मोदी के 25 वर्ष पूर्ण: MP कैबिनेट ने पारित किया संकल्प, मोहन यादव बोले — 2047 तक कंधे से कंधा मिलाकर चलेंगे
सारांश
मुख्य बातें
मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की अध्यक्षता में 12 अक्टूबर 2026 को भोपाल स्थित मंत्रालय में मंत्रि-परिषद की एक विशेष बैठक आयोजित हुई, जिसमें प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के सार्वजनिक जीवन के 25 वर्ष पूर्ण होने के उपलक्ष्य में सर्वसम्मति से एक विशेष संकल्प पारित किया गया। इस संकल्प में मध्य प्रदेश सरकार ने वर्ष 2047 तक 'आत्मनिर्भर भारत' और 'विकसित मध्यप्रदेश' के निर्माण में प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व के साथ कदम-से-कदम मिलाकर चलने की प्रतिबद्धता व्यक्त की। राज्य की साढ़े आठ करोड़ से अधिक जनता की ओर से यह संकल्प कृतज्ञतापूर्वक पारित किया गया।
संकल्प की मुख्य बातें
मंत्रि-परिषद ने अपने संकल्प में प्रधानमंत्री मोदी के 25 वर्षों के सार्वजनिक जीवन को त्याग, समर्पण और लोक-कल्याण का प्रतीक बताया। संकल्प में गुजरात के मुख्यमंत्री के रूप में उनकी भूमिका से लेकर देश के प्रधानमंत्री तक की यात्रा को 'अनुपम उदाहरण' के रूप में रेखांकित किया गया। मुख्यमंत्री यादव ने कहा कि प्रधानमंत्री ने 'वी विल डू इट' का मंत्र देकर देश की सामूहिक शक्ति को नई ऊर्जा दी है।
केंद्र की प्रमुख योजनाओं का उल्लेख
संकल्प में केंद्र सरकार की उन योजनाओं की गणना की गई, जिन्हें अंत्योदय की दिशा में महत्वपूर्ण बताया गया। इनमें 80 करोड़ से अधिक नागरिकों को निशुल्क खाद्यान्न, प्रधानमंत्री जन-धन योजना, प्रधानमंत्री मुद्रा योजना, प्रधानमंत्री आवास योजना, जल जीवन मिशन, आयुष्मान भारत, स्वामित्व योजना, पीएम स्वनिधि और उज्ज्वला योजना प्रमुख रूप से शामिल हैं। इनके अतिरिक्त नोटबंदी, जीएसटी, तीन तलाक कानून, तीन नई न्याय संहिताएं और जन-विश्वास अधिनियम का भी विशेष उल्लेख किया गया।
डिजिटल और तकनीकी उपलब्धियाँ
संकल्प के अनुसार यूपीआई की वैश्विक पहचान बढ़ी है और विश्व के लगभग 40 प्रतिशत डिजिटल लेन-देन अब भारत में हो रहे हैं। सेमीकंडक्टर मिशन, राष्ट्रीय क्वांटम मिशन और इंडिया एआई मिशन को नई तकनीक व अनुसंधान की नींव बताया गया है। देश में 2 लाख से अधिक स्टार्ट-अप युवाओं की उद्यमशीलता को नई दिशा दे रहे हैं — जिसे सरकार 'डिजिटल क्रांति' का व्यावहारिक प्रमाण मानती है।
नारी सशक्तिकरण और शिक्षा नीति
संकल्प में नारी शक्ति वंदन अधिनियम के तहत संसद और विधानसभाओं में महिलाओं के लिए एक-तिहाई सीटें आरक्षित करने की दिशा को नारी सशक्तिकरण का ऐतिहासिक कदम बताया गया। राष्ट्रीय शिक्षा नीति-2020, आयुष्मान वय वंदना और जन औषधि केंद्रों का उल्लेख करते हुए इन्हें स्वास्थ्य एवं शिक्षा के क्षेत्र में आए बुनियादी बदलाव का प्रमाण माना गया है।
आगे का रास्ता
मुख्यमंत्री यादव ने स्पष्ट किया कि प्रधानमंत्री मोदी के 'वी विल डू इट' के संकल्प को मध्य प्रदेश सरकार अपना मिशन मानकर आगे बढ़ेगी। उन्होंने विश्वास जताया कि 2047 में जब भारत अपनी स्वतंत्रता के 100 वर्ष पूर्ण करेगा, तब देश की पहचान एक आत्मनिर्भर और विकसित राष्ट्र के रूप में होगी। यह संकल्प मध्य प्रदेश की उस दीर्घकालिक नीतिगत प्रतिबद्धता का प्रतीक है, जो राज्य के विकास को केंद्र के लक्ष्यों के साथ एकीकृत करके देखती है।