जीत रावल ने क्रिकेट से संन्यास लिया, 24 टेस्ट में 1,143 रन; पार्थिव पटेल के साथ की थी स्कूली ओपनिंग
सारांश
मुख्य बातें
भारतीय मूल के न्यूजीलैंड के सलामी बल्लेबाज जीत रावल ने 9 अक्टूबर 2026 को पेशेवर क्रिकेट से संन्यास की घोषणा की। 38 वर्षीय रावल ने आखिरी बार जनवरी 2020 में न्यूजीलैंड की राष्ट्रीय टीम के लिए मैदान में उतरे थे, और उनके जाने से घरेलू क्रिकेट का एक महत्वपूर्ण अध्याय बंद होता है।
करियर की शुरुआत: अहमदाबाद से ऑकलैंड तक
रावल का जन्म 22 सितंबर 1988 को अहमदाबाद, गुजरात में हुआ था। उनके पिता का सपना था कि उनका बेटा एक दिन न्यूजीलैंड की तरफ से अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट खेले, और इसी सपने को साकार करने के लिए पूरा परिवार न्यूजीलैंड चला गया। भारत में रहते हुए रावल अहमदाबाद के विद्यानगर स्कूल में भारत के पूर्व विकेटकीपर बल्लेबाज पार्थिव पटेल के साथ क्रिकेट खेलते थे — दोनों उसी स्कूल टीम के लिए पारी की शुरुआत किया करते थे।
न्यूजीलैंड पहुँचने के बाद रावल ने अंडर-19 स्तर पर न्यूजीलैंड का प्रतिनिधित्व किया और घरेलू क्रिकेट में ऑकलैंड तथा नॉर्दर्न डिस्ट्रिक्ट्स (ND) टीम के लिए लंबे समय तक खेले।
अंतरराष्ट्रीय करियर
बाएँ हाथ के इस सलामी बल्लेबाज ने नवंबर 2016 में 28 वर्ष की आयु में न्यूजीलैंड के लिए टेस्ट क्रिकेट में पदार्पण किया। उन्होंने कुल 24 टेस्ट मैच खेले, जिनकी 39 पारियों में 1 शतक और 7 अर्धशतक की मदद से 1,143 रन बनाए। वनडे और टी20 अंतरराष्ट्रीय में न्यूजीलैंड की ओर से पदार्पण का अवसर उन्हें नहीं मिल सका।
घरेलू क्रिकेट में विशाल योगदान
अंतरराष्ट्रीय करियर सीमित रहने के बावजूद रावल न्यूजीलैंड के घरेलू सर्किट में एक स्तंभ बने रहे। 164 प्रथम श्रेणी मैचों में उन्होंने 24 शतक और 50 अर्धशतक की बदौलत 10,432 रन बनाए, जिसमें सर्वोच्च स्कोर 256 रन रहा। 96 लिस्ट ए मैचों में 4 शतक और 13 अर्धशतक के साथ 2,714 रन, तथा 76 टी20 मैचों में 8 अर्धशतक लगाते हुए 1,484 रन उनके करियर का आँकड़ा है।
संन्यास पर रावल के भाव
नॉर्दर्न डिस्ट्रिक्ट्स क्रिकेट एसोसिएशन को दिए एक साक्षात्कार में रावल ने कहा, 'यह फैसला लेते हुए मुझे गर्व और संतुष्टि महसूस हो रही है। ब्लैककैप्स के लिए खेलना मेरा और मेरे पिता का सपना था। मुझे यह मौका देने के लिए उन्होंने पूरे परिवार को न्यूजीलैंड शिफ्ट करने का बड़ा कदम उठाया।' गौरतलब है कि क्रिकेट के प्रति इस पारिवारिक समर्पण ने उन्हें दो देशों की संस्कृतियों को जोड़ने वाला अनूठा खिलाड़ी बनाया।
क्या होगा आगे
नॉर्दर्न डिस्ट्रिक्ट्स क्रिकेट के जनरल मैनेजर इयान सैंडब्रुक ने रावल को टीम का अनुभवी और शांत नेतृत्व प्रदान करने वाला खिलाड़ी बताया, और कहा कि उनके रन, विकेट और नेतृत्व की कमी खलेगी। क्रिकेट के बाद रावल अपनी पेशेवर ज़िंदगी में चार्टर्ड अकाउंटेंट (CA) के रूप में काम जारी रखेंगे — वे पहले से ही एक ऑडिटिंग फर्म से जुड़े हुए हैं।