क्या गणपति उत्सव और मराठा आंदोलन के संदर्भ में मुंबई में पुलिसकर्मियों की छुट्टियां रद्द की गईं?

सारांश
Key Takeaways
- गणेशोत्सव के दौरान कानून-व्यवस्था बनाए रखना आवश्यक है।
- पुलिसकर्मियों की छुट्टियां रद्द करके अतिरिक्त सुरक्षा सुनिश्चित की गई है।
- पुलिस ने सभी अधिकारियों को ड्यूटी पर कर्मियों को बुलाने का निर्देश दिया है।
- आंदोलनों के संभावित प्रभाव को ध्यान में रखते हुए सख्त कदम उठाए गए हैं।
- मुंबई पुलिस की तैयारियां किसी भी अप्रिय स्थिति से निपटने के लिए हैं।
मुंबई, 29 अगस्त (राष्ट्र प्रेस)। गणेशोत्सव और मराठा आरक्षण आंदोलन को ध्यान में रखते हुए, मुंबई पुलिस ने एक महत्वपूर्ण निर्णय लिया है। मुंबई पुलिस के लोकल आर्म्स विभाग में तैनात सभी पुलिसकर्मियों की छुट्टियां तत्काल प्रभाव से रद्द कर दी गई हैं। यह सख्त कदम पुलिस बल पर बढ़ते दबाव और कानून-व्यवस्था बनाए रखने के उद्देश्य से उठाया गया है।
मुंबई पुलिस के सशस्त्र बल नायगांव (लोकल आर्म्स डिवीजन) के वरिष्ठ पुलिस निरीक्षक ने एक आधिकारिक पत्र जारी कर इस निर्णय की जानकारी दी। आदेश में स्पष्ट रूप से कहा गया है कि जो पुलिसकर्मी चिकित्सीय अवकाश, अर्जित अवकाश, साधारण अवकाश या किसी अन्य कारण से गैरहाजिर हैं, उन्हें तुरंत ड्यूटी पर लौटने के निर्देश दिए गए हैं।
राज्यभर में गणपति उत्सव के उत्साह के साथ-साथ मराठा आरक्षण आंदोलन भी तेज हो चुका है। हजारों की संख्या में मराठा समाज के लोग मुंबई की ओर बढ़ रहे हैं, जिससे महानगर में कानून और व्यवस्था बनाए रखना एक बड़ी चुनौती बन गई है।
इन परिस्थितियों को देखते हुए पुलिस बल पर भारी दबाव बढ़ गया है। ड्यूटी पर तैनात पुलिसकर्मी पहले से ही लंबे समय तक काम कर रहे हैं, और अब अतिरिक्त भीड़, रैलियों और जुलूसों के चलते पुलिस की संख्या बढ़ाना आवश्यक हो गया है। इसलिए वरिष्ठ अधिकारियों ने यह फैसला लिया है कि फिलहाल किसी भी पुलिसकर्मी को छुट्टी नहीं दी जाएगी।
पुलिस विभाग के अनुसार, यह आदेश तब तक प्रभावी रहेगा जब तक गणेशोत्सव शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न नहीं हो जाता और मराठा आंदोलन से संबंधित स्थिति सामान्य नहीं हो जाती। आदेश में कहा गया है कि कानून-व्यवस्था की स्थिति पर लगातार नजर रखी जा रही है, और आवश्यकता पड़ने पर और भी सख्त कदम उठाए जा सकते हैं।
गौरतलब है कि मुंबई में गणेशोत्सव के दौरान भारी संख्या में लोग सार्वजनिक पंडालों और झांकियों में शामिल होते हैं। इसके साथ ही मराठा आरक्षण को लेकर चल रहे आंदोलनों के कारण बड़े प्रदर्शन और सभाएं भी हो रही हैं।
मुंबई पुलिस ने सभी अधिकारियों को निर्देशित किया है कि वे अपने अधीनस्थ कर्मियों से संपर्क कर उन्हें शीघ्र ड्यूटी पर बुलाएं ताकि किसी भी अप्रिय स्थिति से निपटने के लिए पुलिस बल पूरी तरह तैयार रहे।