नारा लोकेश TDP के पहले राष्ट्रीय कार्यकारी अध्यक्ष बने, 44 साल के इतिहास में पहली बार
सारांश
Key Takeaways
- नारा लोकेश ने 29 अप्रैल 2026 को TDP के पहले राष्ट्रीय कार्यकारी अध्यक्ष के रूप में शपथ ली।
- TDP के 44 साल के इतिहास में यह पद पहली बार सृजित और भरा गया है।
- शपथ समारोह मंगलगिरी स्थित पार्टी मुख्यालय में CM चंद्रबाबू नायडू की उपस्थिति में हुआ।
- नई कार्यकारिणी में पहली बार मंडल और क्लस्टर स्तर के नेताओं को पोलित ब्यूरो में शामिल किया गया।
- अभिनेता-राजनेता एन. बालकृष्ण पोलित ब्यूरो सदस्य के रूप में बरकरार रखे गए।
- नई समितियों की घोषणा 15 अप्रैल को की गई थी।
तेलुगु देशम पार्टी (TDP) विधायक और आंध्र प्रदेश सरकार में मंत्री नारा लोकेश ने 29 अप्रैल 2026 को पार्टी के पहले राष्ट्रीय कार्यकारी अध्यक्ष (नेशनल वर्किंग प्रेसिडेंट) के रूप में शपथ ली। TDP के 44 साल के इतिहास में यह पहला अवसर है जब किसी नेता को इस पद पर नियुक्त किया गया है। यह शपथ समारोह मंगलगिरी स्थित पार्टी मुख्यालय में संपन्न हुआ।
शपथ समारोह का विवरण
TDP के राष्ट्रीय अध्यक्ष और आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री एन. चंद्रबाबू नायडू ने नई कार्यकारिणी के सदस्यों को पद व गोपनीयता की शपथ दिलाई। मुख्यमंत्री नायडू ने पार्टी के पोलित ब्यूरो के साथ-साथ राष्ट्रीय और राज्य स्तरीय समितियों को भी शपथ दिलाई। इन नई समितियों की घोषणा 15 अप्रैल को पहले ही की जा चुकी थी।
शपथ ग्रहण से पूर्व मुख्यमंत्री नायडू, नारा लोकेश और अन्य वरिष्ठ नेताओं ने पार्टी के संस्थापक अध्यक्ष एनटी रामाराव (NTR) को श्रद्धांजलि अर्पित की।
नारा लोकेश: राजनीतिक उत्तराधिकारी की पहचान
43 वर्षीय नारा लोकेश इससे पहले मानव संसाधन विकास, सूचना प्रौद्योगिकी और इलेक्ट्रॉनिक्स जैसे महत्वपूर्ण विभागों की जिम्मेदारी संभाल चुके हैं। उन्हें लंबे समय से 76 वर्षीय मुख्यमंत्री नायडू का राजनीतिक उत्तराधिकारी माना जाता रहा है। इस नियुक्ति के साथ यह संकेत और भी स्पष्ट हो गया है कि लोकेश ही नायडू की विरासत को आगे बढ़ाएंगे।
गौरतलब है कि यह प्रमोशन ऐसे समय में हुआ है जब करीब दो साल पहले TDP के नेतृत्व वाले राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (NDA) ने राज्य में भारी बहुमत के साथ सत्ता हासिल की थी। पार्टी की चुनावी सफलता में लोकेश की अहम भूमिका को देखते हुए इसे उनके लिए एक पुरस्कार के रूप में भी देखा जा रहा है।
नई कार्यकारिणी में नए और अनुभवी चेहरे
नई कार्यकारिणी में अनुभवी नेताओं और नए चेहरों का संतुलित समावेश किया गया है। पार्टी ने अपने नारे 'कैडर ही नेता है' को ध्यान में रखते हुए सक्रिय कार्यकर्ताओं को प्राथमिकता दी है। पहली बार मंडल और क्लस्टर स्तर के नेताओं को भी पोलित ब्यूरो में शामिल किया गया है।
मंगलगिरी क्लस्टर प्रभारी गुथिकोंडा धनुंजय और गंट्याडा मंडल पार्टी अध्यक्ष गंट्याडा श्रीदेवी को पोलित ब्यूरो में जगह मिली है। वरिष्ठ नेता यनामला रामकृष्णुडु और गोरंतला बुच्चैया चौधरी ने अपनी महत्वपूर्ण जिम्मेदारियाँ बरकरार रखी हैं, जो वे NTR और मुख्यमंत्री नायडू के समय से निभाते आ रहे हैं।
परिवारिक और राजनीतिक संबंध
मुख्यमंत्री नायडू के बहनोई और अभिनेता-राजनेता एन. बालकृष्ण को भी पोलित ब्यूरो सदस्य के रूप में बरकरार रखा गया है। उल्लेखनीय है कि बालकृष्ण दिवंगत NTR के पुत्र और नारा लोकेश के ससुर भी हैं। पार्टी ने सोशल मीडिया में सक्रिय भूमिका निभाने वाले कार्यकर्ताओं को भी विभिन्न समितियों में स्थान दिया है।
आगे क्या
नई कार्यकारिणी के गठन के साथ TDP अब राज्य और राष्ट्रीय स्तर पर अपनी संगठनात्मक पकड़ मजबूत करने की दिशा में आगे बढ़ेगी। नारा लोकेश के नेतृत्व में पार्टी की युवा पीढ़ी को केंद्र में रखकर संगठन को नई ऊर्जा देने की कोशिश की जाएगी।