क्या दिल्ली के द्वारका में एएटीएस ने कुख्यात अपराधी को गिरफ्तार किया?
सारांश
Key Takeaways
- दिल्ली में एएटीएस की सक्रियता
- कुख्यात अपराधियों की धरपकड़
- पुलिस की नियमित पेट्रोलिंग से सुरक्षा
- आपराधिक इतिहास का महत्व
- गिरफ्तारी से क्षेत्र में सुरक्षा बढ़ी
नई दिल्ली, 20 जनवरी (राष्ट्र प्रेस)। द्वारका जिला पुलिस की एंटी ऑटो थेफ्ट स्क्वॉड (एएटीएस) की टीम ने अपराध पर नियंत्रण स्थापित करने के लिए एक बड़ी उपलब्धि हासिल की है, जिसमें एक कुख्यात अपराधी को गिरफ्तार किया गया है। आरोपी के पास से एक देसी पिस्तौल और एक जिंदा कारतूस बरामद हुआ है।
गिरफ्तार आरोपी मोहित पहले से ही हत्या के प्रयास, आर्म्स एक्ट और आबकारी अधिनियम से जुड़े कई मामलों में शामिल रहा है।
पुलिस के अनुसार, एएटीएस द्वारका जिले की सतर्क टीम ने नियमित पेट्रोलिंग और गुप्त सूचना के आधार पर यह कार्रवाई की। द्वारका जिले के डीसीपी के निर्देश पर अपराध की रोकथाम और अपराधियों की धरपकड़ के लिए टीमों को लगातार अलर्ट मोड पर रखा गया है। इसी कड़ी में एक विशेष टीम गठित की गई, जिसने योजनाबद्ध तरीके से कार्रवाई को अंजाम दिया।
यह टीम उप निरीक्षक जितेंद्र सिंह, हेड कांस्टेबल मनीष कुमार, हेड कांस्टेबल संदीप, हेड कांस्टेबल सोनू और हेड कांस्टेबल मनोज कुमार की थी, जो इंस्पेक्टर कमलेश कुमार, प्रभारी एएटीएस द्वारका के पर्यवेक्षण में और एसीपी/ऑपरेशंस की समग्र निगरानी में काम कर रही थी। टीम ने आरोपी मोहित (34) को धर दबोचा। आरोपी की पहचान मोहित पुत्र सुरेंद्र के रूप में हुई है, जो दिल्ली के जाफरपुर कलां थाना क्षेत्र अंतर्गत गांव धांसा, जितियन पाना, फिरनी वाला रोड का निवासी है।
तलाशी के दौरान उसके पास से एक देसी पिस्तौल और एक जिंदा कारतूस बरामद किया गया, जिसे उसने अवैध रूप से रखा था। आरोपी मोहित का आपराधिक इतिहास रहा है। वह पहले भी हत्या के प्रयास, आर्म्स एक्ट और आबकारी अधिनियम सहित चार से अधिक आपराधिक मामलों में शामिल रहा है। पुलिस का कहना है कि आरोपी की गिरफ्तारी से इलाके में किसी बड़ी वारदात को टालने में मदद मिली है।
इस मामले में आरोपी के खिलाफ थाना द्वारका नॉर्थ में एफआईआर संख्या 17/26, दिनांक 11 जनवरी 2026, धारा 25/54/59 आर्म्स एक्ट के तहत मामला दर्ज किया गया है। पुलिस आरोपी से पूछताछ कर रही है ताकि यह पता लगाया जा सके कि वह हथियार कहां से लाया था और इसके पीछे उसका मकसद क्या था।