पूनम राउत ने अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट से लिया संन्यास, 73 वनडे में 2,299 रन का सफर समाप्त
सारांश
मुख्य बातें
भारतीय महिला क्रिकेट की पूर्व ओपनर पूनम राउत ने 15 अक्टूबर 2026 को अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट के सभी प्रारूपों से संन्यास की घोषणा की, जिससे उनके एक दशक से अधिक लंबे अंतरराष्ट्रीय करियर का आधिकारिक समापन हो गया। 37 वर्षीय मुंबई की इस बल्लेबाज़ ने आखिरी बार 2021 में भारत के लिए मैदान पर कदम रखा था।
संन्यास की घोषणा
पूनम ने अपने इंस्टाग्राम अकाउंट पर एक भावपूर्ण बयान जारी करते हुए लिखा, 'काफी सोच-विचार के बाद, मैंने अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट के सभी प्रारूपों से संन्यास लेने का फैसला किया है। भारत का प्रतिनिधित्व करना मेरे जीवन का सबसे बड़ा सम्मान रहा है।' उन्होंने कहा कि क्रिकेट ने उन्हें विपरीत परिस्थितियों में डटे रहना सिखाया और ऐसी यादें दीं जिन्हें वे हमेशा संजोकर रखेंगी।
करियर की प्रमुख उपलब्धियाँ
मुंबई की रहने वाली पूनम ने मार्च 2009 में वेस्टइंडीज के खिलाफ वनडे डेब्यू किया था। उन्होंने अपने वनडे करियर के 73 मुकाबलों में 34.83 की औसत से 2,299 रन बनाए, जिसमें 3 शतक और 15 अर्धशतक शामिल हैं। 35 टी20 मुकाबलों में उनके नाम 719 रन हैं, जबकि उन्होंने 4 टेस्ट मुकाबलों में 264 रन भी जोड़े।
पूनम उस ऐतिहासिक भारतीय टीम का अहम हिस्सा थीं जो इंग्लैंड में आयोजित आईसीसी विमेंस वनडे वर्ल्ड कप 2017 के फाइनल में पहुँची थी। अपने पूरे अंतरराष्ट्रीय करियर में वे तीन वनडे वर्ल्ड कप और चार टी20 वर्ल्ड कप में भारत का प्रतिनिधित्व कर चुकी हैं।
2017 वर्ल्ड कप और महिला क्रिकेट का बदलता परिदृश्य
पूनम ने वर्ल्ड कप 2017 को अपने करियर का सबसे यादगार पल बताया। उनके शब्दों में, 'भले ही हम ट्रॉफी जीतने से चूक गईं, लेकिन उस टूर्नामेंट ने भारत में महिला क्रिकेट की तस्वीर बदल दी। इसने युवा लड़कियों की एक पूरी पीढ़ी को प्रेरित किया और हमारे खेल का भविष्य बदल दिया।' गौरतलब है कि उस टूर्नामेंट के बाद भारत में महिला क्रिकेट की लोकप्रियता में उल्लेखनीय वृद्धि देखी गई।
आभार और भविष्य की योजनाएँ
पूनम ने भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (बीसीसीआई), मुंबई क्रिकेट एसोसिएशन और भारतीय रेलवे का विशेष आभार जताया, जिन्होंने उनके करियर को आकार दिया। उन्होंने पूर्व कप्तान मिताली राज को भी विशेष रूप से धन्यवाद दिया और कहा, 'आपका नेतृत्व और खेल के प्रति आपका समर्पण हमेशा मेरे लिए प्रेरणा का स्रोत रहा है।'
कोचिंग सर्टिफिकेशन पूरा कर चुकीं पूनम ने संकेत दिया कि वे भविष्य में क्रिकेट को कुछ वापस देना चाहती हैं। उन्होंने कहा, 'एक अंतरराष्ट्रीय क्रिकेटर के रूप में मेरा सफर समाप्त हो रहा है, लेकिन खेल के प्रति मेरा प्यार कभी कम नहीं होगा।' यह भारतीय महिला क्रिकेट के लिए एक अनुभवी बल्लेबाज़ के अगले अध्याय की शुरुआत है।