जनसेवा के 25 वर्ष: PM मोदी ने श्री विनायक मंदिर में की पूजा, गणेश से माँगा देश की प्रगति का आशीर्वाद
सारांश
मुख्य बातें
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने बुधवार, 7 अक्टूबर 2026 की सुबह नई दिल्ली के सरोजिनी नगर स्थित श्री विनायक मंदिर में दर्शन और विशेष पूजा-अर्चना की। यह अवसर विशेष इसलिए रहा क्योंकि आज सरकार के प्रमुख के रूप में उनकी जनसेवा के 25 वर्ष पूरे हो रहे हैं।
मंदिर में पूजा और ईश्वर से कामना
पूजा के दौरान प्रधानमंत्री मोदी ने भगवान श्री गणेश से देशवासियों की सुख-समृद्धि और उत्तम स्वास्थ्य की प्रार्थना की। उन्होंने आगे की यात्रा के लिए आशीर्वाद लिया और देश की सेवा के प्रति अपना संकल्प दोहराया।
पूजा के बाद उन्होंने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर लिखा: 'आज नई दिल्ली के श्री विनायक मंदिर में पूजा-अर्चना की। भगवान श्री गणेश से देशभर के अपने परिवारजनों की सुख-समृद्धि और उत्तम स्वास्थ्य की कामना की। विघ्नहर्ता की कृपा से सबका कल्याण हो और देश निरंतर प्रगति के मार्ग पर आगे बढ़ता रहे।'
25 वर्षों की सार्वजनिक सेवा का सफर
गौरतलब है कि प्रधानमंत्री मोदी अक्टूबर 2001 में गुजरात के मुख्यमंत्री बने थे और मई 2014 तक — यानी लगभग 13 वर्षों तक — उस पद पर रहे, जिससे वे गुजरात के सबसे लंबे समय तक सेवा करने वाले मुख्यमंत्री बने।
2014 में वे पहली बार भारत के प्रधानमंत्री बने। इसके बाद 2019 में दूसरी और 2024 के संसदीय चुनावों में एक और निर्णायक जीत के बाद 9 जून 2024 को तीसरी बार प्रधानमंत्री पद की शपथ ली। इस प्रकार मुख्यमंत्री और प्रधानमंत्री के रूप में उनकी संयुक्त जनसेवा 25 वर्ष पूरी कर चुकी है। वे आज़ादी के बाद जन्मे भारत के पहले प्रधानमंत्री भी हैं।
केंद्रीय मंत्रिमंडल का प्रस्ताव
इस ऐतिहासिक अवसर पर केंद्रीय मंत्रिमंडल ने एक विशेष प्रस्ताव पारित कर प्रधानमंत्री मोदी को बधाई दी। मंत्रिमंडल ने इसे महज औपचारिक सम्मान नहीं, बल्कि 'राष्ट्र प्रथम' और 'नागरिक प्रथम' के सिद्धांतों से प्रेरित एक असाधारण सार्वजनिक सेवा की यात्रा का उत्सव बताया।
आम जनता और राजनीतिक परिदृश्य पर असर
यह मील का पत्थर ऐसे समय में आया है जब भारत अपनी विदेश नीति, आर्थिक विकास और बुनियादी ढाँचे के विस्तार में कई मोर्चों पर सक्रिय है। प्रधानमंत्री मोदी के 25 वर्षों के कार्यकाल में देश ने डिजिटल इंडिया, स्वच्छ भारत अभियान, जीएसटी लागू होने से लेकर चंद्रयान मिशन तक अनेक बड़े परिवर्तन देखे हैं।
यह ऐसे समय में और भी प्रतीकात्मक हो जाता है जब उनकी पार्टी भारतीय जनता पार्टी (BJP) अपने तीसरे कार्यकाल में नई नीतिगत प्राथमिकताएँ स्थापित करने में जुटी है।
क्या होगा आगे
केंद्र सरकार के सूत्रों के अनुसार इस अवसर पर सरकार की उपलब्धियों पर केंद्रित विभिन्न कार्यक्रम आयोजित किए जाने की संभावना है। प्रधानमंत्री मोदी ने संकेत दिया है कि यह आशीर्वाद और संकल्प उनकी भावी सेवा की दिशा तय करते हैं।