अहमदाबाद एयरपोर्ट पर सीआईएसएफ ने नाकाम की तस्करी, 64.56 लाख रुपये की विदेशी मुद्रा जब्त
सारांश
Key Takeaways
- सीआईएसएफ ने अहमदाबाद एयरपोर्ट पर तस्करी को रोका।
- बरामद विदेशी मुद्रा की कुल राशि 64.56 लाख रुपये है।
- कस्टम अधिकारियों को मामले की जानकारी दी गई।
- सीआईएसएफ की सतर्कता ने तस्करों के इरादों को विफल किया।
- हवाई मार्ग से तस्करी के कई मामलों का सामना किया गया है।
अहमदाबाद, 13 मार्च (राष्ट्र प्रेस)। अहमदाबाद एयरपोर्ट पर सीआईएसएफ ने एक महत्वपूर्ण तस्करी को समय रहते नाकाम कर दिया है। सीआईएसएफ ने बिना घोषित की गई विदेशी मुद्रा छिपाकर ले जा रहे दो यात्रियों को पकड़ लिया है। बरामद की गई मुद्रा की कुल राशि लगभग 64.56 लाख रुपये है।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, एयरपोर्ट के डिपार्चर क्षेत्र में जब यात्रियों के हैंड बैगेज की जांच की जा रही थी, तब सीआईएसएफ के जवानों ने दो यात्रियों को रोका जो बड़ी मात्रा में विदेशी मुद्रा (डॉलर) छिपाकर विदेश ले जाने का प्रयास कर रहे थे। जांच के दौरान यह सामने आया कि यह मुद्रा लगभग 64.56 लाख रुपये की थी और इसे किसी भी रूप में घोषित नहीं किया गया था।
सीआईएसएफ कर्मियों ने तुरंत इस मामले की सूचना कस्टम अधिकारियों को दी। कस्टम अधिकारियों ने दोनों यात्रियों और बरामद की गई विदेशी मुद्रा को अपने कब्जे में लिया और आगे की कानूनी कार्रवाई की प्रक्रिया शुरू कर दी।
सीआईएसएफ ने शुक्रवार को अपने आधिकारिक सोशल मीडिया अकाउंट एक्स पर जानकारी साझा करते हुए बताया कि अहमदाबाद एयरपोर्ट पर सीआईएसएफ ने तस्करी की एक बड़ी कोशिश को नाकाम करके 64.56 लाख रुपये की विदेशी मुद्रा जब्त की।
उन्होंने कहा, "अहमदाबाद एयरपोर्ट पर सीआईएसएफ के जवानों ने हैंड बैगेज की स्क्रीनिंग के दौरान विदेश जाने वाले दो यात्रियों को रोका। उनके पास बड़ी मात्रा में बिना घोषित विदेशी मुद्रा (डॉलर) थी, जिसकी मूल्यांकन लगभग 64.56 लाख रुपये था। इस मामले की सूचना तुरंत कस्टम अधिकारियों को दी गई। विस्तृत जांच के बाद यात्रियों को बरामद विदेशी मुद्रा के साथ आवश्यक कार्रवाई के लिए कस्टम विभाग को सौंप दिया गया।"
गौर करने वाली बात यह है कि हवाई मार्ग से तस्करी के कई मामले अब तक सामने आ चुके हैं। अक्सर तस्कर बड़ी चालाकी से विभिन्न चीजों में छिपाकर सोने, पैसे या ड्रग्स की तस्करी करने का प्रयास करते हैं। हालाँकि, देश के सभी एयरपोर्ट पर उपस्थित सीआईएसएफ और चेकिंग स्टाफ की सतर्कता से ऐसे मामलों में त्वरित कार्रवाई कर तस्करों के इरादों को विफल कर दिया जाता है।