देवीपाटन मंडल में 'संध्या संवाद' की शुरुआत 8 मई से, श्रावस्ती ग्राम पंचायत में पहली खुली चौपाल

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देवीपाटन मंडल में 'संध्या संवाद' की शुरुआत 8 मई से, श्रावस्ती ग्राम पंचायत में पहली खुली चौपाल

सारांश

योगी सरकार की योजनाएँ अब सिर्फ कागज़ों में नहीं, सीधे गाँव की चौपाल तक। देवीपाटन मंडलायुक्त दुर्गा शक्ति नागपाल 8 मई को श्रावस्ती की ग्राम पंचायत में 'संध्या संवाद' के ज़रिए ग्रामीणों से सीधा संवाद करेंगी — समस्या सुनो, मौके पर सुलझाओ, उसी दिन प्रमाणपत्र दो।

Key Takeaways

संध्या संवाद कार्यक्रम की शुरुआत 8 मई 2025 को श्रावस्ती की चयनित ग्राम पंचायत से होगी। देवीपाटन मंडलायुक्त दुर्गा शक्ति नागपाल की अगुवाई में खुली चौपाल में ग्रामीणों की समस्याओं का तत्काल निस्तारण किया जाएगा। कार्यक्रम देवीपाटन मंडल के चार जिलों — गोंडा, बहराइच, श्रावस्ती और बलरामपुर — में आयोजित होगा। चयनित ग्राम में एक दिवसीय विशेष शिविर में पात्र लाभार्थियों को उसी दिन प्रमाणपत्र वितरित किए जाएंगे। 8 मई को सुबह 10 बजे से जनसुनवाई, दोपहर 2 बजे से परियोजनाओं का स्थलीय निरीक्षण और शाम 5 बजे से संध्या संवाद का कार्यक्रम निर्धारित है।

देवीपाटन मंडल के चार जिलों में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के 'सबका साथ, सबका विकास और सबका विश्वास' के विजन को ज़मीनी स्तर पर साकार करने के लिए ग्राम पंचायत स्तर पर 'संध्या संवाद कार्यक्रम' की अभिनव पहल शुरू की जा रही है। इसकी शुरुआत 8 मई 2025 को श्रावस्ती की एक चयनित ग्राम पंचायत से होगी, जहाँ देवीपाटन मंडलायुक्त दुर्गा शक्ति नागपाल की अगुवाई में खुली चौपाल का आयोजन किया जाएगा। इस पहल का उद्देश्य सरकारी योजनाओं का लाभ समाज के अंतिम पायदान पर खड़े व्यक्ति तक सीधे पहुँचाना है।

क्या है संध्या संवाद कार्यक्रम

संध्या संवाद कार्यक्रम के तहत ग्रामीण अपनी समस्याएँ, सुझाव और अनुभव सीधे प्रशासन के सामने रख सकेंगे। मंडलायुक्त दुर्गा शक्ति नागपाल ने बताया कि इस कार्यक्रम का उद्देश्य न केवल समस्याओं का त्वरित समाधान करना है, बल्कि योजनाओं के क्रियान्वयन में आ रही बाधाओं की भी पहचान करना है। मौके पर मौजूद अधिकारी ग्रामीणों की समस्याओं का तत्काल निस्तारण करेंगे, जिससे नागरिकों को बार-बार सरकारी कार्यालयों के चक्कर नहीं लगाने पड़ेंगे।

किन जिलों में होगा आयोजन

यह कार्यक्रम देवीपाटन मंडल के चार जिलों — गोंडा, बहराइच, श्रावस्ती और बलरामपुर — की ग्राम पंचायतों में आयोजित किया जाएगा। गौरतलब है कि यह क्षेत्र प्रदेश के सबसे पिछड़े और वंचित इलाकों में गिना जाता है, जहाँ सरकारी योजनाओं की पहुँच सुनिश्चित करना प्रशासन के लिए एक बड़ी चुनौती रही है। यह ऐसे समय में आया है जब योगी सरकार ग्रामीण जनसंपर्क को और प्रभावी बनाने पर ज़ोर दे रही है।

8 मई का पूरा कार्यक्रम

8 मई 2025 को श्रावस्ती में दिनभर की गतिविधियाँ निर्धारित की गई हैं। सुबह 10 बजे से 12 बजे तक जनसुनवाई होगी। इसके बाद दोपहर 12 बजे से 1 बजे तक विभिन्न विभागों के कर्मचारियों, पेंशनरों और विशेष रूप से वरिष्ठ नागरिकों की विभागीय व पेंशन संबंधी समस्याओं का निस्तारण किया जाएगा। दोपहर 2 बजे से 4 बजे तक जिले में निर्मित एवं निर्माणाधीन परियोजनाओं की गुणवत्ता जाँच के लिए मंडलायुक्त स्थलीय निरीक्षण करेंगी। शाम 5 बजे से 7 बजे के बीच चयनित ग्राम पंचायत में 'संध्या संवाद' का आयोजन होगा।

