स्मृति मंधाना का जिम्बाब्वे पर 4 विकेट से जीत के बाद बड़ा बयान: 'सुधार की जरूरत अभी भी है'
सारांश
मुख्य बातें
भारतीय महिला क्रिकेट टीम की कप्तान स्मृति मंधाना ने 16 अक्टूबर 2026 को रायपुर के शहीद वीर नारायण सिंह इंटरनेशनल स्टेडियम में जिम्बाब्वे के खिलाफ टी20 सीरीज के पहले मैच में 4 विकेट की जीत के बाद स्वीकार किया कि टीम अपनी पूरी क्षमता से नहीं खेल सकी। 115 रनों के मामूली लक्ष्य के बावजूद भारत एक समय 19/4 की मुश्किल स्थिति में पहुँच गया था, और जीत का रास्ता दीप्ति शर्मा (49) तथा डेब्यूटेंट निक्की प्रसाद (39 नाबाद) की 82 रनों की महत्वपूर्ण साझेदारी ने खोला।
मैच का मुख्य घटनाक्रम
जिम्बाब्वे ने पहले बल्लेबाजी करते हुए निर्धारित ओवरों में 114/5 का स्कोर बनाया। जवाब में भारत का पावरप्ले ही आपदाग्रस्त रहा और शीर्ष क्रम के चार विकेट सस्ते में गँवाने के बाद टीम संकट में दिखी। इसके बाद दीप्ति शर्मा और डेब्यूटेंट निक्की प्रसाद ने पाँचवें विकेट के लिए 82 रनों की साझेदारी की और भारत को 26 गेंदें शेष रहते जीत दिलाई। इस जीत से 'विमेन इन ब्लू' ने तीन मुकाबलों की सीरीज में 1-0 की बढ़त बना ली है।
कप्तान मंधाना की प्रतिक्रिया
मैच के बाद मंधाना ने कहा, 'बतौर टीम हम शायद उस तरह नहीं खेल पाए जैसा हमने सोचा था, लेकिन जीत तो जीत होती है। कुछ खिलाड़ियों का प्रदर्शन शानदार रहा: नंदनी शर्मा ने बहुत अच्छी गेंदबाजी की, निक्की प्रसाद ने अपने पहले ही मैच में कमाल का संयम दिखाया, और दीप्ति शर्मा — वह तो लंबे समय से ऐसा ही प्रदर्शन करती आ रही हैं। वह इस खेल की एक सच्ची लीजेंड हैं। हम जीत से बहुत खुश हैं, लेकिन अभी भी काफी कुछ सीखने को मिला है और एक टीम के रूप में हमें कई चीजों पर काम करने की जरूरत है।'
टीम की कमियों के बारे में पूछे जाने पर मंधाना ने बताया कि ड्रेसिंग रूम में इस पर पहले ही चर्चा हो चुकी है। उन्होंने कहा, 'मैंने ड्रेसिंग रूम में उन बातों पर चर्चा कर ली है। जैसे-जैसे हम आगे बढ़ेंगे, लोगों को इसके नतीजे जरूर दिखने लगेंगे। अच्छी बात यह रही कि आज मैदान पर हमारी ऊर्जा बहुत शानदार थी — खासकर जिस तरह से मैदान में पूरी जान लगाकर फील्डिंग की गई, वह हमारे लिए एक बड़ा सकारात्मक पहलू रहा।'
दीप्ति शर्मा की पारी पर विशेष नज़र
मंधाना ने दीप्ति शर्मा की पारी को मैच का टर्निंग पॉइंट बताया। उन्होंने कहा, 'उन्होंने शानदार बल्लेबाजी की। जिस तरह से उन्होंने गेंदबाजों पर हमला बोला, उससे उन्होंने उन्हें कभी भी जमने या हावी होने का मौका नहीं दिया। उनके इस इरादे के साथ बल्लेबाजी करते देख, मुझे दूसरे छोर से अपने शॉट्स खेलने का काफी आत्मविश्वास मिला।'
जिम्बाब्वे की कप्तान का आकलन
जिम्बाब्वे की कप्तान जोसेफिन नकोमो ने अपनी टीम की गेंदबाजी की सराहना की। उन्होंने कहा, 'मैं अपनी गेंदबाजी और हमारे जज्बे से बहुत प्रभावित हुई, जिसकी बदौलत हमने पावरप्ले में ही भारत का स्कोर 19/4 कर दिया।' हालाँकि नकोमो ने माना कि जिम्बाब्वे की पारी में 67 डॉट गेंदें एक कमजोर पहलू रहीं। उन्होंने कहा, 'हमें अपने डॉट बॉल प्रतिशत पर काम करने की जरूरत है। अगर हम उनमें से कुछ को सिंगल या डबल में बदल सकें, तो हमारी स्थिति काफी बेहतर हो जाएगी।'
अनजान टीम से मुकाबले की चुनौती
मंधाना ने स्वीकार किया कि जिम्बाब्वे जैसी कम-परिचित टीम के खिलाफ खेलना अपने आप में एक परीक्षा थी। 'जिम्बाब्वे की तारीफ करनी होगी, उनके बल्लेबाजों ने वाकई बेहतरीन क्रिकेट शॉट्स खेले। किसी अनजान टीम के खिलाफ खेलना मुश्किल हो सकता है, क्योंकि आपको पता नहीं होता कि उनसे क्या उम्मीद की जाए, लेकिन पारी के आखिर में हमने जिस तरह से स्लोअर वेरिएशंस का इस्तेमाल किया, वह बहुत कारगर रहा।' यह सीरीज का दूसरा मुकाबला जल्द ही होना है, और इस जीत के साथ भारत सुधार की दिशा में कदम बढ़ाते हुए मैदान में उतरेगी।