क्या पंजाब सीएम भगवंत मान 15 जनवरी को श्री अकाल तख्त साहिब के सामने हाजिर होंगे?
सारांश
Key Takeaways
- भगवंत मान का श्री अकाल तख्त साहिब के सामने पेश होना एक महत्वपूर्ण राजनीतिक कदम है।
- उन्हें औपचारिक समन के तहत बुलाया गया है।
- भाजपा ने इस मामले में जांच की मांग की है।
चंडीगढ़, 13 जनवरी (राष्ट्र प्रेस)। पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान ने जानकारी दी है कि वे 15 जनवरी को श्री अकाल तख्त साहिब के सामने हाजिर होंगे। श्री अकाल तख्त साहिब ने मुख्यमंत्री भगवंत मान को एक औपचारिक समन जारी किया था, जिसमें उनसे 15 जनवरी को व्यक्तिगत रूप से उपस्थित होकर अपना पक्ष प्रस्तुत करने के लिए कहा गया है।
मुख्यमंत्री भगवंत मान ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'एक्स' पर जानकारी साझा करते हुए बताया कि वे 15 जनवरी को सुबह 10 बजे उपस्थित होने के लिए तत्पर हैं।
जत्थेदार श्री अकाल तख्त साहिब को संबोधित करते हुए भगवंत मान ने लिखा, "15 जनवरी को मेरा कोई अन्य कार्य नहीं है। मैंने राष्ट्रपति के कार्यालय को भी इस संबंध में सूचित कर दिया है। आपके आदेशानुसार, 15 जनवरी का दिन पूरी तरह से श्री अकाल तख्त साहिब को समर्पित है। समय में कोई परिवर्तन नहीं किया गया है। मैं 15 जनवरी को सुबह 10 बजे उपस्थित होने के लिए तैयार हूं।"
हालांकि, श्री अकाल तख्त साहिब ने भगवंत मान को 15 जनवरी को शाम 4:30 बजे पेश होने का समय निर्धारित किया है। एक आधिकारिक पत्र में कहा गया, "5 जनवरी के पत्र के अनुसार, आपको 15 जनवरी को सुबह 10 बजे श्री अकाल तख्त साहिब, श्री अमृतसर में अपनी सफाई देने के लिए बुलाया गया था, लेकिन आपके द्वारा जारी बयान में आपकी व्यस्तता का उल्लेख किया गया है। इसलिए, जत्थेदार श्री अकाल तख्त साहिब के आदेश के अनुसार, अब आपको 15 जनवरी को शाम 04:30 बजे श्री अकाल तख्त साहिब पहुंचना है।"
इस बीच, भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) मुख्यमंत्री भगवंत मान के एक कथित वीडियो की जांच की मांग कर रही है। भाजपा के पंजाब इकाई के प्रमुख सुनील जाखड़ ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'एक्स' पर लिखा, "पंजाब पुलिस, जिसने दिल्ली की पूर्व मुख्यमंत्री आतिशी के वीडियो की फॉरेंसिक जांच एक दिन में पूरी कर ली थी, दिल्ली विधानसभा स्पीकर के 48 घंटे में जवाब मांगने के अनुरोध पर जवाब देने के लिए 10 दिन मांग रही है। दूसरी ओर, हम लगातार मुख्यमंत्री के चेहरे से मिलते-जुलते वीडियो की जांच की मांग कर रहे हैं, उस पर पुलिस चुप क्यों है?"
सुनील जाखड़ ने सोमवार को पंजाब के जीडीपी को भी एक पत्र लिखा था। उन्होंने कहा कि पंजाब के मुख्यमंत्री का कथित तौर पर अपमानजनक व्यवहार और बेअदबी दिखाने वाला एक वीडियो वायरल हो रहा है। इस मामले में डीजीपी को पत्र लिखकर तुरंत फॉरेंसिक जांच और उचित कानूनी कार्रवाई की मांग की गई है।