विशेष शिविर और पारदर्शी वितरण

चयनित ग्राम में एक दिवसीय विशेष शिविर भी लगाया जाएगा, जहाँ पात्र व्यक्तियों को विभिन्न सरकारी योजनाओं का लाभ मौके पर ही प्रदान किया जाएगा। लाभार्थियों को उसी दिन प्रमाणपत्र वितरित किए जाएंगे। यह सुनिश्चित किया जाएगा कि जनप्रतिनिधियों की उपस्थिति में योजनाओं का पारदर्शी तरीके से वितरण हो। संबंधित विभागों के अधिकारियों को सभी आवश्यक अभिलेखों के साथ मौके पर उपस्थित रहने के निर्देश दिए गए हैं।

आगे की राह

प्रशासनिक अधिकारियों के अनुसार, यह पहल देवीपाटन मंडल की चारों जिलों की अन्य ग्राम पंचायतों में भी क्रमशः विस्तारित की जाएगी। यदि श्रावस्ती में यह मॉडल सफल रहा, तो इसे प्रदेश के अन्य मंडलों में भी अपनाए जाने की संभावना है।

Point of View

लेकिन असली कसौटी क्रियान्वयन की निरंतरता होगी। उत्तर प्रदेश में ऐसे जनसंपर्क कार्यक्रम पहले भी शुरू हुए हैं, जो शुरुआती उत्साह के बाद धीरे-धीरे औपचारिकता बन जाते हैं। देवीपाटन मंडल के चारों जिले — गोंडा, बहराइच, श्रावस्ती और बलरामपुर — मानव विकास सूचकांक में प्रदेश के सबसे पिछड़े क्षेत्रों में हैं, जहाँ योजनाओं की 'लास्ट माइल डिलीवरी' की चुनौती वास्तविक है। यदि इस मॉडल में जवाबदेही का कोई स्वतंत्र सत्यापन तंत्र नहीं जोड़ा गया, तो यह कार्यक्रम भी उन अनेक 'चौपाल' पहलों की सूची में जुड़ सकता है जो सुर्खियाँ तो बनाती हैं, पर ज़मीन पर बदलाव नहीं।
NationPress
01/05/2026

Frequently Asked Questions

संध्या संवाद कार्यक्रम क्या है?
संध्या संवाद कार्यक्रम देवीपाटन मंडल में ग्राम पंचायत स्तर पर आयोजित एक खुली चौपाल पहल है, जिसमें मंडलायुक्त सीधे ग्रामीणों से संवाद कर उनकी समस्याओं का मौके पर समाधान करते हैं। इसके साथ ही एक दिवसीय शिविर में पात्र लाभार्थियों को सरकारी योजनाओं का लाभ उसी दिन दिया जाता है।
संध्या संवाद कार्यक्रम की शुरुआत कब और कहाँ होगी?
इस कार्यक्रम की शुरुआत 8 मई 2025 को उत्तर प्रदेश के श्रावस्ती जिले की एक चयनित ग्राम पंचायत से होगी। देवीपाटन मंडलायुक्त दुर्गा शक्ति नागपाल शाम 5 बजे से 7 बजे के बीच खुली चौपाल की अगुवाई करेंगी।
8 मई को श्रावस्ती में पूरे दिन क्या-क्या कार्यक्रम होंगे?
सुबह 10 से 12 बजे तक जनसुनवाई, दोपहर 12 से 1 बजे तक कर्मचारियों व पेंशनरों की समस्याओं का निस्तारण, दोपहर 2 से 4 बजे तक निर्माण परियोजनाओं का स्थलीय निरीक्षण और शाम 5 से 7 बजे तक संध्या संवाद का आयोजन होगा।
इस कार्यक्रम से किन जिलों के ग्रामीणों को लाभ मिलेगा?
यह कार्यक्रम देवीपाटन मंडल के चार जिलों — गोंडा, बहराइच, श्रावस्ती और बलरामपुर — की ग्राम पंचायतों में आयोजित किया जाएगा। श्रावस्ती से शुरुआत के बाद इसे अन्य जिलों में भी विस्तारित किया जाएगा।
शिविर में लाभार्थियों को उसी दिन प्रमाणपत्र कैसे मिलेगा?
मंडलायुक्त के निर्देश पर संबंधित विभागों के अधिकारी सभी आवश्यक अभिलेखों के साथ मौके पर उपस्थित रहेंगे। पात्र व्यक्तियों को योजनाओं का लाभ तत्काल प्रदान कर उसी दिन प्रमाणपत्र वितरित किए जाएंगे, जिससे बार-बार कार्यालय जाने की ज़रूरत नहीं पड़ेगी।
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