क्या पश्चिम बंगाल में बीडीओ कार्यालय में तोड़फोड़ का मामला गंभीर है?
सारांश
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कोलकाता, 15 जनवरी (राष्ट्र प्रेस)। पश्चिम बंगाल के मुर्शिदाबाद के फरक्का के बाद, उत्तरी दिनाजपुर जिले के चाकुलिया क्षेत्र में एक और बीडीओ कार्यालय में तोड़फोड़ की घटना सामने आई है। गुरुवार को, राज्य में मतदाता सूची के विशेष गहन संशोधन (एसआईआर) के विरोध में प्रदर्शन के दौरान चाकुलिया के गोरखपुर द्वितीय बीडीओ कार्यालय में तोड़फोड़ और आगजनी के आरोप लगे।
पुलिस सूत्रों के अनुसार, कई प्रदर्शनकारियों ने राज्य राजमार्ग को अवरुद्ध कर दिया और प्रदर्शन किया। एसआईआर सुनवाई के लिए बुलाए गए लोग मुख्य रूप से इस विरोध में शामिल थे।
सूत्रों ने बताया कि बीडीओ कार्यालय में तोड़फोड़ के समय एक प्रभारी अधिकारी (आईसी) घायल हो गए। चुनाव आयोग ने इस घटना पर सख्त रुख अपनाया है। बीडीओ ने चाकुलिया पुलिस स्टेशन में अपनी शिकायत दर्ज कराई है, जिसे अब एफआईआर में बदल दिया गया है।
पुलिस के अनुसार, गुरुवार सुबह कई लोगों ने चाकुलिया के कहाटा क्षेत्र में राज्य राजमार्ग को अवरुद्ध कर दिया।
प्रदर्शनकारियों में वे लोग शामिल थे, जिन्हें एसआईआर सुनवाई के लिए बुलाया गया था। इससे यातायात बाधित हुआ और भीषण जाम लग गया। इसी बीच, बीडीओ कार्यालय में तोड़फोड़ की घटनाएँ भी हुईं।
सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची। चाकुलिया पुलिस स्टेशन में बीडीओ द्वारा दी गई शिकायत के अनुसार, सुबह लगभग 9:30 बजे लगभग 300 लोगों ने बीडीओ कार्यालय में जबरन घुसने की कोशिश की। पुलिस ने उन्हें रोकने का प्रयास किया, लेकिन स्थिति को नियंत्रण में लाने में असफल रही।
आरोप है कि प्रदर्शनकारियों ने कार्यालय में घुसकर इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों, कुर्सियों और मेजों को तोड़ दिया, साथ ही कई दस्तावेज़ों को भी नुकसान पहुँचाया।
बीडीओ कार्यालय ने अपनी शिकायत में उल्लेख किया कि चाकुलिया स्थित कार्यालय में लगभग 20 लाख रुपए की संपत्ति नष्ट हो गई।
यह भी आरोप है कि प्रदर्शनकारियों को रोकने की कोशिश करने पर पुलिस पर भी हमला किया गया। इस घटना में चाकुलिया पुलिस स्टेशन के प्रभारी अधिकारी घायल हो गए। कई लोगों को इलाज के लिए अस्पताल ले जाया गया।
एक पुलिस अधिकारी ने मीडियाकर्मियों को बताया कि इस्लामपुर पुलिस जिले में हाई अलर्ट जारी कर दिया गया है।