24 अक्टूबर 2026
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गोवा इंजीनियरिंग कॉलेज के 60 वर्ष पूरे: CM प्रमोद सावंत ने इंफ्रास्ट्रक्चर विस्तार के लिए सरकारी मदद का दिया भरोसा

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गोवा इंजीनियरिंग कॉलेज के 60 वर्ष पूरे: CM प्रमोद सावंत ने इंफ्रास्ट्रक्चर विस्तार के लिए सरकारी मदद का दिया भरोसा

सारांश

गोवा कॉलेज ऑफ इंजीनियरिंग ने 60 वर्ष पूरे किए — और मुख्यमंत्री प्रमोद सावंत ने अगले 25 वर्षों के लिए बुनियादी ढाँचे के विस्तार हेतु पूरी सरकारी मदद का वादा किया। इसरो और डीआरडीओ तक पहुँचे इस संस्थान के पूर्व छात्र इसकी असली पहचान हैं।

मुख्य बातें

गोवा कॉलेज ऑफ इंजीनियरिंग (GEC) ने 24 अक्टूबर 2026 को अपनी स्थापना के 60 वर्ष पूरे किए।
मुख्यमंत्री प्रमोद सावंत ने पणजी के लोक भवन में आयोजित डायमंड जुबली समारोह में भाग लिया।
सरकार ने GEC के इंफ्रास्ट्रक्चर विकास पर जितनी जरूरत हो, उतना खर्च करने की प्रतिबद्धता जताई।
अगले 25 वर्षों की दूरदर्शी योजना के तहत कॉलेज के बुनियादी ढाँचे के विस्तार की तैयारी।
GEC के पूर्व छात्र इसरो और डीआरडीओ सहित देश-विदेश में प्रमुख पदों पर कार्यरत हैं।

गोवा के मुख्यमंत्री प्रमोद सावंत ने 24 अक्टूबर 2026 को पणजी स्थित लोक भवन में आयोजित गोवा कॉलेज ऑफ इंजीनियरिंग (GEC) के डायमंड जुबली समारोह में भाग लिया और कॉलेज के बुनियादी ढाँचे के विस्तार के लिए सरकार की पूर्ण प्रतिबद्धता व्यक्त की। इस ऐतिहासिक अवसर पर मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि गोवा सरकार संस्थान के इंफ्रास्ट्रक्चर विकास पर जितना आवश्यक हो, उतना खर्च करने के लिए तैयार है।

डायमंड जुबली समारोह का आयोजन

गोवा कॉलेज ऑफ इंजीनियरिंग की स्थापना के 60 वर्ष पूरे होने पर पणजी के लोक भवन में एक भव्य समारोह आयोजित किया गया। मुख्यमंत्री प्रमोद सावंत ने पत्रकारों से बातचीत में कहा, 'गोवा कॉलेज ऑफ इंजीनियरिंग की 60वीं वर्षगाँठ को चिह्नित करने के लिए रजत जयंती शैली का समारोह आयोजित किया गया। इस संस्थान के पूर्व छात्र वर्तमान में देश और विदेश में विभिन्न महत्वपूर्ण भूमिकाओं में सेवा दे रहे हैं, जिसमें इसरो और डीआरडीओ जैसे संगठनों में प्रमुख पद शामिल हैं। मैं उन सभी को दिल से बधाई देता हूँ।'

यह ऐसे समय में आया है जब देश भर में तकनीकी शिक्षा की गुणवत्ता और प्रासंगिकता पर व्यापक चर्चा हो रही है। GEC का छह दशकों का सफर इस मायने में उल्लेखनीय है कि इसके पूर्व छात्रों ने राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अपनी पहचान बनाई है।

अगले 25 वर्षों की दूरदर्शी योजना

मुख्यमंत्री सावंत ने कहा, 'हमने अगले 25 वर्षों के लिए दूरदर्शी सोच के साथ कॉलेज के बुनियादी ढाँचे का विस्तार करने की योजना बनाई है।' उन्होंने GEC प्रबंधन को आश्वासन दिया कि सरकार भविष्योन्मुखी और नवीन तकनीकी उन्नयन के लिए आवश्यक हर प्रकार का समर्थन प्रदान करने हेतु पूरी तरह प्रतिबद्ध है।

गौरतलब है कि यह वक्तव्य केवल आश्वासन तक सीमित नहीं है — सरकार ने स्पष्ट संकेत दिया है कि विस्तार-योजना पहले से चर्चा में है और इसमें आधुनिक तकनीकी आवश्यकताओं को ध्यान में रखा जाएगा।

GEC का शैक्षणिक मिशन और उद्देश्य

गोवा कॉलेज ऑफ इंजीनियरिंग का फोकस शिक्षा में उत्कृष्टता, शोध, उद्योग सहयोग और छात्रों में मानवीय मूल्यों को बढ़ावा देने पर रहा है। संस्थान का मिशन उच्च शैक्षणिक मानकों को सुनिश्चित करने वाला पाठ्यक्रम तैयार करना और उसे लागू करना है।

