गुजरातियों का अपमान: खड़गे के बयान पर भूपेंद्र पटेल का तीखा जवाब
सारांश
Key Takeaways
- खड़गे का विवादास्पद बयान गुजरात के लोगों को 'अशिक्षित' बताता है।
- भूपेंद्र पटेल ने इस पर तीखी प्रतिक्रिया दी है।
- यह मामला महात्मा गांधी और सरदार पटेल की गरिमा से जुड़ा है।
- गुजरात ने राष्ट्र निर्माण में हमेशा अग्रणी भूमिका निभाई है।
- आने वाले समय में लोग कांग्रेस को नकार सकते हैं।
नई दिल्ली, 5 अप्रैल (राष्ट्र प्रेस)। कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे ने केरल में एक चुनावी रैली के दौरान गुजरात के निवासियों के बारे में एक विवादास्पद टिप्पणी की। खड़गे ने कहा कि गुजरात के लोग 'अशिक्षित' हैं और उन्हें पीएम मोदी आसानी से गुमराह कर सकते हैं, जबकि केरल के लोग अधिक समझदार और शिक्षित हैं, इसलिए वे किसी भ्रम में नहीं पड़ सकते। इस बयान पर अब गुजरात के मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल ने कड़ी प्रतिक्रिया दी है।
मुख्यमंत्री ने खड़गे के इस बयान को आपत्तिजनक और दुर्भाग्यपूर्ण बताते हुए कहा कि यह गुजरातवासियों का अपमान है।
उन्होंने कहा कि खड़गे का यह बयान महात्मा गांधी और सरदार पटेल की पावन धरती की गरिमा को भी ठेस पहुंचाता है।
सोशल मीडिया पर एक पोस्ट में भूपेंद्र पटेल ने लिखा, "कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे जी द्वारा गुजरात के लोगों के बारे में दिए गए बयान अत्यंत आपत्तिजनक और दुर्भाग्यपूर्ण हैं। इस तरह की टिप्पणियाँ न केवल 6 करोड़ गुजरातवासियों का अपमान करती हैं, बल्कि महात्मा गांधी और सरदार पटेल की पावन धरती की गरिमा को भी ठेस पहुंचाती हैं।"
मुख्यमंत्री ने आगे कहा कि गुजरात ने हमेशा राष्ट्र निर्माण, विकास और एकता में अग्रणी भूमिका निभाई है और आगे भी करता रहेगा। ऐसे बयान कांग्रेस की संकीर्ण सोच को दर्शाते हैं। यह टिप्पणी स्पष्ट करती है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में भाजपा की विकास की राजनीति और उसे मिल रहे व्यापक जनसमर्थन से कांग्रेस कितना असहज और असुरक्षित महसूस कर रही है।
उन्होंने कहा कि गुजरात की जागरूक जनता ऐसे बयानों का जवाब देना जानती है, और भविष्य में केरल की जनता भी कांग्रेस को नकारकर भाजपा की विकास की राजनीति का समर्थन करेगी, यह निश्चित है।