जोश हेजलवुड 300 टेस्ट विकेट से 5 कदम दूर, बोले — टीम की जीत मेरी प्राथमिकता
सारांश
मुख्य बातें
ऑस्ट्रेलिया के अनुभवी तेज गेंदबाज जोश हेजलवुड 300 टेस्ट विकेट के ऐतिहासिक मुकाम से महज 5 विकेट दूर हैं, लेकिन उनका कहना है कि व्यक्तिगत आँकड़ों से कहीं बड़ी उनकी प्राथमिकता ऑस्ट्रेलियाई टीम की सामूहिक सफलता है। बांग्लादेश के खिलाफ डार्विन में होने वाले पहले टेस्ट मैच में हेजलवुड 13 महीने के लंबे अंतराल के बाद मैदान पर वापसी के लिए पूरी तरह तैयार हैं।
वापसी की पृष्ठभूमि
हेजलवुड पिछली गर्मियों में हैमस्ट्रिंग इंजरी और उसके बाद पिंडली की चोट के कारण एशेज सीरीज से बाहर रहे थे। इस लंबे विश्राम के बाद उन्होंने ब्रिस्बेन के नेशनल क्रिकेट सेंटर में गहन तैयारी की है। उन्होंने बताया कि इस बार की ट्रेनिंग पूरी तरह टेस्ट मैच के अनुरूप तैयार की गई — एक ही दिन में कई बार और लगातार दिनों तक गेंदबाजी का अभ्यास।
हेजलवुड ने कहा, 'मुझे लगता है यह पहली बार है जब हम बिना कोई मैच खेले सीधे टेस्ट सीरीज में उतर रहे हैं। इस बार की ट्रेनिंग पूरी तरह टेस्ट मैच के हिसाब से बनाई गई है। मुझे लगता है यह फायदेमंद रहेगी।'
300 विकेट का ऐतिहासिक मुकाम
यदि हेजलवुड बांग्लादेश के खिलाफ पहले टेस्ट में यह आँकड़ा छू लेते हैं, तो वह डेनिस लिली, ग्लेन मैकग्रा, ब्रेट ली, मिशेल जॉनसन, मिशेल स्टार्क और पैट कमिंस की एलीट सूची में शामिल हो जाएँगे — जो ऑस्ट्रेलिया की ओर से टेस्ट क्रिकेट में 300 या उससे अधिक विकेट लेने वाले तेज गेंदबाज हैं।
हालाँकि हेजलवुड ने इस मील के पत्थर को लेकर सतर्क रवैया अपनाया। उन्होंने कहा, 'मुझे लगता है कि जब भी आप खेल में आगे देखते हैं, तो यह आपको बहुत तेजी से नुकसान पहुंचा सकता है। मैंने हमेशा ऐसा किया है। एक बार जब आप यह सब कर लेते हैं, तो आप डार्विन को देखते हैं।'
अगले 12 महीनों की बड़ी चुनौतियाँ
ऑस्ट्रेलिया को अगले 12 महीनों में 21 टेस्ट मैच खेलने हैं, जिनमें इंग्लैंड और भारत के खिलाफ सीरीज प्रमुख हैं। हेजलवुड ने स्वीकार किया कि वह कभी दक्षिण अफ्रीका में जीत दर्ज करने वाली ऑस्ट्रेलियाई टीम का हिस्सा नहीं रहे, और इसीलिए ये तीनों सीरीज उनके लिए विशेष महत्व रखती हैं।
उन्होंने कहा, 'ये बहुत बड़ी टेस्ट सीरीज हैं और ये सभी बाहर खेली जाएँगी। इसलिए मुकाबला कड़ा होगा। उम्मीद है कि हम अपना काम अच्छे से कर पाएँगे।'
बोलैंड के साथ साझेदारी और वर्कलोड प्रबंधन
व्यस्त टेस्ट कैलेंडर को देखते हुए हेजलवुड ने साथी तेज गेंदबाज स्कॉट बोलैंड के साथ अधिक मैच खेलने की इच्छा जताई, जिन्होंने एशेज के दौरान उनकी अनुपस्थिति में उल्लेखनीय प्रदर्शन किया था। हेजलवुड ने कहा, 'हर बार जब वह आए हैं, तो उन्होंने बहुत अच्छा प्रदर्शन किया है। जैसे-जैसे उनकी उम्र बढ़ रही है, उनका करियर और बेहतर होता जा रहा है।'
उन्होंने यह भी कहा कि अगले 18 महीनों में माइकल नेसर और ब्रेंडन डॉगेट सहित सभी छह तेज गेंदबाजों पर निर्भरता रहेगी। यह ऐसे समय में आया है जब वर्कलोड मैनेजमेंट ऑस्ट्रेलियाई क्रिकेट की सबसे बड़ी रणनीतिक चुनौती बन चुकी है।