प्रधानमंत्री आवास योजना से 4 करोड़ पक्के घर, 2014 के बाद लाखों परिवारों की बदली तकदीर: हर्ष संघवी
सारांश
मुख्य बातें
गुजरात के उपमुख्यमंत्री हर्ष संघवी ने 19 जून 2026 को गांधीनगर स्थित नेशनल फॉरेंसिक साइंसेज यूनिवर्सिटी (NFSU) में आयोजित 'नमो युवा संवाद: विकसित भारत ब्लूप्रिंट' कार्यक्रम में कहा कि 2014 के बाद से प्रधानमंत्री आवास योजना के अंतर्गत देशभर में 4 करोड़ से अधिक पक्के मकान बनाए जा चुके हैं। उनके अनुसार, इस पहल ने झोपड़ियों और अस्थायी आवासों में जीवन बिताने वाले लाखों गरीब परिवारों को सम्मानजनक जीवन का अवसर दिया है।
मुख्य घटनाक्रम
यह कार्यक्रम प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के शासन के 12 वर्ष पूरे होने के उपलक्ष्य में आयोजित किया गया था। संघवी ने युवाओं और छात्रों से सीधे संवाद करते हुए 'विकसित भारत 2047' के लक्ष्यों पर चर्चा की। उन्होंने स्पष्ट किया कि वह इस मंच पर भाषण देने नहीं, बल्कि युवाओं के विचार और अनुभव सुनने आए हैं। कार्यक्रम के दौरान उन्होंने गुजरात साहित्य अकादमी के अध्यक्ष भाग्येश झा द्वारा लिखित पुस्तक 'नरेंद्र मोदी एक सर्जक' का विमोचन भी किया।
विकास के आँकड़े और दावे
संघवी ने कहा कि 2014 से पहले देश के गरीब और मध्यम वर्ग के आधे से अधिक परिवार बैंकिंग व्यवस्था से बाहर थे, जबकि अब उनके पास बैंक खाते हैं और वे वित्तीय सेवाओं से जुड़ चुके हैं। बुनियादी ढाँचे के संदर्भ में उन्होंने दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेसवे और अटल टनल जैसी परियोजनाओं का उल्लेख किया, जिन्होंने यात्रा समय और ईंधन की खपत में उल्लेखनीय कमी की है। उन्होंने यह भी कहा कि 2026 तक भारत में स्वतंत्रता से लेकर 2014 तक बने हवाई अड्डों की तुलना में ढाई गुना अधिक हवाई अड्डों का विकास किया जा चुका है।
परिवहन और कनेक्टिविटी
उड़ान योजना का उल्लेख करते हुए संघवी ने कहा कि अब आम नागरिक और वरिष्ठ नागरिक भी किफायती दरों पर हवाई यात्रा का लाभ उठा पा रहे हैं। रेल संपर्क के विषय में उन्होंने कहा कि वंदे भारत एक्सप्रेस और प्रस्तावित बुलेट ट्रेन न केवल समय की बचत करेंगी, बल्कि रोज़गार के लिए नियमित यात्रा करने वाले लाखों लोगों के सामाजिक जीवन पर भी सकारात्मक प्रभाव डालेंगी। गौरतलब है कि गिफ्ट सिटी — जिसे कभी आलोचकों ने 'दिवास्वप्न' कहा था — आज एक वैश्विक वित्तीय केंद्र के रूप में स्थापित हो चुकी है, ऐसा उन्होंने कहा।
युवाओं से संदेश
संघवी ने युवा उद्यमियों को अल्पकालिक लाभ के बजाय दीर्घकालिक और टिकाऊ व्यवसाय मॉडल अपनाने की सलाह दी। सोशल मीडिया पर अपुष्ट अफवाहों और गलत सूचनाओं से दूर रहने की अपील करते हुए उन्होंने कहा कि तथ्यात्मक जानकारी ही विकास का आधार है। उन्होंने कहा, 'विकसित भारत 2047' देश के लगभग 140 करोड़ लोगों के सामूहिक विकास का संकल्प है। युवाओं को प्रेरित करते हुए उन्होंने कहा, 'जब भी आप निराश महसूस करें, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के जीवन और उनकी पुस्तकों के बारे में पढ़ें तथा मेहनत के ज़रिए आगे बढ़ने का रास्ता खोजें।' स्वच्छ भारत अभियान का उल्लेख करते हुए उन्होंने सार्वजनिक स्थानों पर स्वच्छता बनाए रखने की अपील की और कहा कि बच्चों में बढ़ती स्वच्छता-जागरूकता भविष्य के स्वच्छ भारत की नींव है।
आगे की राह
यह कार्यक्रम युवाओं को विकसित भारत के लक्ष्य में सक्रिय भागीदारी के लिए प्रेरित करने और उनके विचारों को देश के विकास एजेंडे से जोड़ने के उद्देश्य से आयोजित किया गया था। संघवी के अनुसार, 2014 के बाद कृषि, अर्थव्यवस्था, परिवहन, कानून-व्यवस्था तथा युवा और महिला सशक्तिकरण जैसे क्षेत्रों में हुई प्रगति का लाभ देशभर के नागरिकों तक पहुँचा है। आने वाले वर्षों में इन योजनाओं की सफलता इस बात पर निर्भर करेगी कि ज़मीनी स्तर पर क्रियान्वयन कितना प्रभावी रहता है।