क्या राहुल गांधी समय और सुविधा मिलने पर राम मंदिर का दर्शन करेंगे? - तनुज पुनिया
सारांश
Key Takeaways
- राहुल गांधी राम मंदिर के दर्शन करेंगे जब उन्हें समय मिलेगा।
- पाकिस्तान की ड्रोन गतिविधियों पर कड़ी कार्रवाई की आवश्यकता है।
- चुनाव आयोग को लेकर ममता बनर्जी के सवाल सही हैं।
- कानून का पालन होना चाहिए, कोई भी कानून से ऊपर नहीं है।
- राजनीतिक पारदर्शिता आवश्यक है।
लखनऊ, 14 जनवरी (राष्ट्र प्रेस)। कांग्रेस नेता और सांसद तनुज पुनिया ने बुधवार को कई महत्वपूर्ण मुद्दों पर अपने विचार व्यक्त किए। इनमें राहुल गांधी का राम मंदिर दर्शन, पाकिस्तान से जुड़ी कथित ड्रोन गतिविधियां, सीजेएम कोर्ट के आदेश पर एफआईआर, चुनाव आयोग को लेकर ममता बनर्जी का बयान और अखिलेश यादव द्वारा एक चीनी प्रतिनिधिमंडल से मुलाकात पर उठाए गए सवाल शामिल हैं।
राम मंदिर के संबंध में पूछे गए सवाल पर तनुज पुनिया ने समाचार एजेंसी राष्ट्र प्रेस से कहा कि अब राम मंदिर का निर्माण पूरा हो चुका है और जब भी राहुल गांधी को समय और सुविधा मिलेगी, वे वहां दर्शन करने जाएंगे।
उन्होंने स्पष्ट किया कि इस विषय में कोई विवाद या विशेष जानकारी नहीं है। मंदिर सभी के लिए खुला है, और हर व्यक्ति अपने समय के अनुसार वहां जा सकता है।
पुनिया ने पाकिस्तान की ओर से हो रही कथित ड्रोन गतिविधियों पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि सीमा पार से ऐसी घटनाएं लगातार बढ़ रही हैं।
उन्होंने कहा कि कुछ दिन पहले सैन्य अधिकारियों ने भी कहा था कि ऐसी गतिविधियों पर कड़ी कार्रवाई जरूरी है। बार-बार सीमा पार से आतंकवादी हमले हो रहे हैं, जो भारत की धरती पर हो रहे हैं। हाल ही में दिल्ली समेत अन्य स्थानों पर जो घटनाएं हुई हैं, वे इस बात का स्पष्ट संकेत हैं कि पाकिस्तान या उससे जुड़े आतंकी संगठन हालात का फायदा उठाने की कोशिश कर रहे हैं। भारत को इस पर कड़ा संदेश देना चाहिए और जिम्मेदार लोगों के खिलाफ सख्त कदम उठाने चाहिए।
ममता बनर्जी के चुनाव आयोग को लेकर दिए गए बयान पर तनुज पुनिया ने कहा कि उन्होंने सही सवाल उठाए हैं।
उन्होंने कहा कि लगभग 54 लाख मतदाताओं के नामों को लेकर सवाल उठाए गए हैं और इस पर कोई ठोस उत्तर नहीं दिया गया। पुनिया ने आरोप लगाया कि पूरा इंडिया गठबंधन पहले ही यह बात कह चुका है कि भाजपा चुनाव आयोग का इस्तेमाल एक चुनावी औजार के रूप में कर रही है ताकि वह सत्ता में आ सके और उसे बनाए रख सके। उन्होंने कहा कि जिन लोगों की लापरवाही से इतनी बड़ी स्थिति पैदा हुई, उनके खिलाफ कार्रवाई होनी चाहिए।
सीजेएम कोर्ट के आदेश पर अनुज चौधरी के खिलाफ एफआईआर दर्ज करने के मामले में भी उन्होंने कहा कि कानून से ऊपर कोई नहीं है और न्यायिक आदेशों का पालन होना चाहिए।
इसके अतिरिक्त, अखिलेश यादव द्वारा चीनी प्रतिनिधिमंडल से मुलाकात पर उठे सवालों का उल्लेख करते हुए पुनिया ने कहा कि हाल ही में एक चीनी प्रतिनिधिमंडल भारत आया था, जिसने आरएसएस और DGP स्तर के लोगों से मुलाकात की।
उन्होंने सवाल उठाया कि पहले भाजपा चीन के नाम पर दूसरों पर सवाल उठाती थी, लेकिन अब स्वयं ऐसे प्रतिनिधिमंडलों से मुलाकात हो रही है। उन्होंने कहा कि इन मुलाकातों में भी पारदर्शिता होनी चाहिए और देश को सच्चाई बताई जानी चाहिए।