क्या कोच्चि प्रवर्तन विभाग ने कोल्लम के अनीश बाबू को गिरफ्तार किया, काजू व्यापारियों को धोखा देने के आरोप में?

Click to start listening
क्या कोच्चि प्रवर्तन विभाग ने कोल्लम के अनीश बाबू को गिरफ्तार किया, काजू व्यापारियों को धोखा देने के आरोप में?

सारांश

कोच्चि प्रवर्तन विभाग ने काजू व्यापारियों के साथ धोखाधड़ी करने के आरोप में अनीश बाबू को गिरफ्तार किया है। यह मामला 24.76 करोड़ रुपये से जुड़ा है। जानिए इस धोखाधड़ी का पूरा मामला और अनीश बाबू की गिरफ्तारी की कहानी।

Key Takeaways

  • अनीश बाबू ने काजू व्यापारियों से धोखाधड़ी की है।
  • जांच में 24.76 करोड़ रुपये की हेराफेरी का खुलासा हुआ।
  • अनीश बाबू को न्यायिक हिरासत में भेजा गया है।
  • आगे की जांच में अपराध से अर्जित धन का पता लगाया जाएगा।
  • यह मामला व्यापारियों की सुरक्षा के लिए महत्वपूर्ण है।

कोच्चि, 15 जनवरी (राष्ट्र प्रेस)। कोच्चि में स्थित प्रवर्तन विभाग ने कोल्लम के 35 वर्षीय अनीश बाबू को 14 जनवरी 2026 को गिरफ्तार किया है। उन पर काजू व्यापारियों को धोखा देने का गंभीर आरोप है।

जांच में खुलासा हुआ है कि अनीश बाबू ने अपनी कंपनियों के माध्यम से व्यापारियों से बड़ी मात्रा में धन हड़प लिया और उन्हें यह झूठा आश्वासन दिया कि वे अफ्रीका से कच्चे काजू का आयात और आपूर्ति करेंगे। उन्होंने व्यापारियों को धोखा देने के लिए नकली दस्तावेज, जैसे चालान, संदेश और चेक प्रस्तुत किए।

जांच में यह भी पाया गया कि व्यापारियों से लगभग 24.76 करोड़ रुपए की रकम ली गई, लेकिन न तो काजू प्रदान किए गए और न ही पैसे वापस किए गए। कुछ धन विदेश भेज दिया गया और कुछ को छुपा लिया गया। इस तरह उन्होंने अपराध से अर्जित धन का उपयोग किया और उसे छुपाने के साथ-साथ विदेशी खातों में रखा। यह एक गंभीर अपराध है।

जांच के दौरान, अनीश बाबू को कई बार बुलाया गया, लेकिन वह केवल एक बार 3 जनवरी 2025 को पेश हुए। अन्य बार उन्होंने जांच में सहयोग नहीं किया और आवश्यक दस्तावेज भी प्रस्तुत नहीं किए। उनकी अग्रिम जमानत की याचिकाएँ निचली अदालत, उच्च न्यायालय और सर्वोच्च न्यायालय में खारिज कर दी गई थीं।

14 जनवरी 2026 को अनीश बाबू का बयान दर्ज किया गया, जिसमें उन्होंने महत्वपूर्ण जानकारी छुपाई और विदेश में धन रखने की बात नहीं की। जांच अधिकारियों ने यह तय किया कि सबूतों में छेड़छाड़, गवाहों पर प्रभाव डालने और कानूनी प्रक्रिया से बचने की संभावना है, इसलिए उन्हें गिरफ्तार किया गया।

उन्हें 15 जनवरी 2026 को विशेष न्यायालय में पेश किया गया, जहाँ उन्हें 19 जनवरी तक न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया।

अधिकारियों का कहना है कि अब वे यह पता लगाने का प्रयास करेंगे कि अपराध से अर्जित धन का उपयोग कहाँ किया गया और इसमें और कौन-कौन लोग शामिल थे।

Point of View

NationPress
15/01/2026

Frequently Asked Questions

अनीश बाबू पर क्या आरोप हैं?
अनीश बाबू पर काजू व्यापारियों को धोखा देने का आरोप है, जिसमें उन्होंने बड़ी रकम ली और काजू सप्लाई का झूठा वादा किया।
जांच में क्या खुलासा हुआ?
जांच में पता चला कि अनीश बाबू ने व्यापारियों से 24.76 करोड़ रुपये लिए, लेकिन काजू नहीं दिए और न ही पैसे लौटाए।
अनीश बाबू को कब गिरफ्तार किया गया?
अनीश बाबू को 14 जनवरी 2026 को गिरफ्तार किया गया और उन्हें 15 जनवरी 2026 को न्यायालय में पेश किया गया।
इस मामले में आगे क्या होगा?
अधिकारियों का कहना है कि वे यह पता लगाएंगे कि अपराध से अर्जित धन का उपयोग कहाँ किया गया और इसमें और कौन लोग शामिल थे।
क्या अनीश बाबू ने जांच में सहयोग किया?
अनीश बाबू ने जांच में केवल एक बार सहयोग किया और अन्य बार आवश्यक दस्तावेज भी प्रस्तुत नहीं किए।
Nation Press