85-90 बार ऑडिशन में रिजेक्ट होने के बाद मिली निम्रत कौर को पहली फिल्म, संघर्ष से बनाई अंतरराष्ट्रीय पहचान
सारांश
Key Takeaways
- निम्रत कौर का संघर्ष और धैर्य प्रेरणादायक है।
- 85-90 बार रिजेक्ट होने के बाद भी उन्होंने हार नहीं मानी।
- उनकी पहली पहचान 'द लंचबॉक्स' से मिली।
- आज वे ओटीटी और बड़े पर्दे पर सफल हैं।
- कठिनाइयों का सामना करने का साहस हर किसी में होना चाहिए।
मुंबई, 12 मार्च (राष्ट्र प्रेस)। व्यक्तिगत जीवन में कई कठिनाइयों का सामना करने के बाद पर्दे पर पहचान बनाने के लिए संघर्ष करना साहसी लोगों का काम है, और इस साहस और जुनून को कम ही अभिनेत्रियों में देखा जा सकता है।
ऐसी ही एक राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय पहचान बना चुकी अभिनेत्री हैं निम्रत कौर, जिन्होंने 'द लंचबॉक्स', 'पेडलर्स', और 'होमलैंड' जैसी फिल्मों के माध्यम से हॉलीवुड और बॉलीवुड में दर्शकों का दिल जीता। लेकिन क्या आप जानते हैं कि उनकी व्यक्तिगत जिंदगी और करियर दोनों ही चुनौतियों से भरे थे?
राजस्थान के एक गांव में 13 मार्च को जन्मी निम्रत कौर का परिवार आर्मी बैकग्राउंड से है। उनके पिता मेजर भूपिंदर सिंह भारतीय सेना में अधिकारी थे, लेकिन कश्मीर में एक विद्रोह के दौरान कुछ लोगों ने उन्हें अपहरण कर लिया और उनकी हत्या कर दी। उस समय निम्रत की उम्र केवल 12 वर्ष थी। पिता को खोने के बाद, वह अपने परिवार के साथ नोएडा आ गईं, जहां उन्होंने कॉलेज की शिक्षा पूरी की।
निम्रत को पहले से ही बॉलीवुड की चमक भा रही थी। अपने सपनों को साकार करने के लिए, उन्होंने न केवल मुंबई का रुख किया बल्कि थिएटर में भी भाग लिया। अपनी कला को निखारने के लिए, उन्होंने कई नाटकों में भाग लिया, लेकिन फिल्मों में आने का रास्ता आसान नहीं था। पैसे कमाने के लिए प्रिंट मॉडलिंग की, लेकिन काम की तलाश में उन्हें बॉलीवुड से नकारात्मक प्रतिक्रियाएँ मिली। उनके रंग, ऊंचाई और शारीरिक बनावट पर सवाल उठाए गए, लेकिन निम्रत ने कभी हार नहीं मानी और मुश्किलों का सामना किया।
उन्होंने एक इंटरव्यू में खुलासा किया था कि काम की तलाश में उन्हें रोज़ कई जगह भटकना पड़ता था और पहला काम 85-90 बार ऑडिशन में रिजेक्ट होने के बाद मिला। निम्रत ने अपने करियर की शुरुआत 2004 में एक एल्बम गाने से की थी। उन्हें "तेरा मेरा प्यार" और "ये क्या हुआ" गानों में लीड के रूप में देखा गया, जिसके बाद अनुराग कश्यप ने उन्हें बॉलीवुड में अवसर दिया। 2012 में, उन्हें 'पेडलर्स' में देखा गया, लेकिन असली पहचान 'द लंचबॉक्स' से मिली।
आज, निम्रत बड़े पर्दे और ओटीटी प्लेटफार्मों पर अपनी अदाकारी का जलवा बिखेर रही हैं। उनकी 'द फैमिली मैन', 'एयरलिफ्ट', 'स्काईफोर्स', और 'दसवीं' दर्शकों की पसंदीदा क्राइम थ्रिलर सीरीज में शामिल हैं।