क्या तमिलनाडु सरकार राशन कार्ड धारकों के लिए 3,000 रुपए की 'पोंगल गिफ्ट योजना' शुरू कर रही है?

Click to start listening
क्या तमिलनाडु सरकार राशन कार्ड धारकों के लिए 3,000 रुपए की 'पोंगल गिफ्ट योजना' शुरू कर रही है?

सारांश

तमिलनाडु सरकार 'पोंगल' पर्व के उपलक्ष्य में एक नई योजना की शुरुआत कर रही है, जिसमें 2.22 करोड़ से अधिक राशन कार्ड धारकों को 3,000 रुपए नकद दिए जाएंगे। इस योजना का उद्देश्य समाज के कमजोर वर्गों का समर्थन करना है। जानें इस योजना के प्रमुख पहलुओं के बारे में।

Key Takeaways

  • 2.22 करोड़ राशन कार्ड धारकों को 3,000 रुपए नकद मिलेंगे।
  • गन्ना, चावल और चीनी शामिल हैं 'पोंगल गिफ्ट पैकेज' में।
  • समाज के कमजोर वर्गों का समर्थन करना है योजना का मुख्य उद्देश्य।

चेन्नई, 8 जनवरी (राष्ट्र प्रेस)। तमिलनाडु की एमके स्टालिन सरकार 'पोंगल' उत्सव के अवसर पर आज 'पोंगल गिफ्ट योजना' की शुरुआत करने जा रही है। इस योजना के अंतर्गत, राज्य में निवास कर रहे श्रीलंकाई तमिल परिवारों सहित 2.22 करोड़ से अधिक राशन कार्ड धारकों को 'पोंगल गिफ्ट पैकेज' के रूप में 3,000 रुपए नकद प्रदान किए जाएंगे।

मुख्यमंत्री एमके स्टालिन चेन्नई के अलंदूर क्षेत्र में एक राशन की दुकान पर जाकर इस योजना का औपचारिक उद्घाटन करेंगे। योजना के प्रारंभ के बाद, लाभार्थी तमिलनाडु भर की राशन दुकानों से अपने निर्धारित समय पर 'पोंगल गिफ्ट पैकेज' प्राप्त कर सकते हैं। हर 'पोंगल गिफ्ट पैकेज' में गन्ना, चावल और चीनी के अलावा 3,000 रुपए की नकद सहायता शामिल है।

सरकार ने आदेश दिया है कि वितरण प्रक्रिया तुरंत शुरू की जाए और सभी राशन दुकानों पर सुचारू रूप से जारी रहे, ताकि जनता को कोई असुविधा न हो। अधिकारियों ने बताया कि 'पोंगल गिफ्ट पैकेज' के लिए आवश्यक चावल और चीनी राज्य की राशन दुकानों तक भेजी जा चुकी है। वितरण प्रक्रिया की निगरानी सुनिश्चित करने के लिए इसे बारीकी से ट्रैक किया जा रहा है।

गन्ने के वितरण के संदर्भ में अधिकारियों ने बताया कि आवश्यक मात्रा का 50 प्रतिशत से 80 प्रतिशत पहले ही विभिन्न राशन दुकानों तक पहुंच चुका है। शेष गन्ना अगले कुछ दिनों में जिला प्रशासन के माध्यम से वितरित किया जाएगा। ताजा गन्ने की वितरण प्रक्रिया पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है, और जहां भी कमी होगी, वहां समय पर डिलीवरी सुनिश्चित करने के लिए व्यवस्था की गई है।

अधिकारियों ने कहा कि पिछले पोंगल त्योहारों के दौरान बांटी गई धोती और साड़ियों का लगभग 80 प्रतिशत लाभार्थियों द्वारा उपयोग किया गया था, जबकि इन वस्तुओं का 100 प्रतिशत राशन दुकानों को वितरित किया गया था। बचा हुआ स्टॉक वर्तमान में सरकारी गोदामों में सुरक्षित है और जहां भी मांग होगी, वहां तुरंत राशन दुकानों तक पहुंचाया जाएगा।

वितरण के दौरान भारी भीड़ को नियंत्रित करने के लिए क्षेत्रों में पुलिस सुरक्षा का प्रबंध किया गया है। राशन दुकान के कर्मचारियों को 'पोंगल त्योहार' के पूरे दिन तक छुट्टी न लेने का निर्देश दिया गया है, ताकि सेवा निर्बाध रूप से जारी रह सके। पहाड़ी क्षेत्रों के लिए भी विशेष प्रबंध किए गए हैं। चूंकि इन क्षेत्रों में निवास करने वाले लोग जल्दी काम पर निकलते हैं, इसलिए पहाड़ी क्षेत्रों में राशन की दुकानें सुबह 6 बजे खुलेंगी ताकि लाभार्थियों को सुविधा मिले।

टोकन वितरण की प्रक्रिया बुधवार को समाप्त हो गई। जिन लोगों को अब तक टोकन नहीं मिले हैं, उन्हें सलाह दी गई है कि वे अपनी-अपनी राशन की दुकानों पर जाएं और अधिकारियों द्वारा बताई गई तारीखों पर 'पोंगल गिफ्ट पैकेज' प्राप्त करें।

Point of View

जो उन्हें आर्थिक सहायता प्रदान करती है। यह राज्य सरकार की एक सकारात्मक कोशिश है, जो समाज के कमजोर वर्गों को सशक्त करने के लिए की जा रही है। इस प्रकार की योजनाएँ न केवल आर्थिक सुरक्षा प्रदान करती हैं, बल्कि सामाजिक समरसता को भी बढ़ावा देती हैं।
NationPress
09/01/2026

Frequently Asked Questions

क्या 'पोंगल गिफ्ट योजना' के तहत सभी राशन कार्ड धारकों को लाभ मिलेगा?
हाँ, इस योजना के अंतर्गत राज्य में रहने वाले सभी राशन कार्ड धारकों को लाभ मिलेगा।
यह योजना कब शुरू हो रही है?
'पोंगल गिफ्ट योजना' आज से शुरू हो रही है।
लाभार्थी कब तक पैकेज ले सकते हैं?
लाभार्थी अपने तय समय के अनुसार राशन दुकानों से पैकेज प्राप्त कर सकते हैं।
Nation Press