क्या ईसीआईनेट ऐप के लिए निर्वाचन आयोग ने नागरिकों से सुझाव मांगे हैं? अंतिम तारीख 10 जनवरी है
सारांश
Key Takeaways
- ईसीआईनेट ऐप को बेहतर बनाने के लिए सुझाव मांगे गए हैं।
- नागरिक 10 जनवरी 2026 तक सुझाव दे सकते हैं।
- यह ऐप मतदान प्रक्रिया को सरल बनाने के लिए है।
- सुझाव देने के लिए ‘सबमिट ए सजेशन’ टैब का उपयोग करें।
- यह ऐप गूगल प्ले स्टोर और एप्पल ऐप स्टोर पर उपलब्ध है।
नई दिल्ली, 3 जनवरी (राष्ट्र प्रेस)। भारत निर्वाचन आयोग ने सभी नागरिकों से ईसीआईनेट ऐप को डाउनलोड करने और उस पर अपने सुझाव देने की अपील की है। आयोग ने बताया है कि ऐप में ‘सबमिट ए सजेशन’ टैब का उपयोग करके लोग अपने सुझाव साझा कर सकते हैं।
आयोग की ओर से यह भी जानकारी दी गई है कि नागरिक 10 जनवरी 2026 तक अपने सुझाव प्रस्तुत कर सकते हैं।
नए ईसीआईनेट ऐप के ट्रायल वर्जन के माध्यम से मतदाताओं को बेहतर सुविधाएं मिल रही हैं, जैसे मतदान प्रतिशत के रुझानों को तेजी से उपलब्ध कराना और मतदान समाप्त होने के 72 घंटे के भीतर इंडेक्स कार्ड का प्रकाशन। पहले, इंडेक्स कार्ड प्रकाशित करने में कई सप्ताह या महीने लग जाते थे। इस ऐप का सफल परीक्षण बिहार विधानसभा चुनाव 2025 और उपचुनावों के दौरान किया गया था।
चुनाव आयोग के अनुसार, इस प्लेटफार्म को सभी राज्यों के चुनाव अधिकारियों, प्रेक्षकों और क्षेत्रीय पदाधिकारियों के सुझावों के आधार पर लगातार सुधारा जा रहा है। सभी सुझावों की समीक्षा की जा रही है और इसे और अधिक यूजर-फ्रेंडली बनाने के लिए भविष्य में अपडेट किया जाएगा। ईसीआईनेट प्लेटफार्म का आधिकारिक लॉन्च इस महीने किया जाएगा।
ईसीआईनेट, मुख्य निर्वाचन आयुक्त ज्ञानेश कुमार के नेतृत्व में निर्वाचन आयुक्त डॉ. सुखबीर सिंह संधु एवं निर्वाचन आयुक्त डॉ. विवेक जोशी द्वारा की गई प्रमुख पहलों में से एक है। 4 मई 2025 को ईसीआईनेट ऐप के विकास की घोषणा की गई थी और तब से इस पर कार्य चल रहा है।
ईसीआईनेट ऐप नागरिकों के लिए एक एकीकृत ऐप है, जो चुनाव से संबंधित पहले के 40 विभिन्न एप्लिकेशन/वेबसाइटों जैसे वोटर हेल्पलाइन ऐप, सक्षम, पोलिंग ट्रेंड्स (वोटर टर्नआउट ऐप) और ‘नो योर कैंडिडेट’ ऐप को एक ही इंटरफेस में समाहित करता है। यह ऐप गूगल प्ले स्टोर और एप्पल ऐप स्टोर दोनों से डाउनलोड किया जा सकता है।