एशियन गेम्स 2026: भारतीय पुरुष हॉकी टीम सेमीफाइनल में, जापान को 2-0 से हराकर लगातार चौथी जीत
सारांश
मुख्य बातें
भारतीय पुरुष हॉकी टीम ने एशियन गेम्स 2026 के सेमीफाइनल में जगह पक्की कर ली है। 26 सितंबर 2026 को काकामिगहारा के कावासाकी जुको हॉकी स्टेडियम में खेले गए पूल ए मुकाबले में भारत ने मेजबान जापान को 2-0 से पराजित किया। यह टूर्नामेंट में भारत की लगातार चौथी जीत है और मौजूदा चैंपियन के रूप में अपनी खिताबी दावेदारी को और मजबूत करती है।
मुख्य गोल और स्कोरकार्ड
अभिषेक ने 15वें मिनट में शानदार फील्ड गोल दागकर भारत को पहली बढ़त दिलाई। जापानी डिफेंस ने उन्हें सर्कल के टॉप पर अत्यधिक समय दिया, जिसका फॉरवर्ड ने पूरा फायदा उठाते हुए गोलकीपर को छकाकर गेंद गोल में डाल दी। दूसरा और निर्णायक गोल कप्तान हरमनप्रीत सिंह ने 40वें मिनट में छठे पेनल्टी कॉर्नर पर रॉकेट की रफ्तार से फ्लिक मारकर दाएं कोने में दागा, जिससे जापानी गोलकीपर ताकाशी योशिकावा के पास कोई मौका नहीं था।
यादगार पल — संजय का 100वाँ अंतरराष्ट्रीय मैच
इस मुकाबले में भारतीय डिफेंडर संजय ने अपना 100वाँ सीनियर इंटरनेशनल मैच खेला, जो उनके करियर का एक ऐतिहासिक पड़ाव है। यह उपलब्धि लगातार बारिश के बीच खेले गए इस कड़े मुकाबले में और भी विशेष बन गई।
मैच का घटनाक्रम
मैच की शुरुआत तेज गति से हुई। दोनों टीमों ने आक्रामक हॉकी खेली। तीसरे मिनट में ही अभिषेक एरियल पास पर एक-तरफा स्थिति में पहुँचे, लेकिन खतरनाक खेल के कारण मूव रोक दिया गया। मनप्रीत सिंह ने पाँचवें मिनट में पेनल्टी कॉर्नर दिलाया, पर हरमनप्रीत का फ्लिक भारतीय खिलाड़ी को ही लगा। जापान ने सातवें और 10वें मिनट में खतरनाक मौके बनाए, लेकिन गोलकीपर सूरज करकेरा अडिग रहे। 10वें मिनट में जापान का एक गोल इसलिए अमान्य हो गया क्योंकि गेंद एक भारतीय खिलाड़ी के पैर से लगी थी।
दूसरे क्वार्टर में जापान ने 17वें मिनट में पेनल्टी कॉर्नर से खतरा पैदा किया, लेकिन र्योमा ओका का शॉट भारतीय खिलाड़ी की स्टिक से रुक गया। मोहित एचएस ने भी एक महत्वपूर्ण बचाव कर जापान की बराबरी की कोशिश नाकाम की। भारत हाफ-टाइम में 1-0 की बढ़त के साथ गया।
तीसरे क्वार्टर में जापान ने डीप डिफेंस और तेज जवाबी हमलों की रणनीति अपनाई। 36वें मिनट में उन्होंने पेनल्टी कॉर्नर हासिल किया; शोता यामाडा की पहली कोशिश विफल रही और वीडियो रेफरल के जरिए मिले दूसरे मौके को करकेरा ने बेहतरीन बचाव से रोका। इसी क्वार्टर के 40वें मिनट में हरमनप्रीत ने भारत को 2-0 की बढ़त दिलाई।
अंतिम क्वार्टर में जापान ने संघर्ष जारी रखा। 58वें मिनट में मानाबू यामाशिता को आखिरी मौका मिला, लेकिन उनका शॉट गोल के सामने से निकल गया। भारत ने संयम से बढ़त बचाए रखी और 2-0 से जीत हासिल की।
आम जनता और टीम पर असर
यह जीत भारत के लिए इसलिए भी अहम है क्योंकि टीम ने पूल ए में एक भी गोल गँवाए बिना अपनी पूरी स्थिति मजबूत की है। मौजूदा चैंपियन के रूप में सेमीफाइनल में पहुँचना खिताब की रक्षा के लिए उत्साहजनक संकेत है। करोड़ों भारतीय हॉकी प्रशंसकों के लिए यह एशियन गेम्स 2026 में देश का सबसे चमकदार प्रदर्शन बनता जा रहा है।
आगे क्या होगा
भारतीय टीम पूल ए के अपने अंतिम ग्रुप मुकाबले में 28 सितंबर को बांग्लादेश से भिड़ेगी। सेमीफाइनल में प्रवेश पहले ही तय हो चुका है, इसलिए यह मैच कॉम्बिनेशन और फॉर्म परखने का अवसर होगा। पदक दौड़ में भारत की निगाहें स्वर्ण पर टिकी हैं।