मोदी के सार्वजनिक जीवन के 25 वर्ष: CM मोहन यादव ने उज्जैन में दी बधाई, 2047 विकसित भारत का संकल्प
सारांश
मुख्य बातें
मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने 7 अक्टूबर 2026 को उज्जैन में आयोजित सेवा ज्योति कलश यात्रा को संबोधित करते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के सार्वजनिक जीवन के 25 वर्ष पूर्ण होने पर हार्दिक बधाई दी। उन्होंने कहा कि मोदी की राष्ट्र निर्माण के संकल्प की यह अविराम यात्रा 7 अक्टूबर 2001 को गुजरात के मुख्यमंत्री पद से आरंभ हुई थी और आज गौरवपूर्ण 25 वर्षों के पड़ाव पर पहुँच रही है।
सेवा ज्योति कलश यात्रा और राष्ट्रसेवा का संदेश
मुख्यमंत्री मोहन यादव ने उज्जैन में आयोजित सेवा ज्योति कलश यात्रा में देशभर से लाखों नागरिकों की भागीदारी का उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि यह यात्रा 'सबका साथ, सबका विकास, सबका विश्वास और सबका प्रयास' के संकल्प को साकार करने की निरंतर साधना रही है। यात्रा में सम्मिलित लोगों को उन्होंने 2047 तक विकसित भारत के संकल्प को पूरा करने के लिए अपना सर्वश्रेष्ठ योगदान देने की शपथ दिलाई।
अयोध्या मंदिर और समान नागरिक संहिता का उल्लेख
मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में सर्वोच्च न्यायालय के आदेश का पालन करते हुए अयोध्या में भगवान श्रीराम का भव्य मंदिर निर्मित हुआ है। साथ ही, मध्य प्रदेश सरकार ने 'एक देश, एक प्रधान, एक विधान' के संकल्प के तहत विधानसभा के माध्यम से समान नागरिक संहिता (UCC) लागू कराने का मार्ग प्रशस्त किया है।
महाकाल लोक और उज्जैन का पर्यटन उभार
यादव ने बताया कि प्रधानमंत्री मोदी के हाथों उज्जैन में श्री महाकाल लोक का लोकार्पण हुआ, जिसके परिणामस्वरूप उज्जैन धार्मिक पर्यटन का प्रमुख केंद्र बन गया है। उन्होंने आँकड़े देते हुए बताया कि वर्ष 2022 तक यहाँ लगभग 60 से 70 लाख श्रद्धालु आते थे, जबकि वर्ष 2025 में 7 करोड़ तीर्थयात्री उज्जैन पहुँचे। प्रदेश में कुल पर्यटकों की संख्या 20 करोड़ के पार पहुँच गई। गौरतलब है कि यह वृद्धि महाकाल लोक परियोजना के बाद से लगातार देखी जा रही है।
मध्य प्रदेश और विकास की राह
मुख्यमंत्री मोहन यादव ने कहा कि मध्य प्रदेश प्रधानमंत्री मोदी के मार्गदर्शन में विकास और जनकल्याण के पथ पर निरंतर आगे बढ़ रहा है। उन्होंने प्रधानमंत्री के सार्वजनिक जीवन की इस यात्रा को सेवा, सुशासन और गरीब कल्याण को समर्पित बताते हुए कहा कि यह संकल्प राष्ट्र की उन्नति का मजबूत आधार है। आने वाले समय में इस संकल्प को 2047 के विकसित भारत के लक्ष्य तक पहुँचाने की दिशा में कार्य जारी रहेगा।