केंद्रित पदयात्रा की योजना बनाई है। क्या यह उनकी पार्टी की वापसी का आधार बनेगा?

Key Takeaways

  • बीआरएस की पदयात्रा के माध्यम से जनता से पुनः जुड़ना।
  • गठबंधन न करने का स्पष्ट निर्णय।
  • जनहित में चुनावी रणनीति पर जोर।

हैदराबाद, 12 अप्रैल (राष्ट्र प्रेस)। बीआरएस के कार्यकारी अध्यक्ष केटी रामाराव ने आगामी चुनावों में जनता से फिर से जुड़ने और पार्टी संगठन को मजबूत करने के उद्देश्य से अगले वर्ष तेलंगाना में जनहित पर केंद्रित एक पदयात्रा की योजना बनाई है।

उन्होंने स्वीकार किया कि अपने एक दशक के कार्यकाल में पार्टी और जनता के बीच एक खाई उत्पन्न हो गई थी, लेकिन उन्होंने कहा कि इस खाई को पाटने के लिए प्रत्यक्ष संपर्क के माध्यम से कदम उठाए जाएंगे, जिसमें प्रस्तावित पदयात्रा भी शामिल है।

उन्होंने यह भी कहा कि बीआरएस आगामी चुनावों में जोरदार वापसी करेगी।

मंचरियाल जिले के क्याथनपल्ली में मीडियाकर्मियों से बातचीत करते हुए उन्होंने बताया कि पार्टी आगामी चुनाव स्वतंत्र रूप से लड़ेगी और किसी अन्य पार्टी के साथ गठबंधन नहीं करेगी। उन्होंने कहा कि गठबंधन हमारे लिए सफलता का मार्ग नहीं रहा है। हम अकेले चुनाव लड़ेंगे और सत्ता में वापसी करेंगे। उन्होंने भाजपा के साथ किसी भी तरह के गठबंधन से भी स्पष्ट रूप से इनकार किया।

बीआरएस सरकार के कार्यकाल में हुई कमियों को स्वीकार करते हुए केटीआर ने कहा कि पार्टी जमीनी स्तर के नेताओं, जैसे कि कार्यकर्ता, सरपंच, एमपीटीसी और मंडल स्तर के प्रतिनिधियों के साथ प्रभावी समन्वय बनाए रखने में विफल रही। उन्होंने यह भी माना कि उत्तरी तेलंगाना के जिलों से बड़ी संख्या में प्रवासी श्रमिक होने के बावजूद सरकार एक व्यापक खाड़ी नीति तैयार नहीं कर सकी।

परिसीमन के मुद्दे पर केटीआर ने कहा कि विधानसभा और संसदीय क्षेत्रों में प्रस्तावित वृद्धि से नए राजनीतिक अवसर उत्पन्न होंगे।

उन्होंने कहा कि यदि वर्तमान आनुपातिक प्रतिनिधित्व प्रणाली बनी रहती है, तो कोई आपत्ति नहीं होगी। उन्होंने कहा कि यदि सभी राज्यों को मौजूदा सीटों में कमी किए बिना समान रूप से सीटें बढ़ाई जाती हैं, तो चिंता का कोई कारण नहीं है।

चुनावी रणनीति पर जोर देते हुए उन्होंने कहा कि पार्टी टिकट आवंटन में जीतने की क्षमता को प्राथमिकता देगी। उन्होंने कहा कि हम उन स्थानों पर उम्मीदवार उतारेंगे जहां जीतने की संभावना है। ऐसे निर्णय लेने में हमें कोई संकोच नहीं होगा। उन्होंने यह भी कहा कि गोदावरी क्षेत्र में नेतृत्व परिवर्तन से पार्टी की संभावनाएं बेहतर हो सकती हैं।

Point of View

NationPress
13/04/2026

Frequently Asked Questions

बीआरएस का आगामी चुनावी अभियान कैसे होगा?
बीआरएस आगामी चुनाव स्वतंत्र रूप से लड़ेगी बिना किसी गठबंधन के, और पार्टी ने पदयात्रा के माध्यम से जनता से जुड़ने की योजना बनाई है।
केटी रामाराव ने क्या स्वीकार किया?
उन्होंने स्वीकार किया कि पार्टी और जनता के बीच एक खाई उत्पन्न हो गई थी, जिसे पाटने के लिए कदम उठाए जाएंगे।
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