क्या प्रधानमंत्री मोदी रिसर्च एंड डेवलपमेंट इकोसिस्टम को सशक्त करने के लिए 1 लाख करोड़ रुपए की योजना शुरू करेंगे?
सारांश
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नई दिल्ली, 2 नवंबर (राष्ट्र प्रेस)। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी सोमवार को सुबह लगभग 9:30 बजे नई दिल्ली के 'भारत मंडपम' में साइंस एंड टेक्नोलॉजी इनोवेशन कॉन्क्लेव (ईएसटीआईसी) का उद्घाटन करेंगे। इस मौके पर प्रधानमंत्री उपस्थित जनसमूह को अपना संबोधन भी देंगे।
देश में रिसर्च एंड डेवलपमेंट इकोसिस्टम को बढ़ावा देने के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी सोमवार को एक लाख करोड़ रुपए की रिसर्च डेवलपमेंट एंड इनोवेशन (आरडीआई) योजना की शुरुआत करने जा रहे हैं। इस योजना का उद्देश्य देश में निजी क्षेत्र द्वारा संचालित रिसर्च एंड डेवलपमेंट इकोसिस्टम को सशक्त करना है।
ईएसटीआईसी का आयोजन 3 से 5 नवंबर तक होगा। इस कॉन्क्लेव में शिक्षा जगत, अनुसंधान संस्थान, उद्योग और सरकार के 3,000 से अधिक प्रतिभागी, साथ ही नोबेल पुरस्कार विजेता, प्रख्यात वैज्ञानिक, इनोवेटर्स और नीति निर्माता भी शामिल होंगे।
प्रधानमंत्री कार्यालय (पीएमओ) के अनुसार, विचार-विमर्श 11 प्रमुख विषय क्षेत्रों पर केंद्रित होगा, जिनमें एडवांस मटेरियल्स एंड मैन्युफैक्चरिंग, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, बायो-मैन्युफैक्चरिंग, ब्लू इकॉनमी, डिजिटल कम्युनिकेशन, इलेक्ट्रॉनिक्स एंड सेमीकंडक्टर मैन्युफैक्चरिंग, उभरती एग्रीकल्चर टेक्नोलॉजी, एनर्जी, एनवायरनमेंट एंड क्लाइमेट, हेल्थ एंड मेडिकल टेक्नोलॉजी, क्वांटम साइंस एंड टेक्नोलॉजी और स्पेस टेक्नोलॉजी शामिल हैं।
प्रेस विज्ञप्ति में यह भी बताया गया कि ईएसटीआईसी में प्रमुख वैज्ञानिक अपने विचार साझा करेंगे। इसके अलावा पैनल डिस्कशन, प्रेजेंटेशन और टेक्नोलॉजी का प्रदर्शन किया जाएगा। यह कार्यक्रम भारत के साइंस एंड टेक्नोलॉजी इकोसिस्टम को मजबूत करने के लिए शोधकर्ताओं, उद्योग और युवा इनोवेटर्स के बीच सहयोग का एक मंच प्रदान करेगा।
केंद्रीय राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) जितेंद्र सिंह के अनुसार, 'ईएसटीआईसी 2025' युवा इनोवेटर्स, स्टार्टअप्स और शोधकर्ताओं के लिए नए समाधान खोजने, मार्गदर्शन प्राप्त करने और उद्योग व स्टेकहॉल्डर के साथ जुड़ने का एक मंच है।