एबी डिविलियर्स का बड़ा बयान: रोहित-विराट के बिना 2027 वनडे विश्व कप नहीं जाऊंगा
सारांश
मुख्य बातें
दक्षिण अफ्रीका के पूर्व कप्तान एबी डिविलियर्स ने 3 अक्टूबर 2026 को स्पष्ट शब्दों में कहा कि रोहित शर्मा और विराट कोहली का अनुभव 2027 वनडे विश्व कप के लिए भारतीय टीम के लिए अपरिहार्य है और वह इन दोनों दिग्गजों के बिना विश्व कप में जाने की कल्पना तक नहीं कर सकते। वर्ल्ड चैंपियनशिप ऑफ लेजेंड्स के आधिकारिक प्रसारक FanCode के साथ एक विशेष बातचीत में डिविलियर्स ने यह बात कही।
रोहित-विराट के अनुभव की अहमियत
डिविलियर्स ने भारतीय चयनकर्ताओं को कोहली और रोहित को दरकिनार कर आगे बढ़ने के खिलाफ जोरदार राय दी। उन्होंने कहा, 'संन्यास एक निजी फैसला है। मैं अगले विश्व कप में रोहित के बिना नहीं जाऊंगा। मुझे लगता है कि वह बहुत ज्यादा अनुभव के साथ आते हैं। रोहित और विराट के होने से बाकी स्क्वॉड को जो विश्वास मिलता है, वह बहुत ज्यादा है।'
उन्होंने अपने खुद के करियर का हवाला देते हुए कहा कि हर सफल स्क्वॉड में कुछ अनुभवी खिलाड़ी होते हैं, जो फील्डिंग में उतने तेज़ नहीं होते, लेकिन मिड-ऑफ, स्लिप या थर्ड मैन जैसी रणनीतिक जगहों पर अपनी भूमिका बखूबी निभाते हैं। उनके अनुसार, 'मेरे हिसाब से रोहित और विराट को अगले वनडे विश्व कप में भारतीय टीम में होना चाहिए।'
विराट कोहली के नए अवतार पर डिविलियर्स की राय
डिविलियर्स ने कोहली के हालिया मानसिक बदलाव और आक्रामक अप्रोच की तारीफ करते हुए कहा कि यह उनका बेहतर संस्करण है। उन्होंने कहा, 'जिस तरह से वह बहुत रिलैक्स्ड रहते हैं और मैदान पर होते हैं, आप लगभग देख सकते हैं कि वह पूरी तरह से आजाद हैं। उन्होंने आईसीसी चैंपियंस ट्रॉफी 2025 में इसके संकेत दिखाए थे।'
गौरतलब है कि कोहली ने वनडे क्रिकेट में अपनी पारी की शुरुआत से ही पारंपरिक संयमित रोल छोड़कर सीधे आक्रामक बल्लेबाजी का रुख अपनाया है — यह बदलाव क्रिकेट विशेषज्ञों द्वारा भी नोट किया गया है।
डिविलियर्स की कोहली को व्यक्तिगत सलाह
डिविलियर्स ने खुलासा किया कि उन्होंने कोहली से उनकी 28 से 32 साल की उम्र में बात की थी और उन्हें सलाह दी थी कि बहुत ज्यादा इंटेंस न हों। उन्होंने कहा, 'मैंने विराट से कहा था कि बस थोड़ा आराम से बैठो, अपने गेम पर कड़ी मेहनत करो और दूसरे लोगों की जिंदगी पर असर डालो।' उन्होंने कहा कि यह बात अब पहले से कहीं ज्यादा साफ दिख रही है।
डिविलियर्स ने यह भी कहा कि करियर के अंतिम दौर में एक खिलाड़ी को एहसास होता है कि वह कितना शुक्रगुजार है। उनके अनुसार, 'आप अपने शुरुआती दिनों को याद करें, जब आप पाँच साल के लड़के थे और क्रिकेट के मैदान में दौड़ते थे और बस खेल का मजा लेते थे — यह लगभग पूरा साइकिल होता है।'
2027 विश्व कप पर असर
डिविलियर्स का मानना है कि कोहली का यह नया, स्वतंत्र मानसिक दृष्टिकोण 2027 वनडे विश्व कप में टीम इंडिया के लिए सकारात्मक प्रभाव डालेगा। उन्होंने कहा कि क्योंकि वे बहुत फ्री हैं, इसलिए मैदान पर सही फैसले ले रहे हैं। यह ऐसे समय में आया है जब भारत अपना तीसरा पुरुष वनडे विश्व कप खिताब जीतने की तैयारी में है और चयन नीति पर बहस तेज है।
डिविलियर्स ने यह भी जोड़ा कि युवा खिलाड़ियों के लिए कोहली जैसे दिग्गज के साथ ड्रेसिंग रूम साझा करना एक अमूल्य अनुभव है, और इस मानसिक स्थिति में कोहली से सीखने को पहले से कहीं ज्यादा मिल रहा है।