दिल्ली-एनसीआर में 15-16 अक्टूबर को बारिश का पूर्वानुमान, रात में 18°C तक गिरेगा तापमान
सारांश
मुख्य बातें
भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के अनुसार, दिल्ली-एनसीआर में 15 और 16 अक्टूबर 2026 को बारिश होने की संभावना है — 15 अक्टूबर को मध्यम बारिश और 16 अक्टूबर को गरज-चमक के साथ बौछारें पड़ सकती हैं। न्यूनतम तापमान 16 अक्टूबर की रात तक 18 डिग्री सेल्सियस तक लुढ़कने का अनुमान है, जिससे सुबह और देर रात ठंड का अहसास बढ़ेगा।
तारीख-दर-तारीख मौसम का हाल
15 अक्टूबर को आसमान बादलों से ढका रहेगा और मध्यम बारिश की संभावना है। अधिकतम तापमान 29°C और न्यूनतम 20°C रहने का अनुमान है, जबकि आर्द्रता 65 से 85 प्रतिशत के बीच रह सकती है। IMD ने इस दिन के लिए कोई चेतावनी जारी नहीं की है।
16 अक्टूबर को गरज-चमक के साथ बारिश का पूर्वानुमान है। अधिकतम तापमान 29°C रहेगा, लेकिन न्यूनतम तापमान गिरकर 18°C तक पहुँच सकता है। यह तापमान में उल्लेखनीय गिरावट है जो इस मौसम में सर्दी की पहली दस्तक का संकेत दे सकती है।
17 अक्टूबर से मौसम में सुधार होने लगेगा — आसमान आंशिक रूप से बादलों से घिरा रहेगा, अधिकतम 32°C और न्यूनतम 21°C रहने का अनुमान है। 18 अक्टूबर को आसमान मुख्यतः साफ रहेगा और अधिकतम तापमान 33°C, न्यूनतम 20°C रहने की संभावना है। 19 और 20 अक्टूबर को भी मौसम साफ रहेगा — दोनों दिन अधिकतम 33°C और न्यूनतम 19°C का पूर्वानुमान है।
वायु गुणवत्ता: कई इलाकों में चिंताजनक स्तर
मौसम बदलाव के बीच दिल्ली-एनसीआर की वायु गुणवत्ता अलग-अलग क्षेत्रों में भिन्न बनी हुई है। नोएडा में सेक्टर-125 का AQI 193, सेक्टर-62 का 191, सेक्टर-116 का 140 और सेक्टर-1 का 130 दर्ज किया गया है।
गाजियाबाद में स्थिति अधिक विषम है। लोनी में AQI 278, वेद विहार-लोनी में 230, संजय नगर में 224, वेव सिटी में 200, इंदिरापुरम में 195 और वसुंधरा में 189 रहा। तुलनात्मक रूप से गोविंदपुरम का AQI 38 सबसे कम रहा।
दिल्ली के निगरानी केंद्रों में सोनिया विहार का AQI 248 सबसे ऊँचा रहा, इसके बाद आरके पुरम 218, सिरीफोर्ट 217, पूसा-आईआईटीएम 212, रोहिणी 209, पूसा-DPCC 162, श्री अरबिंदो मार्ग 132 और शादीपुर 122 दर्ज किया गया।
बारिश से प्रदूषण में राहत की उम्मीद
विशेषज्ञों के अनुसार, बारिश होने पर वातावरण में मौजूद धूल और प्रदूषक कण जमीन पर बैठ जाते हैं, जिससे AQI में अस्थायी सुधार देखा जा सकता है। हालाँकि, विशेषज्ञ यह भी स्पष्ट करते हैं कि बारिश प्रदूषण को पूरी तरह समाप्त नहीं करती — वाहन उत्सर्जन, पराली दहन और औद्योगिक धुएँ से उत्पन्न प्रदूषण जल्द लौट आता है।
यह ऐसे समय में आया है जब दिल्ली-एनसीआर में सर्दियों की दस्तक के साथ ही प्रदूषण का मौसम भी शुरू हो जाता है। अक्टूबर के मध्य से नवंबर के बीच पराली जलाने की घटनाएँ बढ़ने लगती हैं, जो क्षेत्र की वायु गुणवत्ता को और खराब कर सकती हैं।
आगे क्या उम्मीद करें
IMD के पूर्वानुमान के अनुसार 17 अक्टूबर के बाद मौसम फिर साफ हो जाएगा और दिन में गर्मी बरकरार रहेगी। लेकिन रात के तापमान में उतार-चढ़ाव जारी रह सकता है। निवासियों को सलाह है कि बारिश के दौरान जलभराव वाले इलाकों में सावधान रहें और उच्च AQI वाले क्षेत्रों में बाहर निकलते समय मास्क का उपयोग करें।