प्रधानमंत्री मोदी ने महिलाओं के सशक्तिकरण के लिए उठाया महत्वपूर्ण कदम: राजेंद्र शुक्ला
सारांश
Key Takeaways
- महिलाओं का सशक्तिकरण महत्वपूर्ण है।
- वंदे मातरम् का सम्मान आवश्यक है।
- इंदौर को मेडिकल हब में शामिल करने का प्रयास।
- यूसीसी का कार्यान्वयन जल्द होगा।
- राजनीतिक निर्णयों का सामाजिक प्रभाव होता है।
इंदौर, 10 अप्रैल (राष्ट्र प्रेस)। मध्य प्रदेश के उपमुख्यमंत्री राजेंद्र शुक्ला ने स्वास्थ्य विभाग की योजनाओं की गहन समीक्षा की। उन्होंने राष्ट्र प्रेस से बातचीत में बताया कि केंद्र सरकार का लक्ष्य देश में पांच मेडिकल हब का विकास करना है। हमारा प्रयास है कि इंदौर भी इन पांच मेडिकल हब में शामिल हो सके।
विधायक गोलू शुक्ला के बयान पर उठे विवाद पर उपमुख्यमंत्री ने कहा कि जो लोग वंदे मातरम् का अपमान करते हैं, वे वास्तव में देश का अपमान कर रहे हैं। यह गीत देश की एकता का प्रतीक है, जिसे तब रचा गया था जब देश को एकजुट होने की आवश्यकता थी। वंदे मातरम् के गाने से देश में एक नई ऊर्जा का संचार हुआ था।
उन्होंने कहा कि यदि कोई वंदे मातरम् का अपमान करता है, तो उसे नजरअंदाज करना चाहिए। प्रधानमंत्री ने इसे लेकर लोकसभा में विस्तृत वक्तव्य दिया और निर्देश जारी किए कि वंदे मातरम् को सिर्फ एक-दो लाइन गाकर समाप्त नहीं करना है। इसे राष्ट्रगान की तरह पूरा गाने की परंपरा शुरू की गई है।
राजेंद्र शुक्ला ने यूसीसी के संबंध में कहा कि भाजपा का यह मुद्दा अब लागू होना है। अनुच्छेद 370 खत्म हो चुका है, राम मंदिर का निर्माण हो चुका है, और एनआरसी लागू हो गया है। आने वाले समय में हम यूसीसी को लागू होते देखेंगे।
महिला आरक्षण विधेयक पर उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी ने देश की महिलाओं को सशक्त बनाने का निर्णय लिया है।
विधायक गोलू सिंह ने कहा कि वंदे मातरम् नहीं गाने का विरोध करना अत्यंत दुर्भाग्यपूर्ण है क्योंकि यह राष्ट्रीय गीत है।