वाशिम: एसटी बस में 70 वर्षीय महिला से ₹1.78 लाख के गहने-नकदी चोरी, 4 महिला आरोपी गिरफ्तार
सारांश
मुख्य बातें
महाराष्ट्र के वाशिम जिले में मंगरुलपीर-अकोला मार्ग पर चलती स्टेट ट्रांसपोर्ट (एसटी) बस में सफर कर रही 70 वर्षीय बुजुर्ग महिला चंद्रकला बोडखे से ₹1.5 लाख के सोने के गहने और ₹28,000 नकद चोरी करने के मामले में पुलिस ने चार महिला आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने बुधवार, 14 अक्टूबर 2026 को यह जानकारी दी। चोरी गया सारा सामान बरामद कर पीड़ित महिला को वापस सौंप दिया गया है।
मुख्य घटनाक्रम
यह घटना तब हुई जब चंद्रकला बोडखे मंगरुलपीर से अकोला जा रही एसटी बस में यात्रा कर रही थीं। पुलिस के अनुसार, चारों आरोपी महिलाओं ने यात्रा के दौरान सुनियोजित तरीके से बुजुर्ग यात्री के उस बैग को निशाना बनाया, जिसमें सोने के गहने और नकदी थी।
जब बस शेलू बाजार पहुँची, तो चारों महिलाएँ अचानक उतर गईं। अन्य यात्रियों को संदेह हुआ, जिसके बाद बोडखे ने अपना बैग जाँचा और पाया कि उनके सोने के गहने तथा नकदी गायब है। उन्होंने शोर मचाकर सहयात्रियों से सहायता माँगी।
पुलिस की त्वरित कार्रवाई
घटना की सूचना मिलते ही स्थानीय पुलिस मौके पर पहुँची और जाँच शुरू की। जाँच में सामने आया कि चारों संदिग्ध महिलाएँ ऑटो-रिक्शा से उस इलाके से रवाना हो चुकी थीं। पुलिस ने तेज़ी से पीछा कर चारों को पकड़ लिया और उनके पास से चोरी का सारा सामान बरामद किया।
बरामद गहने और नकदी बाद में चंद्रकला बोडखे को वापस लौटा दी गई। पुलिस ने चारों महिलाओं के खिलाफ संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज कर आगे की जाँच शुरू कर दी है।
पुणे में अलग मामला: हरियाणा के तीन आरोपी गिरफ्तार
एक अलग मामले में, पुणे पुलिस ने शहर में दर्ज चोरी के नौ मामलों के सिलसिले में हरियाणा के तीन लोगों को गिरफ्तार किया। कई राज्यों में लगभग 4,600 किलोमीटर की यात्रा वाली जाँच के बाद पुलिस ने लगभग ₹23 लाख का कीमती सामान जब्त किया।
पुलिस के अनुसार, आरोपियों ने गणेशोत्सव समारोह और गणेश विसर्जन जुलूस के दौरान भीड़-भाड़ वाली जगहों पर लोगों को निशाना बनाया था। इन मामलों की जाँच विश्रामबाग पुलिस ने की। संदिग्धों की पहचान हरियाणा के पलवल निवासियों के तौर पर हुई — अजय शमशेर विनोद कुमार रूपसिंह कोली (20), अमन शमशेर अनिल कुमार नारायणसिंह कोली (24) और दीपक शमशेर राजूभाई सापसिंह (21)।
इस बीच, गुजरात की अरावली पुलिस ने एक अन्य मामले के सिलसिले में भी इन्हीं तीनों को गिरफ्तार किया था। गुजरात पुलिस की मदद से पुणे पुलिस की टीम ने आरोपियों को हिरासत में लिया।
आम जनता पर असर और सतर्कता की जरूरत
वाशिम की यह घटना सार्वजनिक परिवहन में, विशेष रूप से एसटी बसों में, बुजुर्ग और अकेले यात्रियों की सुरक्षा को लेकर गंभीर सवाल उठाती है। गौरतलब है कि इस तरह की संगठित चोरी की घटनाएँ अक्सर तब होती हैं जब यात्री भीड़ में असावधान हों या कीमती सामान खुले बैग में रखें।
पुलिस ने यात्रियों, विशेषकर बुजुर्गों, को सलाह दी है कि वे सार्वजनिक वाहनों में यात्रा के दौरान अपने कीमती सामान को लेकर सतर्क रहें और किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना तुरंत पुलिस को दें।
क्या होगा आगे
वाशिम पुलिस चारों महिला आरोपियों से पूछताछ कर यह जाँच कर रही है कि क्या वे किसी संगठित गिरोह का हिस्सा हैं जो बसों और अन्य सार्वजनिक परिवहन में चोरी की वारदातें करता है। पुणे मामले में गिरफ्तार तीनों आरोपियों को न्यायिक हिरासत में भेजा गया है और जाँच जारी है।