इसके अलावा कॉलेज छात्र और फैकल्टी एक्सचेंज कार्यक्रमों तथा इंटर्नशिप के माध्यम से राष्ट्रीय व अंतरराष्ट्रीय संस्थानों, प्रयोगशालाओं और उद्योगों के साथ सहयोग करता है। संस्थान राज्य और देश के लिए प्रासंगिक परामर्श परियोजनाएँ भी शुरू करता है।

पूर्व छात्रों की उपलब्धियाँ और सामाजिक योगदान

GEC के पूर्व छात्र आज इसरो, डीआरडीओ सहित देश-विदेश की कई प्रतिष्ठित संस्थाओं में महत्वपूर्ण भूमिकाएँ निभा रहे हैं। मुख्यमंत्री सावंत ने इस बात पर विशेष जोर दिया कि कॉलेज ने गोवा की प्रतिभाओं को वैश्विक मंच पर स्थापित करने में अहम भूमिका निभाई है।

संस्थान छात्रों में नवाचार, उद्यमिता, नेतृत्व और संसाधन प्रबंधन कौशल विकसित करने के साथ-साथ पर्यावरण के प्रति जागरूकता और टिकाऊ समाधानों को भी प्रोत्साहित करता है।

आगे की राह

मुख्यमंत्री के आश्वासन के बाद अब GEC प्रबंधन से अपेक्षा है कि वह बुनियादी ढाँचे के विस्तार का विस्तृत प्रस्ताव सरकार को सौंपेगा। अगले 25 वर्षों की रूपरेखा में आधुनिक प्रयोगशालाओं, स्मार्ट क्लासरूम और अनुसंधान केंद्रों की संभावना जताई जा रही है। यह कदम गोवा को तकनीकी शिक्षा के क्षेत्र में एक मज़बूत केंद्र के रूप में स्थापित करने की दिशा में महत्वपूर्ण साबित हो सकता है।

संपादकीय दृष्टिकोण

लेकिन 'जितना जरूरी होगा उतना खर्च' जैसी खुली प्रतिबद्धता बिना बजट आवंटन और समयसीमा के महज एक भावनात्मक वक्तव्य बनकर रह सकती है। गोवा जैसे छोटे राज्य में एकमात्र सरकारी इंजीनियरिंग कॉलेज की अहमियत निर्विवाद है, लेकिन असली परीक्षा यह होगी कि विस्तार-योजना में आधुनिक तकनीकी शिक्षा की माँग — जैसे AI, सेमीकंडक्टर और हरित ऊर्जा के क्षेत्र — को कितनी प्राथमिकता मिलती है। 25 वर्षों की रूपरेखा महत्वाकांक्षी है, पर क्रियान्वयन के बिना यह केवल जुबली भाषण बनकर रह सकती है।
RashtraPress
24 अक्टूबर 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

गोवा कॉलेज ऑफ इंजीनियरिंग का डायमंड जुबली समारोह क्या था?
यह GEC की स्थापना के 60 वर्ष पूरे होने पर 24 अक्टूबर 2026 को पणजी के लोक भवन में आयोजित एक विशेष कार्यक्रम था। मुख्यमंत्री प्रमोद सावंत सहित कई गणमान्य अतिथि इसमें शामिल हुए।
CM प्रमोद सावंत ने GEC के लिए क्या घोषणा की?
मुख्यमंत्री सावंत ने कहा कि गोवा सरकार GEC के इंफ्रास्ट्रक्चर विकास के लिए आवश्यक हर सहायता प्रदान करने को तैयार है। उन्होंने अगले 25 वर्षों की दूरदर्शी योजना के तहत बुनियादी ढाँचे के विस्तार का भी उल्लेख किया।
GEC के पूर्व छात्र किन प्रमुख संस्थानों में कार्यरत हैं?
GEC के पूर्व छात्र इसरो और डीआरडीओ जैसे राष्ट्रीय संस्थानों में प्रमुख पदों पर हैं। इसके अलावा वे अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी विभिन्न महत्वपूर्ण भूमिकाओं में कार्य कर रहे हैं।
गोवा कॉलेज ऑफ इंजीनियरिंग का मुख्य उद्देश्य क्या है?
GEC का फोकस शिक्षा में उत्कृष्टता, उन्नत शोध, उद्योग सहयोग और छात्रों में मानवीय मूल्य, पर्यावरण जागरूकता तथा नवाचार को बढ़ावा देना है। संस्थान राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय संस्थाओं के साथ एक्सचेंज और इंटर्नशिप कार्यक्रमों के जरिए सहयोग भी करता है।
GEC के इंफ्रास्ट्रक्चर विस्तार की योजना कब तक लागू होगी?
मुख्यमंत्री सावंत के अनुसार अगले 25 वर्षों की दूरदर्शी योजना के तहत विस्तार की रूपरेखा तैयार की गई है। हालाँकि विशिष्ट बजट आवंटन या समयसीमा की आधिकारिक घोषणा अभी की जानी बाकी है।
राष्ट्र प्रेस
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