आग में झुलसे TMC विधायक बैरन बिस्वास एयर एम्बुलेंस से दिल्ली रवाना, डायबिटीज से बढ़ी चिंता
सारांश
मुख्य बातें
सागरदिघी विधानसभा क्षेत्र के मौजूदा विधायक बैरन बिस्वास को मुर्शिदाबाद जिले के धुलियान स्थित आवास में भीषण आग लगने से गंभीर जलन की चोटें आई हैं। उन्नत चिकित्सा सुविधा की आवश्यकता को देखते हुए उन्हें रविवार शाम एयर एम्बुलेंस से नई दिल्ली ले जाया गया। इस घटना में उनकी पत्नी भी घायल हुई थीं, हालाँकि प्राथमिक उपचार के बाद उन्हें छुट्टी दे दी गई।
घटनाक्रम: धुलियान से दिल्ली तक का सफर
बैरन बिस्वास को आग लगने के तुरंत बाद धुलियान स्थित उनके अपने नर्सिंग होम में भर्ती कराया गया था। चूँकि उस नर्सिंग होम में बर्न यूनिट की सुविधा उपलब्ध नहीं थी, इसलिए रविवार सुबह उन्हें आईसीयू एम्बुलेंस में कोलकाता के एक नर्सिंग होम में स्थानांतरित किया गया।
इसके बाद परिवार ने राज्य से बाहर बेहतर इलाज का निर्णय लिया और रविवार शाम एयर एम्बुलेंस के ज़रिए उन्हें नई दिल्ली रवाना किया गया। यह जानकारी सोमवार, 5 अक्टूबर 2026 को सामने आई।
स्वास्थ्य स्थिति और डायबिटीज की चुनौती
विधायक के भाई मिल्टन बिस्वास ने बताया कि बैरन बिस्वास की हालत फिलहाल स्थिर है। हालाँकि उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि विधायक डायबिटीज के मरीज़ हैं, जिसके चलते जलन की चोटों के ठीक होने की प्रक्रिया में जटिलताएँ बढ़ सकती हैं।
मिल्टन बिस्वास ने कहा, 'बिना कोई जोखिम उठाए सबसे अच्छा इलाज दिया जा रहा है।' उन्होंने यह भी बताया कि घटना से पहले विधायक का ब्लड शुगर लेवल अचानक गिर गया था, जिसे लेकर कुछ अटकलें फैल रही थीं — इन्हें परिवार ने सिरे से खारिज किया।
राजनीतिक पृष्ठभूमि: सागरदिघी से बागी धड़े तक
बैरन बिस्वास ने पहली बार 2023 के उपचुनाव में सागरदिघी सीट जीती थी। वे भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस (INC) के उम्मीदवार के रूप में कम्युनिस्ट पार्टी ऑफ इंडिया (मार्क्सवादी) नेतृत्व वाले लेफ्ट फ्रंट के समर्थन से चुने गए थे।
जीत के तुरंत बाद वे तत्कालीन तृणमूल कांग्रेस (TMC) महासचिव और डायमंड हार्बर सांसद अभिषेक बनर्जी की उपस्थिति में TMC में शामिल हो गए। पार्टी बदलने के बावजूद, पश्चिम बंगाल विधानसभा के आधिकारिक रिकॉर्ड में वे कार्यकाल समाप्त होने तक — जो 2026 में हुआ — कांग्रेस विधायक के रूप में दर्ज रहे।
2026 के पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव में TMC ने उन्हें सागरदिघी से उम्मीदवार बनाया। उन्होंने भारतीय जनता पार्टी (BJP) के प्रत्याशी तापस कुमार चक्रवर्ती को 34,260 मतों के अंतर से हराया — बिस्वास को 90,781 वोट मिले, जबकि चक्रवर्ती को 56,521 वोट।
गौरतलब है कि फिलहाल बैरन बिस्वास TMC के भीतर रितब्रत बनर्जी के नेतृत्व वाले बागी धड़े 'डेमोक्रेटिक तृणमूल कांग्रेस' से जुड़े हैं, जो पार्टी की पहचान को लेकर जारी विवाद के बीच सक्रिय है।
आगे क्या
परिवार के अनुसार नई दिल्ली में उच्चस्तरीय चिकित्सा सुविधा में बैरन बिस्वास का उपचार जारी है। डायबिटीज की जटिलता को देखते हुए चिकित्सक उनकी स्थिति पर करीबी निगरानी रख रहे हैं। उनके शीघ्र स्वास्थ्य लाभ और राजनीतिक गतिविधियों पर असर पर सभी की नज़रें टिकी हैं।