4 अगस्त 2026
LIVE
Get it on Google Play Download on the App Store

क्या पूजा पाल ने अखिलेश पर गंभीर आरोप लगाए?

शेयर करें:
ऑडियो वॉइस लोड हो रही है…
क्या पूजा पाल ने अखिलेश पर गंभीर आरोप लगाए?

सारांश

चायल की विधायक पूजा पाल ने अखिलेश यादव पर गंभीर आरोप लगाया है, जिसमें उन्होंने सपा की अपराधियों को संरक्षण देने की नीति की आलोचना की है। यह पत्र सोशल मीडिया पर वायरल हो गया है, जिसमें पूजा ने अपनी सुरक्षा को लेकर चिंता जताई है। क्या सपा के गुंडों से उन्हें खतरा है?

मुख्य बातें

पूजा पाल ने सपा पर गंभीर आरोप लगाए हैं।
उनकी सुरक्षा को लेकर चिंता व्यक्त की गई है।
अखिलेश यादव की सरकार में उनके पति की हत्या हुई थी।
सपा ने माफिया को चुनावी समर्थन दिया है।
पूजा ने जनता के समर्थन का आभार व्यक्त किया।

लखनऊ, २५ अगस्त (राष्ट्र प्रेस)। चायल विधानसभा क्षेत्र की विधायक पूजा पाल ने समाजवादी पार्टी (सपा) के राष्ट्रीय अध्यक्ष और पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव पर गंभीर आरोप लगाया है। अपने पति राजू पाल की हत्या की पीड़ा को याद करते हुए, पूजा ने एक पत्र के माध्यम से अखिलेश यादव को संबोधित किया, जिसमें उन्होंने सपा की अपराधियों को संरक्षण देने की नीति और अपने निष्कासन पर तीखा हमला किया।

यह पत्र सोशल मीडिया पर तेजी से फैल गया है, जिसमें पूजा ने अपनी सुरक्षा को लेकर गहरी चिंता जताई। उन्होंने कहा कि जब मेरे पति की हत्या हुई थी, उस समय राज्य में समाजवादी पार्टी की सरकार थी, इसलिए मुझे डर है कि सपा के पोषित गुंडे मेरी हत्या करवा सकते हैं।

पूजा ने पत्र में उल्लेख किया कि २००५ में उनके पति की सपा शासनकाल में दौड़ा-दौड़ाकर हत्या की गई थी। उस समय प्रयागराज के मुख्य मार्गों पर एके-47 से घंटों फायरिंग की गई थी। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि सपा ने माफिया अतीक अहमद के भाई अशरफ को उनके और उनके पति के खिलाफ तीन चुनावों में प्रत्याशी बनाकर खड़ा किया।

उन्होंने कहा कि जब मुझे सहारे की आवश्यकता थी, तब सपा ने मेरे पति के हत्यारे को मेरे खिलाफ खड़ा किया। लेकिन मेरे क्षेत्र की जनता और पाल समाज ने मेरा समर्थन किया और सपा के अपराधी प्रत्याशियों को हराया। पूजा ने इस समर्थन के लिए जनता और पाल समाज का आभार व्यक्त किया।

अखिलेश यादव की प्रेस कॉन्फ्रेंस में उनके बयान का हवाला देते हुए, जिसमें उन्होंने कहा कि सपा ने पूजा को टिकट देकर विधायक बनाया, लेकिन भाजपा ने उनका विरोध किया, पूजा ने स्पष्ट किया कि उनकी कोई मंत्री बनने की महत्वाकांक्षा नहीं थी। उनका उद्देश्य पति के हत्यारों को सजा दिलाना था। योगी सरकार ने उन्हें न्याय दिया और हत्यारों को मिट्टी में मिला दिया। लेकिन सपा आज भी अपराधियों को दूध पिलाकर पाप कर रही है, जिसे आने वाली पीढ़ियां माफ नहीं करेंगी।

पूजा ने अपने निष्कासन के कारण को भी स्पष्ट किया। उन्होंने कहा कि समाज में यह भ्रम है कि राज्यसभा चुनाव में क्रॉस वोटिंग के कारण उन्हें सपा से निकाला गया। यह गलत है। उनका निष्कासन तब हुआ जब उन्होंने सदन में माफिया अतीक अहमद का नाम लिया। सपा अपराधियों की बुराई बर्दाश्त नहीं कर सकी।

उन्होंने यह भी दावा किया कि इस कदम से अतीक अहमद के परिवार का मनोबल बढ़ा है, जिसमें अभी भी दर्जनों अपराधी मौजूद हैं। मौजूदा योगी सरकार के दबाव में वे चुप हो सकते हैं, लेकिन सपा के इस कदम से उनकी हिम्मत बढ़ी है, जिससे उन्हें अपनी जान का खतरा है।

पूजा ने सपा के पीडीए (पिछड़ा, दलित, अल्पसंख्यक) फॉर्मूले पर तंज करते हुए कहा कि अखिलेश इसका अर्थ बार-बार बदलते हैं। मैं एक छोटी, अभागी, बेसहारा पाल समाज की बेटी हूं। आप राष्ट्रीय अध्यक्ष और पूर्व मुख्यमंत्री हैं, फिर भी पीडीए पर स्थिर नहीं रह पाते।

उन्होंने सपा प्रदेश अध्यक्ष के केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह को लिखे पत्र का उल्लेख करते हुए कहा कि वे भी जांच की मांग करती हैं। उन्हें गृह मंत्री पर अटूट विश्वास है। इसकी जांच होनी चाहिए। अखिलेश के उस बयान पर कि मुख्यमंत्री से मिलने के बाद पूजा को खतरा कैसे बढ़ गया, पूजा ने पलटवार किया। उनके पति की हत्या सपा शासन में हुई थी। तब से आज तक किसी भी सरकार में ऐसा अपराध नहीं हुआ।

संपादकीय दृष्टिकोण

लेकिन यह भी महत्वपूर्ण है कि राजनीतिक आरोप-प्रत्यारोप की इस बौछार में सच्चाई क्या है। सपा और भाजपा दोनों को अपने अपने दृष्टिकोण को स्पष्ट करना चाहिए। जनता को निष्पक्ष और सत्यापित जानकारी मिलनी चाहिए।
RashtraPress
4 अगस्त 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

पूजा पाल ने अखिलेश यादव पर क्या आरोप लगाए हैं?
पूजा पाल ने अखिलेश यादव पर आरोप लगाया है कि सपा अपराधियों को संरक्षण देती है और उनके पति की हत्या के मामले में सपा की भूमिका को सवाल उठाया है।
क्या पूजा पाल की सुरक्षा को खतरा है?
पूजा पाल ने कहा है कि उन्हें सपा के गुंडों से जान का खतरा है, खासकर जब उनकी हत्या सपा शासन में हुई थी।
सपा ने पूजा पाल को क्यों निकाला?
पूजा पाल का कहना है कि उन्हें सपा से निकाला गया जब उन्होंने सदन में माफिया अतीक अहमद का नाम लिया।
राष्ट्र प्रेस
सिलसिला

जुड़े बिंदु

इस ख़बर के पीछे की कड़ियाँ — सबसे नई पहले।

8 बिंदु
  1. नवीनतम 11 महीने पहले
  2. 11 महीने पहले
  3. 11 महीने पहले
  4. 11 महीने पहले
  5. 11 महीने पहले
  6. 11 महीने पहले
  7. 11 महीने पहले
  8. 11 महीने पहले